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सड़क पर किया हठ योग
Updated Thu, 22 Jun 2017 12:15 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
जींद।
महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों में चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में भारतीय किसान यूनियन ने बुधवार को रामराये बस स्टैंड पर जींद-हिसार मार्ग जाम कर योग किया और सरकार के खिलाफ विरोध जताया। इस दौरान किसानों ने एलान किया कि यदि सरकार किसानों की मांगें पूरी नहीं करती तो चुनाव में भाजपा के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान सुबह नौ से 10 बजे तक हिसार रोड जाम रहा। हालांकि प्रशासन जिले भर में मुस्तैद रहा, लेकिन किसानों ने रामराये गांव में ही विरोध प्रदर्शन किया। इसके कारण कई रूट भी डायवर्ट किए थे।
जींद में भारतीय किसान यूनियन के आह्वान पर किसानों ने जींद-हांसी मार्ग पर रामराये गांव में रास्ता रोक कर योग किया और मांगों को लेकर रोष जताया। किसानों ने मध्यप्रदेश के मंदसौर की घटना की निंदा कर सरकार से स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश को लागू करने व किसानों को उनकी फसलों का लाभकारी मूल्य देने की मांग की। इसके साथ ही किसान कर्जा माफी की भी मांग उठाई। किसानों के आंदोलन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने रास्ता डायवर्ट कर जींद-हांसी मार्ग पर जाने वाहनों को दूसरे मार्ग से निकाला।
फसल का मूल्य खुद तय करने का मांगा अधिकार
रामराये में सड़क पर धरने पर बैठे किसानों ने कहा कि किसानों की फसल का मूल्य सरकार और व्यापारी तय करे, यह सहन नहीं किया जाएगा। किसान को अपनी फसल का मूल्य लागत के अनुसार खुद तय करने का अधिकार मिलना चाहिए। भाकियू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामफल कंडेला ने कहा कि पूरी दुनिया योग दिवस मना रही है। योग स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हैं। किसान भी इसके पक्षधर हैं, लेकिन किसानों की मांगों को दरकिनार करना गलत है। सरकार ने बातचीत के लिए कदम बढ़ाते हुए किसानों के प्रतिनिधिमंडल को बुलाया है, इसलिए उन्होंने भी अपनी ओर से कदम बढ़ाते हुए तीन घंटे की बजाय एक घंटे रास्ता रोक कर आंदोलन करने का फैसला लिया। जींद में पहले कंडेला, खरकबूरा और रामराये में तीन जगहों पर रास्ते रोकने का भाकियू ने फैसला किया था, लेकिन बाद में सरकार के बातचीत के लिए बुलाने पर केवल रामराये में ही रास्ता रोक कर किसानों ने किया।
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योग पर खर्च होने वाले पैसे को किसान हित में लगाएं
जिला परिषद के उप प्रधान उमेद सिंह ने कहा कि सरकार योग दिवस पर तो इतना पैसा खर्च कर रही है। अगर यही पैसा किसानों के हालात सुधारने पर खर्च कर दे, तो किसान आत्महत्या करने पर मजबूर नहीं होंगे। देशभर में नेता पार्कों में योग मना रहे हैं और किसान सड़कों पर योग मनाने को मजबूर हैं। किसान में कड़ी मेहनत करने वाले किसान को योग की जरूरत नहीं है
यह रास्ते रहे डायवर्ट
सुबह नौ बजे से ही जींद से नरवाना रोड पर गांव खरकभूरा के पास, हांसी रोड पर रामराये गांव के पास व नरवाना से उकलाना रोड गांव दनौदा के पास किए जाने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम करके योग करने के आंदोलन को देख पुलिस अलर्ट हो गई। इन मार्गों को जाम करने की घोषणा के बाद पुलिस ने इन मार्गों से निकलने वाले वाहनों को डायवर्ट कर दिया। नरवाना से जींद रोड पर खरकभूरा गांव टी प्वाइंट पर होने वाले प्रदर्शन को लेकर डूमरखां खुर्द स्कूल के पास से काब्रछा, अलीपुरा, करसिंधु, पालवां होते हुए उचाना से आगे जींद की तरफ वाहन निकालने की योजना बनाई। जींद की तरफ से जाने वाले वाहन चालक उचाना से सेढ़ा माजरा, भगवानपुरा, झील के रास्ते डूमरखां कलां शिव मंदिर रोड खाली रखा गया। जींद से हांसी जाने वाले वाहन चालकों के लिए ईक्कस गांव के पास से बरवाला रोड, खेड़ी चौपटा से होते हुए नारनौंद पहुंचकर हांसी की तरफ जाने की व्यवस्था की गई। जींद से गोहाना जाने वाले वाहन सफीदों से होकर निकालने के लिए रूट प्लान किया गया, लेकिन किसान यूनियन का धरना सिर्फ रामराये गांव में ही होने से प्रशासन ने राहत की सांस ली।
किसानों ने सड़क पर हठ योग कर जताया रोष
दिन भर अलर्ट रहा प्रशासन, कई रूट डायवर्ट, भाकियू ने रामराये बस स्टैंड पर जींद-हिसार मार्ग एक घंटे जाम कर किया योग
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामफल कंडेला बोले- किसानों के साथ धोखा कर रही है सरकार
जींद।
महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों में चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में भारतीय किसान यूनियन ने बुधवार को रामराये बस स्टैंड पर जींद-हिसार मार्ग जाम कर योग किया और सरकार के खिलाफ विरोध जताया। इस दौरान किसानों ने एलान किया कि यदि सरकार किसानों की मांगें पूरी नहीं करती तो चुनाव में भाजपा के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान सुबह नौ से 10 बजे तक हिसार रोड जाम रहा। हालांकि प्रशासन जिले भर में मुस्तैद रहा, लेकिन किसानों ने रामराये गांव में ही विरोध प्रदर्शन किया। इसके कारण कई रूट भी डायवर्ट किए थे।
जींद में भारतीय किसान यूनियन के आह्वान पर किसानों ने जींद-हांसी मार्ग पर रामराये गांव में रास्ता रोक कर योग किया और मांगों को लेकर रोष जताया। किसानों ने मध्यप्रदेश के मंदसौर की घटना की निंदा कर सरकार से स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश को लागू करने व किसानों को उनकी फसलों का लाभकारी मूल्य देने की मांग की। इसके साथ ही किसान कर्जा माफी की भी मांग उठाई। किसानों के आंदोलन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने रास्ता डायवर्ट कर जींद-हांसी मार्ग पर जाने वाहनों को दूसरे मार्ग से निकाला।
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फसल का मूल्य खुद तय करने का मांगा अधिकार
रामराये में सड़क पर धरने पर बैठे किसानों ने कहा कि किसानों की फसल का मूल्य सरकार और व्यापारी तय करे, यह सहन नहीं किया जाएगा। किसान को अपनी फसल का मूल्य लागत के अनुसार खुद तय करने का अधिकार मिलना चाहिए। भाकियू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामफल कंडेला ने कहा कि पूरी दुनिया योग दिवस मना रही है। योग स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हैं। किसान भी इसके पक्षधर हैं, लेकिन किसानों की मांगों को दरकिनार करना गलत है। सरकार ने बातचीत के लिए कदम बढ़ाते हुए किसानों के प्रतिनिधिमंडल को बुलाया है, इसलिए उन्होंने भी अपनी ओर से कदम बढ़ाते हुए तीन घंटे की बजाय एक घंटे रास्ता रोक कर आंदोलन करने का फैसला लिया। जींद में पहले कंडेला, खरकबूरा और रामराये में तीन जगहों पर रास्ते रोकने का भाकियू ने फैसला किया था, लेकिन बाद में सरकार के बातचीत के लिए बुलाने पर केवल रामराये में ही रास्ता रोक कर किसानों ने किया।
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योग पर खर्च होने वाले पैसे को किसान हित में लगाएं
जिला परिषद के उप प्रधान उमेद सिंह ने कहा कि सरकार योग दिवस पर तो इतना पैसा खर्च कर रही है। अगर यही पैसा किसानों के हालात सुधारने पर खर्च कर दे, तो किसान आत्महत्या करने पर मजबूर नहीं होंगे। देशभर में नेता पार्कों में योग मना रहे हैं और किसान सड़कों पर योग मनाने को मजबूर हैं। किसान में कड़ी मेहनत करने वाले किसान को योग की जरूरत नहीं है
यह रास्ते रहे डायवर्ट
सुबह नौ बजे से ही जींद से नरवाना रोड पर गांव खरकभूरा के पास, हांसी रोड पर रामराये गांव के पास व नरवाना से उकलाना रोड गांव दनौदा के पास किए जाने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम करके योग करने के आंदोलन को देख पुलिस अलर्ट हो गई। इन मार्गों को जाम करने की घोषणा के बाद पुलिस ने इन मार्गों से निकलने वाले वाहनों को डायवर्ट कर दिया। नरवाना से जींद रोड पर खरकभूरा गांव टी प्वाइंट पर होने वाले प्रदर्शन को लेकर डूमरखां खुर्द स्कूल के पास से काब्रछा, अलीपुरा, करसिंधु, पालवां होते हुए उचाना से आगे जींद की तरफ वाहन निकालने की योजना बनाई। जींद की तरफ से जाने वाले वाहन चालक उचाना से सेढ़ा माजरा, भगवानपुरा, झील के रास्ते डूमरखां कलां शिव मंदिर रोड खाली रखा गया। जींद से हांसी जाने वाले वाहन चालकों के लिए ईक्कस गांव के पास से बरवाला रोड, खेड़ी चौपटा से होते हुए नारनौंद पहुंचकर हांसी की तरफ जाने की व्यवस्था की गई। जींद से गोहाना जाने वाले वाहन सफीदों से होकर निकालने के लिए रूट प्लान किया गया, लेकिन किसान यूनियन का धरना सिर्फ रामराये गांव में ही होने से प्रशासन ने राहत की सांस ली।
किसानों ने सड़क पर हठ योग कर जताया रोष
दिन भर अलर्ट रहा प्रशासन, कई रूट डायवर्ट, भाकियू ने रामराये बस स्टैंड पर जींद-हिसार मार्ग एक घंटे जाम कर किया योग
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामफल कंडेला बोले- किसानों के साथ धोखा कर रही है सरकार