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हड़ताल पर गए बिजली कर्मी, व्यवस्थाएं डगमगाई
ब्यूरो/अमर उजाला, झज्जर
Updated Thu, 30 Jun 2016 12:55 AM IST
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विरोध
- फोटो : bureau
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बिजली निगम के 23 सब डिवीजनों के निजीकरण को लेकर हड़ताल बुधवार से शुरू हो गई। कर्मचारियों ने सरकार पर दमनकारी नीति अपनाने को लेकर खूब नारेबाजी की और शहर में प्रदर्शन भी किया। बहादुरगढ़ की चार सब डिवीजनों में से 300 से ज्यादा कर्मचारियों में से लगभग 250 कर्मचारी हड़ताल पर रहे। हालांकि हड़ताल के चलते शहरी व ग्रामीण क्षेत्र के अनेक हिस्सों में बिजली आपूर्ति भी डगमगाई दिखी। कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने तीन जगह बिजली लाइन पर चेन डालकर आपूर्ति को बाधित भी किया। इस पर एक्सईएन ने केस दर्ज कराने की बात कही।
29 और 30 जून को बिजली कर्मचारियों की घोषित हड़ताल मंगलवार रात से ही शुरू हो गई थी। देवीलाल पार्क में बिजली कर्मी एकत्रित हुए। उन्होंने हड़ताल को लेकर पूरी रूपरेखा बनाते हुए सरकार को भी जमकर कोसा। इसके बाद वे नारेबाजी व प्रदर्शन करते हुए देवीलाल पार्क से होते हुए दिल्ली रोड व बस स्टैंड तक पहुंचे। इस प्रदर्शन में कर्मचारियों की पूरी तादाद देखने को मिली। हर कोई प्राइवेट कंपनी के खिलाफ नारेबाजी भी करते हुए और कंपनी का ठेका तुरंत रद्द किए जाने की आवाज भी उठाते रहे।
ज्वाइंट एक्शन कमेटी पावर से सर्कल सचिव जयकंवार छिकारा, बंसीलाल के अलावा दिलबाग दलाल, नरेंद्र बेनीवाल ने सभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझ कर कर्मचारियों को हड़ताल पर जाने के लिए मजबूर कर रही है। उन्होंने वर्ष 1998 से लेकर वर्ष 2016 तक के निगम घाटे की हाई कोर्ट के सीटिंग जज से जांच कराने की मांग भी की है ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके। उन्होंने कहा कि कहीं पर भी निगम कर्मियों ने बिजली आपूर्ति बाधित नहीं की है। बेवजह आरोप मढ़े जा रहे हैं। बिजलीकर्मी नेता सुखबीर, बलवंत, प्रदीप छिकार, बिजेंद्र फोगाट, बिजेंद्र सैनी, रवींद्र, राकेश, राजकुमार, रणबीर, राज सिंह, ऋषिपाल, सुनील, दलबीर सहित कई अन्य ने भी सभा को संबोधित किया।
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रहा पुलिस पहरा
दो दिन की हड़ताल को लेकर प्रशासन ने भी सुरक्षा के तहत पूरी नजर बनाई हुई है। पावर हाउसों में किसी तरह से कोई अप्रिय स्थिति न बने इसको लेकर पुलिस पहरा भी है। हर पावर हाउसों पर सिक्योरिटी बढ़ाई गई है ताकि शरारती व दूसरे लोग बिजली सप्लाई को बाधित न कर सके। दिन-रात यहां पर पुलिसकर्मी अपनी निगाह बनाए हुए हैं।
कई पार्षदों ने भी दिया समर्थन
बिजली कर्मचारियों का शहर के कई वार्डों के पार्षदों ने भी समर्थन किया है। उन्होंने उनकी मांगों को लेकर आवाज उठाने की बात कही है। नप के पूर्व चेयरमैन एवं वर्तमान पार्षद रवि खत्री, शशि कुमार, विनोद कुमार के अलावा पार्षद रमिता चुघ के पति सुरेंद्र चुघ, सीमा राठी के पति एवं पूर्व पार्षद वजीर राठी, लक्ष्मी सहवाग के पति समुद्र सहवाग, कांता खत्री के पति राजेश खत्री ने भी निजीकरण के फैसले पर सवाल खड़े किए हैं।
लाइन पर डाली गई चेन
रात के समय 11केवी के दो फीडरों जिनमें सेक्टर-6 झज्जर रोड के पास चेन डालकर सप्लाई बाधित की लेकिन तुरंत सप्लाई सुचारू करवाई। इसकी तरह से 11केवी सेक्टर-9 हाउसिंग बोर्ड के पास भी इसी तरह से लाइन पर दो-दो चेन डाली गई। यही नहीं 33केवी बामनौली पावर हाउस की लाइन पर भी चेन डाले जाने की बात सामने आई है। जिसकी जांच की जा की है। जो भी इस कार्य में संलिप्त मिलेगा उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। हड़ताल को लेकर मेंटेनेंस व अन्य स्टाफ की कोई दिक्कत नहीं होने दी जा रही। जहां-जहां फाल्ट की शिकायतें मिली है उन्हें जल्द दूर करवाया जा रहा है।
एसजी वत्स, एक्सईन, यूएचबीवीएन, बहादुरगढ़।
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29 और 30 जून को बिजली कर्मचारियों की घोषित हड़ताल मंगलवार रात से ही शुरू हो गई थी। देवीलाल पार्क में बिजली कर्मी एकत्रित हुए। उन्होंने हड़ताल को लेकर पूरी रूपरेखा बनाते हुए सरकार को भी जमकर कोसा। इसके बाद वे नारेबाजी व प्रदर्शन करते हुए देवीलाल पार्क से होते हुए दिल्ली रोड व बस स्टैंड तक पहुंचे। इस प्रदर्शन में कर्मचारियों की पूरी तादाद देखने को मिली। हर कोई प्राइवेट कंपनी के खिलाफ नारेबाजी भी करते हुए और कंपनी का ठेका तुरंत रद्द किए जाने की आवाज भी उठाते रहे।
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ज्वाइंट एक्शन कमेटी पावर से सर्कल सचिव जयकंवार छिकारा, बंसीलाल के अलावा दिलबाग दलाल, नरेंद्र बेनीवाल ने सभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझ कर कर्मचारियों को हड़ताल पर जाने के लिए मजबूर कर रही है। उन्होंने वर्ष 1998 से लेकर वर्ष 2016 तक के निगम घाटे की हाई कोर्ट के सीटिंग जज से जांच कराने की मांग भी की है ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके। उन्होंने कहा कि कहीं पर भी निगम कर्मियों ने बिजली आपूर्ति बाधित नहीं की है। बेवजह आरोप मढ़े जा रहे हैं। बिजलीकर्मी नेता सुखबीर, बलवंत, प्रदीप छिकार, बिजेंद्र फोगाट, बिजेंद्र सैनी, रवींद्र, राकेश, राजकुमार, रणबीर, राज सिंह, ऋषिपाल, सुनील, दलबीर सहित कई अन्य ने भी सभा को संबोधित किया।
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रहा पुलिस पहरा
दो दिन की हड़ताल को लेकर प्रशासन ने भी सुरक्षा के तहत पूरी नजर बनाई हुई है। पावर हाउसों में किसी तरह से कोई अप्रिय स्थिति न बने इसको लेकर पुलिस पहरा भी है। हर पावर हाउसों पर सिक्योरिटी बढ़ाई गई है ताकि शरारती व दूसरे लोग बिजली सप्लाई को बाधित न कर सके। दिन-रात यहां पर पुलिसकर्मी अपनी निगाह बनाए हुए हैं।
कई पार्षदों ने भी दिया समर्थन
बिजली कर्मचारियों का शहर के कई वार्डों के पार्षदों ने भी समर्थन किया है। उन्होंने उनकी मांगों को लेकर आवाज उठाने की बात कही है। नप के पूर्व चेयरमैन एवं वर्तमान पार्षद रवि खत्री, शशि कुमार, विनोद कुमार के अलावा पार्षद रमिता चुघ के पति सुरेंद्र चुघ, सीमा राठी के पति एवं पूर्व पार्षद वजीर राठी, लक्ष्मी सहवाग के पति समुद्र सहवाग, कांता खत्री के पति राजेश खत्री ने भी निजीकरण के फैसले पर सवाल खड़े किए हैं।
लाइन पर डाली गई चेन
रात के समय 11केवी के दो फीडरों जिनमें सेक्टर-6 झज्जर रोड के पास चेन डालकर सप्लाई बाधित की लेकिन तुरंत सप्लाई सुचारू करवाई। इसकी तरह से 11केवी सेक्टर-9 हाउसिंग बोर्ड के पास भी इसी तरह से लाइन पर दो-दो चेन डाली गई। यही नहीं 33केवी बामनौली पावर हाउस की लाइन पर भी चेन डाले जाने की बात सामने आई है। जिसकी जांच की जा की है। जो भी इस कार्य में संलिप्त मिलेगा उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। हड़ताल को लेकर मेंटेनेंस व अन्य स्टाफ की कोई दिक्कत नहीं होने दी जा रही। जहां-जहां फाल्ट की शिकायतें मिली है उन्हें जल्द दूर करवाया जा रहा है।
एसजी वत्स, एक्सईन, यूएचबीवीएन, बहादुरगढ़।