{"_id":"623a2d93bb686c0a1e303faa","slug":"everyone-will-have-to-take-a-pledge-for-water-conservation-kurukshetra-kurukshetra-news-knl102588670","type":"story","status":"publish","title_hn":"जल संरक्षण के लिए सभी को लेना होगा संकल्प","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जल संरक्षण के लिए सभी को लेना होगा संकल्प
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। विश्व जल दिवस पर देश के प्रत्येक नागरिक को जल संरक्षण करने के लिए संकल्प लेने की जरूरत है। जब एक-एक व्यक्ति पानी की एक-एक बूंद को बचाने के प्रति अपनी सोच रखेगा तभी सरकार और संस्थानों के प्रयास सफल हो पाएंगे। इस कार्य में कुरुक्षेत्र की नीर संस्था एक सराहनीय कार्य कर रही है। ये बाते उपायुक्त मुकुल कुमार ने कहीं।
वे आजादी के अमृत महोत्सव के कार्यक्रमों की श्रृंखला में मंगलवार को विश्व जल दिवस को लेकर कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के सरस्वती हेरिटेज बोर्ड कार्यालय में हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड व नीर संस्था के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। उपायुक्त ने जल बचाने की शपथ दिलाते हुए कहा कि जल संसाधनों और प्रभावी जल प्रबंधन के बिना राष्ट्र का विकास संभव नहीं है। उन्होंने जिला वासियों से जल संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए जल को व्यर्थ बहने से रोकने का संकल्प लेने व पानी की एक-एक बूंद को बचाने का आह्वान किया।
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति सोमनाथ सचदेवा ने कहा कि हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड व नीर संस्था के सांझे प्रयास निश्चित ही जल बचाने के प्रति लोगों को जागरूक करेंगे। आज प्रत्येक नागरिक को जल की महत्ता को समझना चाहिए और जल संरक्षण की दिशा में सरकार व प्रशासन द्वारा किए जा रहे प्रयासों में अपनी भागीदारी को सुनिश्चित करना चाहिए। हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष धुमन सिंह किरमच ने कहा कि अगर जल नहीं होगा तो न आजादी होगी और न ही लोगों को पीने के लिए पानी मिलेगा। इसलिए आजादी के अमृत महोत्सव की इस श्रृंखला पर नीर संस्था के तत्वावधान में विश्व जल दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। विश्व जल दिवस पर देश के प्रत्येक नागरिक को जल संरक्षण करने के लिए संकल्प लेने की जरूरत है। जब एक-एक व्यक्ति पानी की एक-एक बूंद को बचाने के प्रति अपनी सोच रखेगा तभी सरकार और संस्थानों के प्रयास सफल हो पाएंगे। इस कार्य में कुरुक्षेत्र की नीर संस्था एक सराहनीय कार्य कर रही है। ये बाते उपायुक्त मुकुल कुमार ने कहीं।
वे आजादी के अमृत महोत्सव के कार्यक्रमों की श्रृंखला में मंगलवार को विश्व जल दिवस को लेकर कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के सरस्वती हेरिटेज बोर्ड कार्यालय में हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड व नीर संस्था के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। उपायुक्त ने जल बचाने की शपथ दिलाते हुए कहा कि जल संसाधनों और प्रभावी जल प्रबंधन के बिना राष्ट्र का विकास संभव नहीं है। उन्होंने जिला वासियों से जल संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए जल को व्यर्थ बहने से रोकने का संकल्प लेने व पानी की एक-एक बूंद को बचाने का आह्वान किया।
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति सोमनाथ सचदेवा ने कहा कि हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड व नीर संस्था के सांझे प्रयास निश्चित ही जल बचाने के प्रति लोगों को जागरूक करेंगे। आज प्रत्येक नागरिक को जल की महत्ता को समझना चाहिए और जल संरक्षण की दिशा में सरकार व प्रशासन द्वारा किए जा रहे प्रयासों में अपनी भागीदारी को सुनिश्चित करना चाहिए। हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष धुमन सिंह किरमच ने कहा कि अगर जल नहीं होगा तो न आजादी होगी और न ही लोगों को पीने के लिए पानी मिलेगा। इसलिए आजादी के अमृत महोत्सव की इस श्रृंखला पर नीर संस्था के तत्वावधान में विश्व जल दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
विज्ञापन