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जिला स्वास्थ्य विभाग ने दिल्ली में किया भ्रूण जांच केंद्र का भंडाफोड़
ब्यूरो/अमर उजाला/झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Tue, 24 May 2016 01:46 AM IST
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- फोटो : Bureau
जिला स्वास्थ्य विभाग ने एक बार फिर से गर्भ में भ्रूण जांच केंद्र का भंडाफोड़ किया है। दिल्ली के अधिकारियों और पुलिस को साथ लेकर जनकपुरी केे एक अल्ट्रासाउंड केंद्र में छापेमारी की। यहां से टीम ने रंगे हाथों एक डॉक्टर, दो एजेंटों को मौके से पकड़ लिया। हालांकि एक महिला फरार हो गई। अल्ट्रासाउंड केंद्र पर छापेमारी को लेकर हड़कंप मचा रहा।
पीएनडीटी के नोडल ऑफिसर एवं डिप्टी सीएमओ डॉ. राकेश ने बताया कि विभाग को शिकायत मिल रही थी कि जिले के साथ सटे दिल्ली क्षेत्र में भ्रूण लिंग जांच का कार्य हो रहा है। यहां एजेंटों के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को लेे जाकर उनके गर्भ में पल रहे बच्चे के लिंग की जांच हो रही है। जिस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए टीम ने सुबह से ही झज्जर पुलिस को साथ लेकर जाल बिछाया। यही नहीं जहां पर यह जांच हो रही थी वहां के डॉक्टर व इस कार्य में संलिप्त अन्य को पकड़ने के लिए बहादुरगढ़ के एक गांव से तीन माह की गर्भवती महिला को ग्राहक बनाकर भेजा गया।
एजेंट्स दंपति बिंदुबाला व उसके पति जोगेंद्र के जरिये 15 हजार में भ्रूण की जांच का सौदा तय हुआ। जब गर्भवती महिला अल्ट्रासाउंड करवाकर व उक्त नकदी एजेंट्स व डॉक्टर को देकर बाहर निकली तो टीम ने दिल्ली के पश्चिमी जिला के पीएनडीटी नोडल ऑफिसर डॉ. सत्यजीत, पटेल नगर के एसडीएम रमेश कुमार व पुलिस टीम के साथ छापेमार कार्रवाई की। डॉ. राकेश ने बताया कि भ्रूण लिंग जांच के लिए गर्भवती महिला से जो 15 हजार रुपये लिए गए थे। उसमें से तीन हजार तो डॉ. एमएल रतन के पास से बरामद कर लिए, जबकि 11 हजार दंपती एजेंट्स जो कि महिला को उक्त डॉक्टर के अल्ट्रासाउंड सेंटर पर लेकर गए थे उनके पास से।
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इस मामले में डॉक्टर, एजेंट्स व एक महिला के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। महिला फिलहाल पुलिस पकड़ से बाहर है। आरोप है कि एक हजार रुपये वह लेकर निकल गई थी। दूसरी तरफ जिस डॉक्टर व एजेंट पर भ्रूण लिंग जांच करने व कराने के आरोप लगे हैं उन्होंने इस कार्रवाई पर सवाल उठाया है। उन्होंने भ्रूण लिंग जांच से कोई लेना-देना नहीं बताया। उधर, टीम ने इस मामले में डॉ. रतन अल्ट्रासाउंड सेंटर से छापा मार कार्रवाई दौरान जांच के लिए दिए गए 15 हजार में से 14 हजार नकद बरामद किए। चार यूएसजी मशीन, रिकार्ड, दो यूएसजी रजिस्टर, थर्मल सीट व कुछ अन्य सामान बरामद किया है।
सुबह के वक्त हुई कार्रवाई
दिल्ली के जनकपुरी में चल रहे भ्रूण लिंग जांच की सूचना मिलने के बाद झज्जर जिले के स्वास्थ्य अधिकारियों की एक टीम गठित की गई। इसमें डॉक्टर राकेश, डॉ. राजकरण, डॉ. सरिता एसडीसीओ राकेश दहिया, डीसीओ विजया राजे व झज्जर सीआईए पुलिस शामिल रही। टीम ने बहादुरगढ़ के गांव टांडाहेड़ी की एक गर्भवती महिला को बनावटी ग्राहक बनाया, बाद में यह महिला मूल रूप से जींद के रहने वाले एक दंपति से मिली। यह दंपति महिला को लेकर दिल्ली पहुंच गए। एजेंट ने कार्रवाई से बचने व किसी को इसका पता न चले इसको लेकर सुबह का वक्त तय किया।
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पीएनडीटी के नोडल ऑफिसर एवं डिप्टी सीएमओ डॉ. राकेश ने बताया कि विभाग को शिकायत मिल रही थी कि जिले के साथ सटे दिल्ली क्षेत्र में भ्रूण लिंग जांच का कार्य हो रहा है। यहां एजेंटों के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को लेे जाकर उनके गर्भ में पल रहे बच्चे के लिंग की जांच हो रही है। जिस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए टीम ने सुबह से ही झज्जर पुलिस को साथ लेकर जाल बिछाया। यही नहीं जहां पर यह जांच हो रही थी वहां के डॉक्टर व इस कार्य में संलिप्त अन्य को पकड़ने के लिए बहादुरगढ़ के एक गांव से तीन माह की गर्भवती महिला को ग्राहक बनाकर भेजा गया।
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एजेंट्स दंपति बिंदुबाला व उसके पति जोगेंद्र के जरिये 15 हजार में भ्रूण की जांच का सौदा तय हुआ। जब गर्भवती महिला अल्ट्रासाउंड करवाकर व उक्त नकदी एजेंट्स व डॉक्टर को देकर बाहर निकली तो टीम ने दिल्ली के पश्चिमी जिला के पीएनडीटी नोडल ऑफिसर डॉ. सत्यजीत, पटेल नगर के एसडीएम रमेश कुमार व पुलिस टीम के साथ छापेमार कार्रवाई की। डॉ. राकेश ने बताया कि भ्रूण लिंग जांच के लिए गर्भवती महिला से जो 15 हजार रुपये लिए गए थे। उसमें से तीन हजार तो डॉ. एमएल रतन के पास से बरामद कर लिए, जबकि 11 हजार दंपती एजेंट्स जो कि महिला को उक्त डॉक्टर के अल्ट्रासाउंड सेंटर पर लेकर गए थे उनके पास से।
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इस मामले में डॉक्टर, एजेंट्स व एक महिला के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। महिला फिलहाल पुलिस पकड़ से बाहर है। आरोप है कि एक हजार रुपये वह लेकर निकल गई थी। दूसरी तरफ जिस डॉक्टर व एजेंट पर भ्रूण लिंग जांच करने व कराने के आरोप लगे हैं उन्होंने इस कार्रवाई पर सवाल उठाया है। उन्होंने भ्रूण लिंग जांच से कोई लेना-देना नहीं बताया। उधर, टीम ने इस मामले में डॉ. रतन अल्ट्रासाउंड सेंटर से छापा मार कार्रवाई दौरान जांच के लिए दिए गए 15 हजार में से 14 हजार नकद बरामद किए। चार यूएसजी मशीन, रिकार्ड, दो यूएसजी रजिस्टर, थर्मल सीट व कुछ अन्य सामान बरामद किया है।
सुबह के वक्त हुई कार्रवाई
दिल्ली के जनकपुरी में चल रहे भ्रूण लिंग जांच की सूचना मिलने के बाद झज्जर जिले के स्वास्थ्य अधिकारियों की एक टीम गठित की गई। इसमें डॉक्टर राकेश, डॉ. राजकरण, डॉ. सरिता एसडीसीओ राकेश दहिया, डीसीओ विजया राजे व झज्जर सीआईए पुलिस शामिल रही। टीम ने बहादुरगढ़ के गांव टांडाहेड़ी की एक गर्भवती महिला को बनावटी ग्राहक बनाया, बाद में यह महिला मूल रूप से जींद के रहने वाले एक दंपति से मिली। यह दंपति महिला को लेकर दिल्ली पहुंच गए। एजेंट ने कार्रवाई से बचने व किसी को इसका पता न चले इसको लेकर सुबह का वक्त तय किया।