{"_id":"6674626c78c7b1b159006c13","slug":"nafe-singh-rathi-murder-case-gps-in-the-car-was-installed-on-fake-aadhaar-card-2024-06-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"नफे सिंह राठी हत्याकांड: मामले में एक और खुलासा, कार में लगा जीपीएस था फर्जी आधार कार्ड पर इंस्टॉल","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
नफे सिंह राठी हत्याकांड: मामले में एक और खुलासा, कार में लगा जीपीएस था फर्जी आधार कार्ड पर इंस्टॉल
Thu, 20 Jun 2024 10:40 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, बहादुरगढ़ (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, बहादुरगढ़ (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Thu, 20 Jun 2024 10:40 PM IST
सार
नफे सिंह राठी की कार में लगा जीपीएस फर्जी आधार कार्ड पर इंस्टॉल था। बिहार में पटना के रहने वाले व्यक्ति के आधार कार्ड पर जीपीएस ट्रैकर एक्टिवेट करवाया गया था।
विज्ञापन
नफे सिंह राठी
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा के बहादुरगढ़ में इनेलो के प्रदेशाध्यक्ष व पूर्व विधायक रहे नफे सिंह राठी की हत्या करने के लिए गैंगस्टर नंदू सांगवान ने दिल्ली के द्वारका से जो जीपीएस ट्रैकर खरीदा था। वह बिहार के पटना निवासी एक व्यक्ति के आधार कार्ड की मदद से एक्टिवेट करवाया था। जांच में यह आधार कार्ड फर्जी मिला है।
विज्ञापन
जीपीएस ट्रैकर को एक्टिवेट करने वाले मैकेनिक ने यूके से आए वाट्सएप नंबर पर ही रिमोट व्यूविंग के लिए लाॅगिन प्रमाण पत्र (लाॅगिन क्रेडेंशियल) भेजे थे। नंदू ने ही 7 फरवरी को द्वारका के म्यूजिक कार शॉप संचालक से यह उपकरण खरीदा था और इसी शॉप के संचालक ने जीपीएस खरीदने वाले को टेक्नीशियन का फोन नंबर दिया था।
विज्ञापन
टेक्नीशियन के पास यूके के एक नंबर से पहले वाट्सएप कॉल आई और फिर दूसरे नंबर से वाट्सएप पर ही इसे इंस्टाल करने का संदेश आया। फर्जी आधार कार्ड से इंस्टाल करवाकर नफे राठी की कार पर नंदू ने यूके से ही निगरानी शुरू कर दी थी। 7 फरवरी 2024 को यह जीपीएस सिस्टम खरीदा गया था और 8 फरवरी को इसे इंस्टाल करवाया गया था।
विज्ञापन
गौरतलब है कि 25 फरवरी की शाम बराही फाटक के नजदीक नफे सिंह राठी और उनके समर्थक जय किशन दलाल की गोलियां मार कर हत्या कर दी गई थी। हत्या की जिम्मेदारी ब्रिटेन बेस्ड गैंगस्टर नंदू ने सोशल मीडिया पर पोस्ट वायरल करके ली थी। मामले में सीबीआई लगातार जांच कर रही है।