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पहलवान सचिन ने सीनियर नेशनल में जीता सिल्वर, अखाड़े में हुआ जोरदार स्वागत
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पहलवान सचिन और जिला कुश्ती के विजेताओं का अभिनंदन करते कोच व कुश्ती प्रेमी।
- फोटो : Bahadurgarh
हिंद केसरी सोनू पहलवान अखाड़े में होनहार पहलवान सचिन ने सीनियर नेशनल कुश्ती में रजत पदक हासिल किया है। सीनियर नेशनल कुश्ती प्रतियोगिता उत्तर प्रदेश के नंदिनी नगर, गोंडा में 11 से 13 नवंबर के बीच हुई थी। जूनियर वर्ग का पहलवान होते हुए अपने सीनियर पहलवानों को हराकर सचिन ने ये उपलब्धि हासिल की है। सचिन अभी 19 साल का ही है।
नेशनल में सिल्वर मेडल जीतने के साथ ही सचिन अब 3 से 5 दिसंबर तक साउथ अफ्रीका में होने वाली कॉमनवेल्थ में कुश्ती चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करेगा। सचिन ग्रीको रोमन में 77 किलो भार वर्ग का पहलवान है। पहली बार सीनियर नेशनल में खेलते हुए उसने सबसे पहले रेलवे के पहलवान सुधीर को 8-0 से हराया। उसके बाद महाराष्ट्र के सीनियर पहलवान गोकुल को कड़े मुकाबले में 4-3 के अंतर से हराया। सेमिफाइनल मुकाबले में बहादुरगढ़ के सचिन ने मध्य प्रदेश के सीनियर पहलवान शिवाजी को 12-4 के अंतर से हराकर फाइनल में जगह बनाई लेकिन हाथ की पुरानी चोट उभर आने के कारण सचिन फाइनल मुकाबला नहीं खेल सके और उन्हें रजत पदक से ही संतोष करना पड़ा।
सचिन का कहना है कि हाथ की चोट का उपचार चल रहा है और अब अगले महीने होने वाली कॉमनवेल्थ चैंपियनशिप में देश के नाम गोल्ड मेडल लेकर आएगा। सीनियर नेशनल से पहले सचिन ने साल 2019 में सब जूनियर नेशनल में भी गोल्ड मेडल जीता था।
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पिछली बार जूनियर नेशनल से खाली हाथ लौटा लेकिन इस सीधा सीनियर नेशनल में खेला और मेडल हासिल कर लिया। सचिन ने अपना मेडल अपने कोच अर्जुन अवॉर्डी पहलवान धर्मेंद्र को समर्पित किया है। ग्रीको रोमन का पहलवान सचिन हिंद केसरी सोनू पहलवान अखाड़े में कोच सुधीर दलाल, रिंकू और अर्जुन अवॉर्डी धर्मेंद्र पहलवान की देखरेख में कुश्ती की प्रैक्टिस करता है। अवॉर्डी पहलवान धर्मेंद्र का कहना है कि सचिन बेहद अच्छा पहलवान है। जूनियर वर्ग का होते हुए भी उसने सीनियर वर्ग के पहलवानों को हराकर मेडल जीता है। उन्होंने उम्मीद जताई की एक दिन सचिन ग्रीको रोमन में देश को ओलंपिक मेडल दिलवाएगा। सचिन की उपलब्धि पर एचएल सिटी के निदेशक राकेश जून और फिटनेस कोच वीर डागर ने भी खुशी जताई। सचिन का अखाड़े में लौटने पर जोरदार स्वागत किया गया। इस मौके पर अनुराग पहलवान, रामकिशन जाखौदा, विरेन्द्र, बिल्लू ठेकेदार, सेठी पहलवान, कृष्ण छारा, भारत केसरी हितेश पहलवान, सरूप पहलवान, आजाद, साधु, बबलू, दारा, कूक्कड़ खलीफा और सोनू समेत काफी संख्या में कुश्ती प्रशंसक मौजूद रहे।
हिंद केसरी सोनू पहलवान अखाड़े के पहलवानों ने जिला स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता में भी अपना जलवा दिखाया है। अंडर 19 के 60 किलो भार में राहुल और 72 किलो भार में आशीष ने गोल्ड मेडल हासिल किया है। वहीं अंडर 17 में प्रवीन, अंडर 14 में निक्की और अंडर 14 गर्ल्स में दीक्षा ने गोल्ड मेडल हासिल किया है। 11 साल की दीक्षा ने अंडर 14 में पहली बार खेलते हुए गोल्ड मेडल हासिल किया है।
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नेशनल में सिल्वर मेडल जीतने के साथ ही सचिन अब 3 से 5 दिसंबर तक साउथ अफ्रीका में होने वाली कॉमनवेल्थ में कुश्ती चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करेगा। सचिन ग्रीको रोमन में 77 किलो भार वर्ग का पहलवान है। पहली बार सीनियर नेशनल में खेलते हुए उसने सबसे पहले रेलवे के पहलवान सुधीर को 8-0 से हराया। उसके बाद महाराष्ट्र के सीनियर पहलवान गोकुल को कड़े मुकाबले में 4-3 के अंतर से हराया। सेमिफाइनल मुकाबले में बहादुरगढ़ के सचिन ने मध्य प्रदेश के सीनियर पहलवान शिवाजी को 12-4 के अंतर से हराकर फाइनल में जगह बनाई लेकिन हाथ की पुरानी चोट उभर आने के कारण सचिन फाइनल मुकाबला नहीं खेल सके और उन्हें रजत पदक से ही संतोष करना पड़ा।
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सचिन का कहना है कि हाथ की चोट का उपचार चल रहा है और अब अगले महीने होने वाली कॉमनवेल्थ चैंपियनशिप में देश के नाम गोल्ड मेडल लेकर आएगा। सीनियर नेशनल से पहले सचिन ने साल 2019 में सब जूनियर नेशनल में भी गोल्ड मेडल जीता था।
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पिछली बार जूनियर नेशनल से खाली हाथ लौटा लेकिन इस सीधा सीनियर नेशनल में खेला और मेडल हासिल कर लिया। सचिन ने अपना मेडल अपने कोच अर्जुन अवॉर्डी पहलवान धर्मेंद्र को समर्पित किया है। ग्रीको रोमन का पहलवान सचिन हिंद केसरी सोनू पहलवान अखाड़े में कोच सुधीर दलाल, रिंकू और अर्जुन अवॉर्डी धर्मेंद्र पहलवान की देखरेख में कुश्ती की प्रैक्टिस करता है। अवॉर्डी पहलवान धर्मेंद्र का कहना है कि सचिन बेहद अच्छा पहलवान है। जूनियर वर्ग का होते हुए भी उसने सीनियर वर्ग के पहलवानों को हराकर मेडल जीता है। उन्होंने उम्मीद जताई की एक दिन सचिन ग्रीको रोमन में देश को ओलंपिक मेडल दिलवाएगा। सचिन की उपलब्धि पर एचएल सिटी के निदेशक राकेश जून और फिटनेस कोच वीर डागर ने भी खुशी जताई। सचिन का अखाड़े में लौटने पर जोरदार स्वागत किया गया। इस मौके पर अनुराग पहलवान, रामकिशन जाखौदा, विरेन्द्र, बिल्लू ठेकेदार, सेठी पहलवान, कृष्ण छारा, भारत केसरी हितेश पहलवान, सरूप पहलवान, आजाद, साधु, बबलू, दारा, कूक्कड़ खलीफा और सोनू समेत काफी संख्या में कुश्ती प्रशंसक मौजूद रहे।
हिंद केसरी सोनू पहलवान अखाड़े के पहलवानों ने जिला स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता में भी अपना जलवा दिखाया है। अंडर 19 के 60 किलो भार में राहुल और 72 किलो भार में आशीष ने गोल्ड मेडल हासिल किया है। वहीं अंडर 17 में प्रवीन, अंडर 14 में निक्की और अंडर 14 गर्ल्स में दीक्षा ने गोल्ड मेडल हासिल किया है। 11 साल की दीक्षा ने अंडर 14 में पहली बार खेलते हुए गोल्ड मेडल हासिल किया है।