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लोक अदालत को लेकर प्रचार अभियान चलाया
Updated Wed, 06 Dec 2017 12:58 AM IST
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छात्राओं को दी लोक अदालत की जानकारी
अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी।
नौ दिसंबर को कोर्ट परिसर में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के संदर्भ में सीनियर पीएलवी रोहताश शर्मा और उनके सहयोगियों ने संतरा देवी शिक्षण महाविद्यालय समसपुर का दौरा कर शिक्षकों और छात्राओं को लोक अदालत की जानकारी दी।
सीनियर पीएलवी रोहताश शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत के तहत नि:शुल्क कानूनी सेवा मिलती है। सभी दीवानी, मोटर चालान, आपराधिक, राजस्व और प्रशासनिक मुकदमे आपसी सहमति से निपटाए जाते हैं। उन्होंने बताया कि लोक अदालत में दोनों पक्षों की सहमति से मामले सुलझाए जाते हैं। इससे दोनों ही पक्ष लंबी कानूनी प्रक्रिया और खर्चे से बच जाते हैं। बार-बार कोर्ट के चक्कर नहीं काटने पड़ते साथ ही लोक अदालत के फैसले के उपरांत कहीं और अपील भी नहीं की जा सकती। इससे दोनों पक्षों को समान न्याय मिलता है। इससे सौहार्द और भाईचारे की भावना का विकास का होता है। लोक अदालत में फीस का भी प्रावधान नहीं होता। इस मौके पर कॉलेज निदेशक अनिल धनखड़, प्राचार्य डॉ. अनिल हुड्डा, डॉ. देवेंद्र, डॉ. अनीता, दयावंती, मोनिका, सूरज, सतपाल, बीर सिंह, मोहित, अनिल, जयवीर, नरेंद्र, निशा, रेखा, सुनीता, अंजलि, नीति, रेणु, कीर्ति, पूजा, निशू समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी।
नौ दिसंबर को कोर्ट परिसर में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के संदर्भ में सीनियर पीएलवी रोहताश शर्मा और उनके सहयोगियों ने संतरा देवी शिक्षण महाविद्यालय समसपुर का दौरा कर शिक्षकों और छात्राओं को लोक अदालत की जानकारी दी।
सीनियर पीएलवी रोहताश शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत के तहत नि:शुल्क कानूनी सेवा मिलती है। सभी दीवानी, मोटर चालान, आपराधिक, राजस्व और प्रशासनिक मुकदमे आपसी सहमति से निपटाए जाते हैं। उन्होंने बताया कि लोक अदालत में दोनों पक्षों की सहमति से मामले सुलझाए जाते हैं। इससे दोनों ही पक्ष लंबी कानूनी प्रक्रिया और खर्चे से बच जाते हैं। बार-बार कोर्ट के चक्कर नहीं काटने पड़ते साथ ही लोक अदालत के फैसले के उपरांत कहीं और अपील भी नहीं की जा सकती। इससे दोनों पक्षों को समान न्याय मिलता है। इससे सौहार्द और भाईचारे की भावना का विकास का होता है। लोक अदालत में फीस का भी प्रावधान नहीं होता। इस मौके पर कॉलेज निदेशक अनिल धनखड़, प्राचार्य डॉ. अनिल हुड्डा, डॉ. देवेंद्र, डॉ. अनीता, दयावंती, मोनिका, सूरज, सतपाल, बीर सिंह, मोहित, अनिल, जयवीर, नरेंद्र, निशा, रेखा, सुनीता, अंजलि, नीति, रेणु, कीर्ति, पूजा, निशू समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
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