{"_id":"5c61d755bdec22737d20ce1e","slug":"11549915989-jhajjar-bahadurgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"छारा में किसानों के धरने पर पहुंचे अधिकारी, किसान बोले मुआवजे के बाद समाप्त होगा धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छारा में किसानों के धरने पर पहुंचे अधिकारी, किसान बोले मुआवजे के बाद समाप्त होगा धरना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
बहादुरगढ़। मुआवजा बढ़ोतरी की मांग कर रहे छारा के किसानों का धरना आठवें दिन प्रवेश कर गया। सोमवार को डीआरओ खुद मौके पर पहुंचे और उन्होंने किसानों को वार्ता का निमंत्रण दिया। उधर, किसानों ने वार्ता निमंत्रण तो स्वीकार कर लिया, लेकिन ये भी कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती धरना जारी रहेगा।
1.20 करोड़ रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजे की मांग
दरअसल, हाइवे विस्तारीकरण के लिए छारा, भापड़ोदा सहित कई गांवों की जमीन अधिग्रहित की गई थी लेकिन जब मुआवजा मिलने की प्रक्रिया शुरू हुई तो छारा के किसान बिफर गए। इन किसानों का तर्क था कि उन्हें दूसरे गांवों मुकाबले बेहद कम मुआवजा मिल रहा है। फिलहाल इन्हें 40 लाख प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा मिल रहा है, लेकिन किसान एक करोड़ 20 लाख प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजे की मांग कर रहे हैं। इसी मांग को लेकर ये आठ दिन से गांव में धरने पर हैं। रोजाना कई गांवों के लोग इन्हें समर्थन दे रहे हैं।
महापंचायत के फैसले के बाद हरकत में आए अधिकारी
कई दिन से जारी इस धरने पर कोई अधिकारी नहीं पहुंचा। रविवार को जब धरने पर मौजूद किसानों व अन्य गांवों के लोगों ने 17 फरवरी को महापंचायत बुलाने का फैसला लिया तो अधिकारी हरकत में आए। सोमवार को जिला राजस्व अधिकारी एमएस सांगवान. धरने पर किसानों के बीच पहुंचे। उन्होंने बातचीत के लिए किसानों को आमंत्रित किया। आज मंगलवार को डीआरओ कार्यालय में किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल अधिकारियों से बातचीत करेगा।
विज्ञापन
धरने का नेतृत्व कर रहे रमेश दलाल ने कहा कि हमने पहले ही साफ कर दिया था कि बिना किसी अधिकृत निमंत्रण के बातचीत नहीं करेंगे। चूंकि अब अधिकारी ने खुद आकर निमंत्रण दिया है तो बातचीत करने में कोइ हर्ज नहीं। बातचीत में देखते हैं क्या होता है, लेकिन इतना तय है कि जब तक उनकी मांग नहीं मानी जाती धरना जारी रहेगा और 17 फरवरी को महापंचायत भी होगी। आर्य प्रमोद ने कहा कि सोमवार को डाबोदा के काफी लोगों ने धरने को समर्थन दिया। इस मौके पर सतपाल पहलवान, बलराज खरहर, डॉ. सुरेश, कैप्टन मान सिंह, अनिल आसौदा, बबलू सरपंच, संजय दलाल, मास्टर साहब सिंह, दीपक दलाल आदि उपस्थित रहे।
--फोटो 8 : हाथ उठाकर छारा के किसानों को समर्थन देते दूसरे गांव से आए किसान।
विज्ञापन
बहादुरगढ़। मुआवजा बढ़ोतरी की मांग कर रहे छारा के किसानों का धरना आठवें दिन प्रवेश कर गया। सोमवार को डीआरओ खुद मौके पर पहुंचे और उन्होंने किसानों को वार्ता का निमंत्रण दिया। उधर, किसानों ने वार्ता निमंत्रण तो स्वीकार कर लिया, लेकिन ये भी कहा कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती धरना जारी रहेगा।
1.20 करोड़ रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजे की मांग
दरअसल, हाइवे विस्तारीकरण के लिए छारा, भापड़ोदा सहित कई गांवों की जमीन अधिग्रहित की गई थी लेकिन जब मुआवजा मिलने की प्रक्रिया शुरू हुई तो छारा के किसान बिफर गए। इन किसानों का तर्क था कि उन्हें दूसरे गांवों मुकाबले बेहद कम मुआवजा मिल रहा है। फिलहाल इन्हें 40 लाख प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा मिल रहा है, लेकिन किसान एक करोड़ 20 लाख प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजे की मांग कर रहे हैं। इसी मांग को लेकर ये आठ दिन से गांव में धरने पर हैं। रोजाना कई गांवों के लोग इन्हें समर्थन दे रहे हैं।
विज्ञापन
महापंचायत के फैसले के बाद हरकत में आए अधिकारी
कई दिन से जारी इस धरने पर कोई अधिकारी नहीं पहुंचा। रविवार को जब धरने पर मौजूद किसानों व अन्य गांवों के लोगों ने 17 फरवरी को महापंचायत बुलाने का फैसला लिया तो अधिकारी हरकत में आए। सोमवार को जिला राजस्व अधिकारी एमएस सांगवान. धरने पर किसानों के बीच पहुंचे। उन्होंने बातचीत के लिए किसानों को आमंत्रित किया। आज मंगलवार को डीआरओ कार्यालय में किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल अधिकारियों से बातचीत करेगा।
विज्ञापन
धरने का नेतृत्व कर रहे रमेश दलाल ने कहा कि हमने पहले ही साफ कर दिया था कि बिना किसी अधिकृत निमंत्रण के बातचीत नहीं करेंगे। चूंकि अब अधिकारी ने खुद आकर निमंत्रण दिया है तो बातचीत करने में कोइ हर्ज नहीं। बातचीत में देखते हैं क्या होता है, लेकिन इतना तय है कि जब तक उनकी मांग नहीं मानी जाती धरना जारी रहेगा और 17 फरवरी को महापंचायत भी होगी। आर्य प्रमोद ने कहा कि सोमवार को डाबोदा के काफी लोगों ने धरने को समर्थन दिया। इस मौके पर सतपाल पहलवान, बलराज खरहर, डॉ. सुरेश, कैप्टन मान सिंह, अनिल आसौदा, बबलू सरपंच, संजय दलाल, मास्टर साहब सिंह, दीपक दलाल आदि उपस्थित रहे।
--फोटो 8 : हाथ उठाकर छारा के किसानों को समर्थन देते दूसरे गांव से आए किसान।