फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   Convict sentenced to

Jhajjar-Bahadurgarh News: नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की सजा, पीड़िता को 4 लाख मुआवजा देने का आदेश

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 21 Jul 2026 01:57 AM IST
विज्ञापन
Convict sentenced to
झज्जर। विशेष पॉक्सो अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में आरोपी गोपाल वर्मा को दोषी ठहराते हुए 20 साल की सजा सुनाई है। यह सजा अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश मोना सिंह की अदालत ने सुनाई साथ ही दोषी पर 10,000 रुपये जुर्माना लगाया है।
विज्ञापन

शिकायतकर्ता ने 18 मई 2023 को महिला थाना में शिकायत दी थी कि उसकी नाबालिग बेटी का बहला-फुसलाकर अपहरण कर लिया गया है। शिकायत में बताया गया कि लड़की 15 मई 2023 से लापता थी और परिजनों के काफी तलाश के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं लग सका। जांच के दौरान एक जुलाई 2023 को पुलिस ने नाबालिग को राजस्थान के श्रीगंगानगर क्षेत्र से बरामद कर लिया। पीड़िता ने आरोपी गोपाल वर्मा पर दुष्कर्म के आरोप लगाए। इसके बाद पुलिस ने मामले में दुष्कर्म और पॉक्सो अधिनियम की धाराएं भी जोड़ दीं। जांच के दौरान 5 जुलाई 2023 को आरोपी गोपाल वर्मा को गिरफ्तार कर लिया गया।
विज्ञापन



मेडिकल जांच में नाबालिग गर्भवती थी
मेडिकल जांच में नाबालिग लड़की गर्भवती थी। बाद में बेहतर उपचार के लिए उसे पीजीआई रोहतक रेफर किया गया जहां डॉक्टरों की देखरेख में इलाज चला। पुलिस ने पीड़िता के बयान, मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटनास्थल का निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य भी एकत्र किए।
विज्ञापन
विज्ञापन



सीडब्ल्यूसी से कराई थी काउंसिलिंग
मामले की जांच के दौरान पीड़िता की चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (सीडब्ल्यूसी) के माध्यम से काउंसलिंग भी कराई गई। पुलिस ने एफएसएल जांच, मेडिकल रिपोर्ट, पीड़िता के बयान और अन्य साक्ष्यों को केस डायरी का हिस्सा बनाते हुए नियमानुसार अदालत में चालान प्रस्तुत कर दिया।



चार लाख रुपये मुआवजे का आदेश
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि इस अपराध से पीड़िता को शारीरिक और मानसिक पीड़ा का सामना करना पड़ा है। इसी को ध्यान में रखते हुए न्यायालय ने पीड़िता को 4 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया। अदालत के निर्देशानुसार यह राशि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण झज्जर की तरफ से तत्काल पीड़िता के नाम किसी राष्ट्रीयकृत बैंक में फिक्स्ड डिपॉजिट के रूप में जमा कराई जाएगी। यह राशि पीड़िता के बालिग होने तक नहीं निकाली जा सकेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed