फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   किसान बोले, जमीन नहीं दादूपुर नलवी नहर चाहिए

किसान बोले, जमीन नहीं दादूपुर नलवी नहर चाहिए

Sun, 05 Nov 2017 12:03 AM IST
Updated Sun, 05 Nov 2017 12:03 AM IST
विज्ञापन
किसान बोले, जमीन नहीं दादूपुर नलवी नहर चाहिए
किसान बोले, जमीन नहीं दादूपुर नलवी नहर चाहिए
विज्ञापन


अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद। शाहाबाद के मार्केट कार्यालय में पूर्व विधायक अनिल धंतौड़ी के नेतृत्व में दादूपुर नलवी नहर के निर्माण की मांग को लेकर चल रहे धरने में शनिवार को नया मोड़ आ गया। शनिवार को वह किसान क्रमिक अनशन पर बैठे, जिनकी जमीन इस नहर के निर्माण के बीच आई है। इन किसानों ने मांग की कि उन्हें अपनी जमीन वापस नहीं चाहिए, बल्कि उन्हें दादूपुर नहर का निर्माण चाहिए। सभी किसान निर्माण में गई जमीन के दस्तावेजों पर खून से अंगूठा लगाकर अपने साथ लाए थे। उन्होंने कहा कि यह दस्तावेज मुख्यमंत्री को सौंपे जाएंगे। इससे मुख्यमंत्री को पता चलेगा कि नहर के निर्माण के लिए किसान अपना खून देने के लिए भी तैयार है।

अब क्रमिक अनशन 34वें दिन में प्रवेश कर गया है। इसकी शुरुआत रणधीर कश्यप, गुरदीप दीपा गौरी पुर और संदीप संभालखी ने की। रामकुमार जंधेड़ी, रमेश, राजपाल, जय नारायण, जीत राम, गुरनाम सिंह, अमित, अमरजीत, बलवान सिंह, नीरज कुमार क्रमिक अनशन पर बैठे। रणधीर कश्यप ने किसानों की ओर से राज्यपाल से मांग की कि प्रदेश सरकार पर इस निर्णय को वापस लेने के निर्देश दे। उन्होंने कहा कि कहा कि दादूपुर नलवी सिंचाई योजना से करीब 1 लाख 32 हजार किसानों को फायदा होना था। प्रदेश की भाजपा सरकार ने इस परियोजना को डीनोटिफाई करके किसानों के साथ विश्वासघात किया है। इस अवसर पर जसमेर सिंह, जगपाल सिंह, गुरमीत सिंह , मदन लाल, अंकुश, बिट्टू हबाना, सतविंद्र सिंह, कर्म सिंह, दाऊमाजरा, भारत सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed