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Hisar News: पर्यावरण विज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी में सतत नवाचारों पर विचार किए साझा
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विशेषज्ञ वक्ता को सम्मानित करते प्रो. विनोद छोकर
हिसार। गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के सीआरएस ऑडिटोरियम में आयोजित दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन सस्टेनेबल इनोवेशन्स इन लाइफ साइंसेज, फूड, एनवायरनमेंट एंड बायोटेक्नोलॉजी (आईसी-एसआईएलएफईबी-2026) शुक्रवार को संपन्न हो गया। सम्मेलन में देश-विदेश के वैज्ञानिकों, शिक्षाविदों और युवा शोधकर्ताओं ने जीवन विज्ञान, खाद्य प्रौद्योगिकी, पर्यावरण विज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी में सतत नवाचारों पर विचार साझा किए।
सम्मेलन की संयोजक आशा गुप्ता रहीं जबकि अनिल कुमार और अराधिता बी राय सह-संयोजक के रूप में शामिल रहे। संगठन सचिव के रूप में रविंदर कुमार, पुष्पा रानी और उस्मान अली ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सम्मेलन के विभिन्न आमंत्रित वक्ता सत्रों में विशेषज्ञों ने कृषि जैव प्रौद्योगिकी, खाद्य प्रौद्योगिकी, पर्यावरणीय स्थिरता और पारिस्थितिकी तंत्र प्रबंधन से जुड़े नवीनतम शोध और वैज्ञानिक प्रगति पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में लगभग 400 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। इनमें 280 शोधकर्ताओं ने पोस्टर प्रस्तुति के माध्यम से अपने शोध कार्य प्रस्तुत किए, जबकि अन्य प्रतिभागियों ने तकनीकी सत्रों में मौखिक प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों में जीवन विज्ञान, खाद्य विज्ञान, पर्यावरणीय स्थिरता और जैव प्रौद्योगिकी से जुड़े नवोन्मेषी शोध कार्यों को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया।
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सम्मेलन की संयोजक आशा गुप्ता रहीं जबकि अनिल कुमार और अराधिता बी राय सह-संयोजक के रूप में शामिल रहे। संगठन सचिव के रूप में रविंदर कुमार, पुष्पा रानी और उस्मान अली ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सम्मेलन के विभिन्न आमंत्रित वक्ता सत्रों में विशेषज्ञों ने कृषि जैव प्रौद्योगिकी, खाद्य प्रौद्योगिकी, पर्यावरणीय स्थिरता और पारिस्थितिकी तंत्र प्रबंधन से जुड़े नवीनतम शोध और वैज्ञानिक प्रगति पर प्रकाश डाला।
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कार्यक्रम में लगभग 400 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। इनमें 280 शोधकर्ताओं ने पोस्टर प्रस्तुति के माध्यम से अपने शोध कार्य प्रस्तुत किए, जबकि अन्य प्रतिभागियों ने तकनीकी सत्रों में मौखिक प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों में जीवन विज्ञान, खाद्य विज्ञान, पर्यावरणीय स्थिरता और जैव प्रौद्योगिकी से जुड़े नवोन्मेषी शोध कार्यों को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया।
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