{"_id":"687fe9fa46fbab38ee0c8a3e","slug":"selling-pesticides-sprays-etc-with-fertilizers-is-completely-illegal-action-will-be-taken-dr-sachin-ahlawat-hisar-news-c-21-1-hsr1020-672519-2025-07-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"खाद के साथ कीटनाशक, स्प्रे आदि जबरदस्ती बेचना पूरी तरह से अवैध, होगी कार्रवाई: डॉ. सचिन अहलावत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खाद के साथ कीटनाशक, स्प्रे आदि जबरदस्ती बेचना पूरी तरह से अवैध, होगी कार्रवाई: डॉ. सचिन अहलावत
विज्ञापन
विज्ञापन
हिसार। कृषि विभाग के कृषि विकास अधिकारी डॉ. सचिन अहलावत ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि किसानों को समय पर और उचित दामों पर उर्वरक (यूरिया, डीएपी) उपलब्ध करवाई जाए। कोई भी खाद विक्रेता निर्धारित दरों से अधिक मूल्य पर खाद न बेचे।खाद के साथ कीटनाशक, स्प्रे आदि जबरदस्ती बेचना पूरी तरह से अवैध है। ऐसा करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. सचिन अहलावत ने कहा कि यदि कोई विक्रेता ऐसा करता है तो किसान तुरंत कृषि विभाग को इसकी शिकायत दें। विभाग द्वारा नियम अनुसार जांच करके दोषियों पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसान अपना हक जानते हुए जागरूक रहें और किसी भी तरह की अनियमितता को सहन न करें। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति कृषि में प्रयोग होने वाली यूरिया की गाड़ी को किसी प्लाई फैक्ट्री या अन्य औद्योगिक इकाई में जाते हुए पकड़वाता है, तो उसे कृषि विभाग की सभी योजनाओं से जोड़ा जाएगा और विभाग की ओर से उसे एक जागरूक नागरिक के रूप में सम्मानित भी किया जाएगा। डॉ. सचिन अहलावत ने किसानों से अपील की कि यदि उन्हें खाद लेने में किसी तरह की परेशानी हो या कोई विक्रेता निर्धारित
दरों से अधिक मूल्य वसूल रहा हो, तो वे तुरंत अपने नजदीकी कृषि अधिकारी या विभागीय हेल्पलाइन से संपर्क करें।
डॉ. सचिन अहलावत ने कहा कि यदि कोई विक्रेता ऐसा करता है तो किसान तुरंत कृषि विभाग को इसकी शिकायत दें। विभाग द्वारा नियम अनुसार जांच करके दोषियों पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसान अपना हक जानते हुए जागरूक रहें और किसी भी तरह की अनियमितता को सहन न करें। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति कृषि में प्रयोग होने वाली यूरिया की गाड़ी को किसी प्लाई फैक्ट्री या अन्य औद्योगिक इकाई में जाते हुए पकड़वाता है, तो उसे कृषि विभाग की सभी योजनाओं से जोड़ा जाएगा और विभाग की ओर से उसे एक जागरूक नागरिक के रूप में सम्मानित भी किया जाएगा। डॉ. सचिन अहलावत ने किसानों से अपील की कि यदि उन्हें खाद लेने में किसी तरह की परेशानी हो या कोई विक्रेता निर्धारित
विज्ञापन
दरों से अधिक मूल्य वसूल रहा हो, तो वे तुरंत अपने नजदीकी कृषि अधिकारी या विभागीय हेल्पलाइन से संपर्क करें।