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Karnal News: गिरदावरी पर पटवारी, दफ्तरों पर लटके ताले, भटक रहे लोग

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 04 Feb 2025 02:01 AM IST
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Patwari on Girdawari, locks hanging on offices, people wandering

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करनाल। जिले के करीब पौने चार लाख कृषि भूमि की गिरदावरी सोमवार से शुरू हो चुकी है। इसके लिए जिले के पटवारी नए ट्रेनी पटवारियों को लेकर खेतों में उतर चुके हैं। ये गिरदावरी एक मार्च तक पूरी करनी होगी। जिसका रिकॉर्ड पटवारियों को उपलब्ध करवाया जा चुका है। दूसरी ओर पटवारियों के फील्ड में जाने से पटवारखानों में उनके दफ्तरों पर ताले लटक चुके हैं। जिससे यहां आने वाले लोग परेशान होकर बैरंग लौट रहे हैं। सोमवार को ज्यादातर पटवारियों के कार्यालय बंद मिले तो कुछ ही पटवारी अपनी सीटों पर दिखाई दिए।
पटवारियों ने बताया कि सरकार के खिलाफ उनका रोष तो जारी रहेगा, लेकिन किसान हित को देखते हुए वे गिरदावरी प्रक्रिया को पूरा कर रहे हैं। मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर प्रदेश के 9786787 किसानों ने करीब 5727104 एकड़ जमीन पर रबी की फसलें पंजीकृत की हैं। इनमें से करनाल जिले के 52047 किसानाें ने अपनी 381798 एकड़ फसल भी पोर्टल पर पंजीकृत की है। प्रदेश में 260389 एकड़ जमीन की स्पेशल गिरदावरी होनी थी। जोकि जिले में स्पेशल गिरदावरी करीब 25179 एकड़ की बनती है। प्रदेश में अब तक करीब 30 हजार की वेरिफिकेशन हो पाई है जो जिले में केवल 401 का आंकड़ा है।
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प्रदेश में फसलों का निरीक्षण करने की प्रक्रिया गिरदावरी है। इसे पटवारी खेतों में जाकर फसलों की जानकारी लेकर सत्यापन करते हैं। इस प्रक्रिया को ऑनलाइन कर पहले से काफी सहज बना दिया गया है। अब गिरदावरी मोबाइल एप पर होती है। इसका फायदा ये है कि बारिश या ओलावृष्टि से खराब हुई फसलों की स्पेशल गिरदावरी करवाने के बाद किसानों को फसल का मुआवजा मिल जाता है।
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- जमीन का रिकॉर्ड निकलवाने के लिए कई बार पटवारखाने आ चुके हैं, लेकिन यहां पटवारी नहीं मिलते। जिससे काम तो रुक गए हैं परेशानी भी हो रही है। - सुनील नंगला

- पटवारी से अपनी जमीन की जमाबंदी निकलवानी थी। इसके लिए एक सप्ताह से पटवारखाने के चक्कर काट रहे हैं। अब तक पटवारी नहीं मिले हैं।
- जगदीश, जुंडला गेट।
- पटवारी से गिरदावरी के लिए पटवारखाने आए थे। यहां पटवारी नहीं मिला। बताया गया कि पटवारी कोर्ट में है। अब इंतजार के बाद लौट रहे हैं।
- परमजीत सिंह, सेक्टर-32
- बच्चे का रिहायशी प्रमाण पत्र बनवाने के लिए पटवारी से मिलने आए थे। अब तक पटवारी से मुलाकात नहीं हो सकी है।
- शीला, नलीपार

वर्जन :
- किसानों के हित को देखते हुए पटवारियों ने गिरदावरी शुरू कर दी है। अगर पटवारी लेट करते तो किसानों को परेशानी हो जाती। ट्रेनी पटवारियों को साथ लेकर गिरदावरी की जा रही है।
- पदम सिंह, प्रधान, पटवारी एवं कानूनगो एसोसिएशन
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