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Jind News: सावन माह के दूसरे सोमवार को मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
Tue, 22 Jul 2025 02:40 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Tue, 22 Jul 2025 02:40 AM IST
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21जेएनडी22-जयंती देवी मंदिर में जलाभिषेक करते हुए श्रद्धालु। स्रोत श्रद्धालु
जींद। सावन का महीना शिव भक्ति का महीना माना गया है। सोमवार को सावन माह के दूसरे सोमवार को शहर के प्रमुख मंदिरों में भगवान आशुतोष की पूजा के लिए श्रद्धालुओं की काफी भीड़ रही। सुबह से ही श्रद्धालु मंदिरों में पहुंचना शुरू हो गए थे और भगवान भोलेनाथ की पूजा में जुट गए। शहर के मध्य स्थित ऐतिहासिक जयंती देवी मंदिर में रुद्राभिषेक कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इसमें श्रद्धालुओं ने दूध, जल और अन्य सामग्री शिवलिंग पर चढ़ाई और सुखद भविष्य की कामना की। जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि सावन माह के सोमवार को श्रद्धालु अल सुबह ही मंदिर पहुंचना शुरू हो गए थे। श्रद्धालुओं ने शिव जी का पंचाक्षर मंत्र ओम नमः: शिवाय का जाप किया। 23 जुलाई को शिवरात्रि भी है। मंदिर में सावन माह में प्रतिदिन रुद्राभिषेक प्रात: काल सवा छह बजे किया जा रहा है जो पूरे सावन माह तक चलेगा। इस मास में शिव पुराण कथा महामृत्युंजय जाप ओम नम: शिवाय, शिव सहस्त्रनाम और शिव चालीसा का पाठ करना चाहिए। मंदिर में कांवड़ियों के ठहरने, नहाने व भोजन प्रसाद का विशेष प्रबंध किया गया है।
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इसमें श्रद्धालुओं ने दूध, जल और अन्य सामग्री शिवलिंग पर चढ़ाई और सुखद भविष्य की कामना की। जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि सावन माह के सोमवार को श्रद्धालु अल सुबह ही मंदिर पहुंचना शुरू हो गए थे। श्रद्धालुओं ने शिव जी का पंचाक्षर मंत्र ओम नमः: शिवाय का जाप किया। 23 जुलाई को शिवरात्रि भी है। मंदिर में सावन माह में प्रतिदिन रुद्राभिषेक प्रात: काल सवा छह बजे किया जा रहा है जो पूरे सावन माह तक चलेगा। इस मास में शिव पुराण कथा महामृत्युंजय जाप ओम नम: शिवाय, शिव सहस्त्रनाम और शिव चालीसा का पाठ करना चाहिए। मंदिर में कांवड़ियों के ठहरने, नहाने व भोजन प्रसाद का विशेष प्रबंध किया गया है।
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