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Karnal News: शहादत दिवस पर सजा दीवान, की अरदास
Sat, 07 Dec 2024 01:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Sat, 07 Dec 2024 01:57 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
तरावड़ी। मानवता व धर्म की रक्षा के लिए शहीद होने वाले महान गुरु तेग बहादुर जी के शहादत दिवस पर ऐतिहासिक गुरुद्वारा शीशगंज साहिब में शुक्रवार को अखंड पाठ का भोग डाला गया। सुबह दीवान सजा कीर्तन दरबार का आयोजन किया गया। दीवान में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश कर अरदास के साथ गुरु की बाणी आरंभ की गई।
सुबह से ही पंडाल में गुरु ग्रंथ साहिब के समक्ष माथा टेकने के लिए श्रद्धालु पहुंचने शुरू हो गए थे ये सिलसिला शाम तक चलता रहा। कीर्तन दरबार में दरबार साहिब अमृतसर से हजूर रागी जत्थे भाई अरविंद्र सिंह नूर, ढाडी जत्था भाई जसबीर सिंह मान, भाई हरपाल सिंह ढंड, भाई हरपाल सिंह ढंड, भाई सूबा सिंह जींद, जसविंद्र सिंह कविशरी जत्था भाई गुरमीत सिंह, प्रचारक भाई प्रगट सिंह, हेड ग्रंथी सूबा सिंह, मीत ग्रंथी राणा प्रताप सिंह ने गुरु की महिमा का गुणगान किया।
ऐतिहासिक नौंवी पातशाही शीशगंज गुरुद्वारे में पंचम पर्व भी मनाया गया। गुरुद्वारा शीशगंज साहिब नौंवी पातशाही के चेयरमैन गुलाब सिंह मूनक ने बताया कि श्री गुरु तेग बहादुर साहिब महाराज जी के शहीदी गुरुपर्व के अवसर पर बुधवार को अखंड पाठ रखवाया गया था, जिसके समापन अवसर पर हजारों की संख्या में संगत ने हिस्सा लिया। उन्होंने बताया कि गुरु तेग बहादुर साहिब सिखों के नौवें गुरु थे। कीर्तन दरबार के दौरान लंगर में श्रद्धालुओं ने लंगर चखा। गुरुद्वारे के बाहर सजी दुकानों से महिलाओं को बच्चों ने खरीदारी की।
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तरावड़ी। मानवता व धर्म की रक्षा के लिए शहीद होने वाले महान गुरु तेग बहादुर जी के शहादत दिवस पर ऐतिहासिक गुरुद्वारा शीशगंज साहिब में शुक्रवार को अखंड पाठ का भोग डाला गया। सुबह दीवान सजा कीर्तन दरबार का आयोजन किया गया। दीवान में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश कर अरदास के साथ गुरु की बाणी आरंभ की गई।
सुबह से ही पंडाल में गुरु ग्रंथ साहिब के समक्ष माथा टेकने के लिए श्रद्धालु पहुंचने शुरू हो गए थे ये सिलसिला शाम तक चलता रहा। कीर्तन दरबार में दरबार साहिब अमृतसर से हजूर रागी जत्थे भाई अरविंद्र सिंह नूर, ढाडी जत्था भाई जसबीर सिंह मान, भाई हरपाल सिंह ढंड, भाई हरपाल सिंह ढंड, भाई सूबा सिंह जींद, जसविंद्र सिंह कविशरी जत्था भाई गुरमीत सिंह, प्रचारक भाई प्रगट सिंह, हेड ग्रंथी सूबा सिंह, मीत ग्रंथी राणा प्रताप सिंह ने गुरु की महिमा का गुणगान किया।
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ऐतिहासिक नौंवी पातशाही शीशगंज गुरुद्वारे में पंचम पर्व भी मनाया गया। गुरुद्वारा शीशगंज साहिब नौंवी पातशाही के चेयरमैन गुलाब सिंह मूनक ने बताया कि श्री गुरु तेग बहादुर साहिब महाराज जी के शहीदी गुरुपर्व के अवसर पर बुधवार को अखंड पाठ रखवाया गया था, जिसके समापन अवसर पर हजारों की संख्या में संगत ने हिस्सा लिया। उन्होंने बताया कि गुरु तेग बहादुर साहिब सिखों के नौवें गुरु थे। कीर्तन दरबार के दौरान लंगर में श्रद्धालुओं ने लंगर चखा। गुरुद्वारे के बाहर सजी दुकानों से महिलाओं को बच्चों ने खरीदारी की।
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