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कृषि मंत्री आवास के बाहर घंटों डटी रही आंगनवाड़ी कार्यकर्ता
Updated Tue, 20 Feb 2018 02:00 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पिछले कई दिनों से झज्जर के लघु सचिवालय में अनिश्चितकालीन धरना दे रही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सब्र का बांध सोमवार को टूट गया। उन्होंने अपनी मांगों को लेकर शहरभर मेें न सिर्फ प्रदर्शन किया बल्कि सूबे के कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ के आवास का घेराव करने का भी प्रयास किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों व पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई।
प्रदर्शनकारी महिलाएं कृषि मंत्री आवास तक जाना चाहती थीं, लेकिन पुलिस ने मंत्री आवास पहुंचने से कुछ मीटर की दूरी पर ही रोक लिया। बाद में प्रदर्शनकारी मंत्री आवास के नजदीक ही सड़क के बीचोंबीच बैठ गईं। पुलिस को यातायात व्यवस्था सुचारू चलाए रखने के लिए बेरिकेटिंग करवानी पड़ी। हालांकि इस दौरान प्रदर्शनकारियों की जिद्द पर मंत्री के पीए ने टेलीफोन पर ही मंत्री से आवास आने का कार्यक्रम पूछा था। मंत्री की तरफ से आंगनबाड़ी वर्करों से शाम करीब पांच बजे का समय भी निर्धारित किया गया था। लेकिन घंटों बीत जाने के बाद भी मंत्री झज्जर में अपने आवास पर नहीं पहुंचे। यही वजह रही कि प्रदर्शनकारियों को पांच घंटे से भी ज्यादा समय तक मंत्री आवास के बाहर ही सड़क पर जाम लगा कर बैठे रहना पड़ा। प्रदर्शन करने से पहले सभी आंगनबाड़ी वर्कर्स यहां लघु सचिवालय पर एकत्रित हुई। वे न्यूनतम वेतन लागू करने और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने आदि की मांगें कर रहीं थीं।
यहां आक्रोश जाहिर करने के लिए उन्होंने कैबिनेट मंत्री ओपी धनखड़ का पुतला तैयार किया। बाद में इन सभी ने धनखड़ के पुतले की शवयात्रा निकाली और उसका दहन किया। प्रदर्शन के दौरान ये सभी आंगनबाड़ी वर्कर्ज अपने हाथों में काले झंडे लिए हुए थीं। हाथों में ली थाली बजाते हुए इन महिलाओं ने शहर भर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी महिलाएं शहर के राव तुलाराम चौक, सिलानी गेट, अंबेडकर चौक, पुराना बस स्टैंड रोड से होते हुए कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ के झज्जर निवास पर पहुंची। यहां पुलिसकर्मियों ने बेरिकेट लगाकर उन्हें रोक दिया। इस दौरान उनकी पुलिस से हल्की धक्का मुक्की भी हुई। चम्मच से थाली बजाकर उन्होंने हल्ला भी किया और कृषि मंत्री निवास के करीब पचास मीटर पहले ही पुतला फूंका। सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वर्कर यूनियन की प्रदेशाध्यक्ष छोटा गहलोत ने बताया कि सरकार आंगनबाड़ी वर्करों के हितों की अनदेखी कर रही है। जिससे उनमें रोष बना हुआ है। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करेगी, तब तक उनका धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। वर्कर्स की मांग थी कि कृषि मंत्री स्वयं आकर उनसे मिलें। वहीं शाम को वर्कर्स को संदेश दिया गया कि कृषि मंत्री 20 फरवरी को सुबह दस बजे वर्कर्स से मिलेंगे। यह आश्वासन मिलने के बाद वर्कर्स कृषि मंत्री के आवास से उठ गई।
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झज्जर।
अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पिछले कई दिनों से झज्जर के लघु सचिवालय में अनिश्चितकालीन धरना दे रही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सब्र का बांध सोमवार को टूट गया। उन्होंने अपनी मांगों को लेकर शहरभर मेें न सिर्फ प्रदर्शन किया बल्कि सूबे के कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ के आवास का घेराव करने का भी प्रयास किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों व पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई।
प्रदर्शनकारी महिलाएं कृषि मंत्री आवास तक जाना चाहती थीं, लेकिन पुलिस ने मंत्री आवास पहुंचने से कुछ मीटर की दूरी पर ही रोक लिया। बाद में प्रदर्शनकारी मंत्री आवास के नजदीक ही सड़क के बीचोंबीच बैठ गईं। पुलिस को यातायात व्यवस्था सुचारू चलाए रखने के लिए बेरिकेटिंग करवानी पड़ी। हालांकि इस दौरान प्रदर्शनकारियों की जिद्द पर मंत्री के पीए ने टेलीफोन पर ही मंत्री से आवास आने का कार्यक्रम पूछा था। मंत्री की तरफ से आंगनबाड़ी वर्करों से शाम करीब पांच बजे का समय भी निर्धारित किया गया था। लेकिन घंटों बीत जाने के बाद भी मंत्री झज्जर में अपने आवास पर नहीं पहुंचे। यही वजह रही कि प्रदर्शनकारियों को पांच घंटे से भी ज्यादा समय तक मंत्री आवास के बाहर ही सड़क पर जाम लगा कर बैठे रहना पड़ा। प्रदर्शन करने से पहले सभी आंगनबाड़ी वर्कर्स यहां लघु सचिवालय पर एकत्रित हुई। वे न्यूनतम वेतन लागू करने और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने आदि की मांगें कर रहीं थीं।
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यहां आक्रोश जाहिर करने के लिए उन्होंने कैबिनेट मंत्री ओपी धनखड़ का पुतला तैयार किया। बाद में इन सभी ने धनखड़ के पुतले की शवयात्रा निकाली और उसका दहन किया। प्रदर्शन के दौरान ये सभी आंगनबाड़ी वर्कर्ज अपने हाथों में काले झंडे लिए हुए थीं। हाथों में ली थाली बजाते हुए इन महिलाओं ने शहर भर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी महिलाएं शहर के राव तुलाराम चौक, सिलानी गेट, अंबेडकर चौक, पुराना बस स्टैंड रोड से होते हुए कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ के झज्जर निवास पर पहुंची। यहां पुलिसकर्मियों ने बेरिकेट लगाकर उन्हें रोक दिया। इस दौरान उनकी पुलिस से हल्की धक्का मुक्की भी हुई। चम्मच से थाली बजाकर उन्होंने हल्ला भी किया और कृषि मंत्री निवास के करीब पचास मीटर पहले ही पुतला फूंका। सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वर्कर यूनियन की प्रदेशाध्यक्ष छोटा गहलोत ने बताया कि सरकार आंगनबाड़ी वर्करों के हितों की अनदेखी कर रही है। जिससे उनमें रोष बना हुआ है। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करेगी, तब तक उनका धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। वर्कर्स की मांग थी कि कृषि मंत्री स्वयं आकर उनसे मिलें। वहीं शाम को वर्कर्स को संदेश दिया गया कि कृषि मंत्री 20 फरवरी को सुबह दस बजे वर्कर्स से मिलेंगे। यह आश्वासन मिलने के बाद वर्कर्स कृषि मंत्री के आवास से उठ गई।
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