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Jind News: अस्पताल मरम्मत पर 15 करोड़ खर्च, महिलाओं के बिना दरवाजे के शौचालय
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02जेएनडी21: एसएनसीयू वार्ड में जांच करते हुए सीएमओ डॉ. सुमन कोहली व अन्य चिकित्सक।
जींद। नागरिक अस्पताल में 15 करोड़ रुपये का जीर्णोद्धार कार्य धीमी गति से चल रहा है और महिलाओं के शौचालय पर अभी तक दरवाजा तक नहीं लगाया गया है। यह स्थिति बेहद असुविधाजनक और चिंताजनक है। निरीक्षण बाद सीएमओ डॉ. सुमन कोहली ने नाराजगी जताते हुए पीडब्ल्यूडी को व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए हैं।
लैब में मरीजों और स्टाफ की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खिड़की और रेलिंग का कार्य तत्काल पूरा करवाने के निर्देश दिए। बताया गया कि लंबे समय से इसका काम रुका हुआ है। इससे मरीजों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। इसके बाद सोमवार को निरीक्षण टीम ने आपातकालीन कक्ष (एमरजेंसी) और शिशु वार्ड का जायजा लिया।
दोनों ही वार्डों में लाइटिंग की समस्या सामने आई। टीम ने माना कि एमरजेंसी और बच्चों के वार्ड जैसे संवेदनशील हिस्सों में रोशनी की कमी बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है। अधिकारियों ने तुरंत प्रभाव से लाइटिंग बढ़ाने के निर्देश जारी किए। इस दौरान उनके साथ पीएमओ डॉ. रघुवीर पूनिया, डिप्टी एमएस राजेश भोला व अन्य स्टॉफ भी मौजूद रहा।
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मातृ व शिशु, ओपीडी और विशेष देखभाल कक्षों में कई स्थानों पर पुताई, बिजली फिटिंग और टाइल्स का काम अधूरा मिला। अधिकारियों ने कहा कि 15 करोड़ रुपये जैसी बड़ी राशि खर्च होने के बावजूद काम की गुणवत्ता और गति संतोषजनक नहीं है।
वर्जन
अस्पताल के निरीक्षण के दौरान कई जगह निर्माण कार्य में खामियां मिली हैं। इसके अलावा शिशु वार्ड में कमरे का सुधार, लैब में मरीजों के सैंपल व रिपोर्ट देने के लिए खिड़की व लाइन में लगने के लिए रेलिंग बनवाने के निर्देश दिए गए। इसके लिए संबंधित विभाग को काम निर्धारित समय में पूरा करने के निर्देश भी दिए हैं।
-डॉ. सुमन कोहली सीएमओ नागरिक अस्पताल जींद
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लैब में मरीजों और स्टाफ की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खिड़की और रेलिंग का कार्य तत्काल पूरा करवाने के निर्देश दिए। बताया गया कि लंबे समय से इसका काम रुका हुआ है। इससे मरीजों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। इसके बाद सोमवार को निरीक्षण टीम ने आपातकालीन कक्ष (एमरजेंसी) और शिशु वार्ड का जायजा लिया।
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दोनों ही वार्डों में लाइटिंग की समस्या सामने आई। टीम ने माना कि एमरजेंसी और बच्चों के वार्ड जैसे संवेदनशील हिस्सों में रोशनी की कमी बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है। अधिकारियों ने तुरंत प्रभाव से लाइटिंग बढ़ाने के निर्देश जारी किए। इस दौरान उनके साथ पीएमओ डॉ. रघुवीर पूनिया, डिप्टी एमएस राजेश भोला व अन्य स्टॉफ भी मौजूद रहा।
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मातृ व शिशु, ओपीडी और विशेष देखभाल कक्षों में कई स्थानों पर पुताई, बिजली फिटिंग और टाइल्स का काम अधूरा मिला। अधिकारियों ने कहा कि 15 करोड़ रुपये जैसी बड़ी राशि खर्च होने के बावजूद काम की गुणवत्ता और गति संतोषजनक नहीं है।
वर्जन
अस्पताल के निरीक्षण के दौरान कई जगह निर्माण कार्य में खामियां मिली हैं। इसके अलावा शिशु वार्ड में कमरे का सुधार, लैब में मरीजों के सैंपल व रिपोर्ट देने के लिए खिड़की व लाइन में लगने के लिए रेलिंग बनवाने के निर्देश दिए गए। इसके लिए संबंधित विभाग को काम निर्धारित समय में पूरा करने के निर्देश भी दिए हैं।
-डॉ. सुमन कोहली सीएमओ नागरिक अस्पताल जींद