{"_id":"6251ee3659f27e1c7b389efe","slug":"farmers-picketing-vehicles-passing-without-paying-toll-kurukshetra-kurukshetra-news-knl104449260","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसानों का धरना, बिना टोल दिए गुजरे वाहन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसानों का धरना, बिना टोल दिए गुजरे वाहन
विज्ञापन
अंबाला हिसार हाईवे पर गांव थाना के निकट टोल प्लाजा पर प्रदर्शन करते भारतीय किसान यूनियन के अध्यक?
- फोटो : Kurukshetra
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र/पिहोवा। किसानों की मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन चढूनी ग्रुप ने अंबाला हिसार हाईवे पर गांव थाना प्लाजा पर धरना दिया। इस दौरान यूनियन के आह्वान पर सुबह 10 से दोपहर एक बजे तक टोल प्लाजा को फ्री किया गया। सैकड़ों वाहन बिना टोल दिए सड़क से गुजरे। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में जमकर नारेबाजी की।
किसानों के बीच पहुंचे गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सात अप्रैल को गेहूं के दाम में 370 अमेरिकी डॉलर प्रति टन यानी लगभग 2800 रुपये प्रति क्विंटल का दाम सामने आया है, जबकि कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 2083 रुपये प्रति क्विंटल दाम होना चाहिए। 2021-22 में डीजल खाद व बीज के दामों में बेतहाशा वृद्धि के कारण लागत बढ़ गई है, लेकिन सरकार ने 2015 रुपये एमएसपी दिया है, जो लागत मूल्य से भी कम है।
उधर, बेमौसम की बरसात के कारण गेहूं की पैदावार में कमी आई है। लिहाजा किसानों को 500 रुपये प्रति क्विंटल बोनस सरकार की तरफ से दिया जाना चाहिए। इसके अलावा यूनियन की मांग है कि सभी टोल प्लाजा पर हरियाणा के युवाओं को टोल कर्मी नौकरी में प्राथमिकता दी जाए, टोल प्लाजा से 15 किमी के दायरे में आने वाले गांवों को टोल फ्री रखा जाए। सभी राजमार्गों पर किसान व कृषि से जुड़े साधन ट्रैक्टर, कंबाइन आदि को टोल फ्री रखा जाए।
विज्ञापन
उन्होंने टोल प्लाजा पर फास्ट टैग अनिवार्य कर परंपरागत पर्ची सिस्टम को पूर्ण रूप से बंद कर दिया गया है। फास्ट टैग न होने की स्थिति में जुर्माना स्वरूप दोगुना टोल आम जनता से वसूला जा रहा है। जिसे बंद किया जाना चाहिए। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो उन्हें मजबूरन सभी टोल प्लाजा को फिर से शुल्क फ्री करने का कदम उठाना पड़ेगा। इस मौके पर कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष कर्म सिंह मथाना, प्रवक्ता प्रिंस वड़ैच, जिला प्रधान कृष्ण कलाल माजरा, महावीर चहल, विक्रम कसाना, गुरनाम सिंह फ़रल, गगनदीप विर्क व जोगिंदर काजल व सैकड़ों किसान मौजूद रहे।
अंतरराष्ट्रीय भाव के अनुसार गेहूं खरीदा जाए : गुरनाम
इस्माईलाबाद। भारतीय किसान यूनियन चढूनी ग्रुप द्वारा ब्लाक प्रधान गुरनाम सिंह चम्मूकलां की अध्यक्षता सैनी माजरा टोल टैक्स पर तीन घंटे का सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान टोल प्लाजा फ्री रखा।
ब्लॉक प्रधान गुरनाम सिंह ने कहा कि सरकार किसानों के उत्थान के जो निर्णय लेने चाहिए थे, उन्हें लागू नहीं कर रही है। कहा कि सरकार राजनीति कर किसानों को परेशान कर रही है। कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार के भाव के अनुसार गेहूं 2800 रुपये प्रति क्विंटल बिकना चाहिए, लेकिन सरकार किसानों को मात्र 2015 रुपये दे रही है। खाद, डीजल व दवाइयों के दाम आसमान को छू रहे है। सरकार को किसानों के लिए तेल पर विशेष छूट देनी चाहिए।
इसके अलावा इस वर्ष गेहूं पर बेमौसम की बरसात की मार अधिक पड़ने से गेहूं की पैदावार प्रभावित हुई है। पैदावार 10 से 12 क्विंटल प्रति एकड़ पर ही रह गई है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान हुआ है। सरकार किसानों को गेहूं पर 500 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दे, ताकि किसान आर्थिक मार से बच सके।
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र/पिहोवा। किसानों की मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन चढूनी ग्रुप ने अंबाला हिसार हाईवे पर गांव थाना प्लाजा पर धरना दिया। इस दौरान यूनियन के आह्वान पर सुबह 10 से दोपहर एक बजे तक टोल प्लाजा को फ्री किया गया। सैकड़ों वाहन बिना टोल दिए सड़क से गुजरे। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने अपनी मांगों के समर्थन में जमकर नारेबाजी की।
किसानों के बीच पहुंचे गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सात अप्रैल को गेहूं के दाम में 370 अमेरिकी डॉलर प्रति टन यानी लगभग 2800 रुपये प्रति क्विंटल का दाम सामने आया है, जबकि कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 2083 रुपये प्रति क्विंटल दाम होना चाहिए। 2021-22 में डीजल खाद व बीज के दामों में बेतहाशा वृद्धि के कारण लागत बढ़ गई है, लेकिन सरकार ने 2015 रुपये एमएसपी दिया है, जो लागत मूल्य से भी कम है।
विज्ञापन
उधर, बेमौसम की बरसात के कारण गेहूं की पैदावार में कमी आई है। लिहाजा किसानों को 500 रुपये प्रति क्विंटल बोनस सरकार की तरफ से दिया जाना चाहिए। इसके अलावा यूनियन की मांग है कि सभी टोल प्लाजा पर हरियाणा के युवाओं को टोल कर्मी नौकरी में प्राथमिकता दी जाए, टोल प्लाजा से 15 किमी के दायरे में आने वाले गांवों को टोल फ्री रखा जाए। सभी राजमार्गों पर किसान व कृषि से जुड़े साधन ट्रैक्टर, कंबाइन आदि को टोल फ्री रखा जाए।
विज्ञापन
उन्होंने टोल प्लाजा पर फास्ट टैग अनिवार्य कर परंपरागत पर्ची सिस्टम को पूर्ण रूप से बंद कर दिया गया है। फास्ट टैग न होने की स्थिति में जुर्माना स्वरूप दोगुना टोल आम जनता से वसूला जा रहा है। जिसे बंद किया जाना चाहिए। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो उन्हें मजबूरन सभी टोल प्लाजा को फिर से शुल्क फ्री करने का कदम उठाना पड़ेगा। इस मौके पर कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष कर्म सिंह मथाना, प्रवक्ता प्रिंस वड़ैच, जिला प्रधान कृष्ण कलाल माजरा, महावीर चहल, विक्रम कसाना, गुरनाम सिंह फ़रल, गगनदीप विर्क व जोगिंदर काजल व सैकड़ों किसान मौजूद रहे।
अंतरराष्ट्रीय भाव के अनुसार गेहूं खरीदा जाए : गुरनाम
इस्माईलाबाद। भारतीय किसान यूनियन चढूनी ग्रुप द्वारा ब्लाक प्रधान गुरनाम सिंह चम्मूकलां की अध्यक्षता सैनी माजरा टोल टैक्स पर तीन घंटे का सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान टोल प्लाजा फ्री रखा।
ब्लॉक प्रधान गुरनाम सिंह ने कहा कि सरकार किसानों के उत्थान के जो निर्णय लेने चाहिए थे, उन्हें लागू नहीं कर रही है। कहा कि सरकार राजनीति कर किसानों को परेशान कर रही है। कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार के भाव के अनुसार गेहूं 2800 रुपये प्रति क्विंटल बिकना चाहिए, लेकिन सरकार किसानों को मात्र 2015 रुपये दे रही है। खाद, डीजल व दवाइयों के दाम आसमान को छू रहे है। सरकार को किसानों के लिए तेल पर विशेष छूट देनी चाहिए।
इसके अलावा इस वर्ष गेहूं पर बेमौसम की बरसात की मार अधिक पड़ने से गेहूं की पैदावार प्रभावित हुई है। पैदावार 10 से 12 क्विंटल प्रति एकड़ पर ही रह गई है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान हुआ है। सरकार किसानों को गेहूं पर 500 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दे, ताकि किसान आर्थिक मार से बच सके।