फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   APO guilty of taking bribe of Rs 40 thousand, sentenced to four years

Jind News: 40 हजार रुपये रिश्वत लेने के दोषी एपीओ को चार साल की सजा

Fri, 20 Oct 2023 12:19 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Fri, 20 Oct 2023 12:19 AM IST
विज्ञापन
APO guilty of taking bribe of Rs 40 thousand, sentenced to four years
-सोलर प्लेट लगवाने की एवज में किसान से मांगी थी 40 हजार की रिश्वत
विज्ञापन


संवाद न्यूज एजेंसी

जींद। वीरवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश रीतू गर्ग की अदालत ने खेत के लिए सोलर प्लेट लगवाने एवज में 40 हजार रुपये रिश्वत लेने के दोषी को सौर ऊर्जा सहायक परियोजना अधिकारी (एपीओ) प्रदीप मलिक को चार साल का कारावास और बीस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर दोषी को नौ माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

अदालत में चले अभियोग के अनुसार छात्तर गांव निवासी किसान कृष्ण ने 25 जनवरी को सतर्कता विभाग को दी शिकायत में बताया था कि उसने खेत में टैंक के लिए सौर ऊर्जा प्लांट लगाने के लिए डीआरडीए स्थित सौर ऊर्जा विभाग में आवेदन किया हुआ था। सरकार के योजना के अनुसार प्लांट पर 90 प्रतिशत सब्सिडी है। सौर ऊर्जा प्लांट फाइल को आगे भेजने की एवज में सहायक परियोजना अधिकारी 40 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा है, जिसके आधार पर इंस्पेक्टर धर्मबीर सिंह के नेतृत्व में छापा मारने के लिए टीम का गठन किया गया था। ड्यूटी मजिस्ट्रेट के तौर पर नायब तहसीलदार आनंद को नियुक्त किया गया। छापा मार टीम ने शिकायतकर्ता कृष्ण को 20 नोट दो-दो हजार के ड्यूटी मजिस्ट्रेट के हस्ताक्षर कर थमा दिए।
विज्ञापन

शिकायतकर्ता कृष्ण ने रिश्वत राशि के लिए अधिकारी से संपर्क साधा तो उसने डीआरडीए में बुला लिया, जिसके बाद अधिकारी ने किसान कृष्ण को अपनी गाड़ी में बैठाकर एसडी स्कूल के पास ले गया और कृष्ण से रिश्वत की राशि ली। पीछा कर रही सतर्कता विभाग की टीम ने इशारा मिलते ही अधिकारी प्रदीप को काबू कर उसके कब्जे से रिश्वत की राशि बरामद की। हाथ धुलवाने पर प्रदीप के हाथ लाल हो गए थे। सतर्कता विभाग ने कृष्ण की शिकायत पर प्रदीप मलिक के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया था। तभी से मामला अदालत में विचाराधीन था।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed