{"_id":"66904b38a825a50374091b64","slug":"teachers-submitted-memorandum-to-the-block-education-officer-regarding-their-demands-jind-news-c-199-1-jnd1001-119798-2024-07-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: शिक्षकों ने मांगों को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी को सौंपा ज्ञापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: शिक्षकों ने मांगों को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी को सौंपा ज्ञापन
Fri, 12 Jul 2024 02:44 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Fri, 12 Jul 2024 02:44 AM IST
विज्ञापन
11जेएनडी16: खंड शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ के सदस्य। संवा
जुलाना। राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ जुलाना इकाई ने वीरवार को प्राथमिक शिक्षकों और प्राथमिक स्कूलों की विभिन्न समस्याओं को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
जुलाना खंड प्रधान राजेश चहल ने बताया कि सरकार ने पिछले आठ साल से प्राथमिक शिक्षकों के एक बार भी तबादले नही किए हैं। जिसके कारण स्कूलों में अव्यवस्था बनी हुई है। इस कारण अभिभावकों और अध्यापक समाज में सरकार के प्रति रोष फैला हुआ है। जिला प्रधान जितेंद्र बैनीवाल ने बताया कि एक तरफ तो सरकार स्कूलों में बच्चे बढ़ाने के लिए शिक्षकों पर दबाव बनाती है।
दूसरी तरफ अध्यापकों को विभिन्न गैर शैक्षणिक कार्यों जैसे पीपीपी, उल्लास सर्वे, बीएलओ आदि कार्यों में उलझाकर कक्षा से लगातार दूर रख रही है। इससे सरकार की दोहरी नीति उजागर होती है। सचिव सुमन ने बताया कि अध्यापकों के एसीपी, मेडिकल के बिलों पर अनावश्यक ऑब्जेक्शन लगाकर शिक्षकों को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। इस अवसर पर पूर्व जिला प्रधान रूपेंद्र गोयत, पूर्व खंड प्रधान सतेंद्र कुंडू, संरक्षक मनोज, सोनिया, सरिता, पिंकी, यशपाल, संजीव मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जुलाना खंड प्रधान राजेश चहल ने बताया कि सरकार ने पिछले आठ साल से प्राथमिक शिक्षकों के एक बार भी तबादले नही किए हैं। जिसके कारण स्कूलों में अव्यवस्था बनी हुई है। इस कारण अभिभावकों और अध्यापक समाज में सरकार के प्रति रोष फैला हुआ है। जिला प्रधान जितेंद्र बैनीवाल ने बताया कि एक तरफ तो सरकार स्कूलों में बच्चे बढ़ाने के लिए शिक्षकों पर दबाव बनाती है।
विज्ञापन
दूसरी तरफ अध्यापकों को विभिन्न गैर शैक्षणिक कार्यों जैसे पीपीपी, उल्लास सर्वे, बीएलओ आदि कार्यों में उलझाकर कक्षा से लगातार दूर रख रही है। इससे सरकार की दोहरी नीति उजागर होती है। सचिव सुमन ने बताया कि अध्यापकों के एसीपी, मेडिकल के बिलों पर अनावश्यक ऑब्जेक्शन लगाकर शिक्षकों को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। इस अवसर पर पूर्व जिला प्रधान रूपेंद्र गोयत, पूर्व खंड प्रधान सतेंद्र कुंडू, संरक्षक मनोज, सोनिया, सरिता, पिंकी, यशपाल, संजीव मौजूद थे।
विज्ञापन