जींद। समगोत्रीय विवाह के विरोध में एक बार फिर खाप पंचायतें सक्रिय हो रही हैं। हिंदू विवाह अधिनियम में बदलाव की मांग को लेकर 23 दिसंबर को जींद की जाट धर्मशाला में खाप पंचायत होगी। इसके लिए उत्तर भारत की सभी खापों को निमंत्रण भेजा जाएगा।
पंचायत की तैयारियों पर चर्चा के लिए शनिवार को ढांडा खाप की बैठक अर्बन इस्टेट कार्यालय में हुई। इसमें ढांडा खाप ने तय किया कि समगोत्रीय विवाह पर रोक लगाने के लिए मुहिम चलाई जाएगी। खाप प्रधान देवव्रत ढांडा ने बताया कि बैठक में खाप के सभी सदस्यों ने तय किया कि समगोत्रीय शादियों पर कानूनी रोक जरूरी है। खापों का मुख्य काम संस्कृति व परंपराओं को सहेजना भी होता है। उन्होंने कहा कि उत्तर भारत में समगोत्रीय शादियों के विरोध में खापें लंबे समय से लड़ाई लड़ रही हैं। प्रदेश सरकार चाहे तो इस पर कानूनी रूप से रोक लगा सकती है। उत्तर भारत में करीब 100 खाप पंचायतें व 70 से अधिक तपे हैं। पंचायत में सभी को निमंत्रण भेजा जाएगा। बैठक में जयपाल ढांडा, सुनील आर्य, सुभाष ढांडा, डॉ. देवेंद्र कंडरोली, जयभगवान गतौली और संदीप बुडाना मौजूद रहे।