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मोबाइल नेट, शराब ठेके बंद, हालत से निपटने के लिए मांगी सेना की टुकड़ी
अमर उजाला ब्यूरो/हिसार
Updated Sun, 19 Mar 2017 12:16 AM IST
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- फोटो : Bureau
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दिल्ली कूच से निपटने के लिए प्रशासन ने जिले में धारा 144 के बाद मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगा दी है। आगामी आदेशों तक जिले में सभी शराब ठेके बंद रहेंगे। 31 ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। दस रिजर्व ड्यूटी मजिस्ट्रेट भी लगाए गए हैं। प्रशासन ने स्थिति को गंभीर मानते हुए सेना की टुकड़ी भी मांगी है। अगर बातचीत से हल नहीं निकला तो 20 को रोडवेज सेवा भी बंद रहेगी।
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जिला प्रशासन ने अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति की ओर से 20 मार्च के दिल्ली कूच से निपटने के लिए शनिवार को लघु सचिवालय के सभागार में एक्शन प्लान तैयार किया। मीटिंग में सभी ड्यूटी मजिस्ट्रेट के अलावा पुलिस व सेना के अधिकारी शामिल हुए। डीसी निखिल गजराज की ओर से धारा 144 लागू करने के बाद शनिवार दोपहर को मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगा दी। जिले के सभी शराब ठेकों को आगामी आदेश तक बंद करने के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं। अधिकारियों की टीम को निर्देश दिया गया है कि वह शराब ठेके का औचक निरीक्षण कर अपनी रिपोर्ट दें।
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खुले में डीजल दिया तो होगी कार्रवाई
जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक के माध्यम से सभी पेट्रोल पंप संचालकों को खुले में डीजल न देने का आदेश दिया गया है। अगले आदेश तक केवल वाहन की टंकी में डीजल डाला जाएगा। अगर किसी पंप संचालक की ओर से इसका उल्लंघन किया गया तो सीधे पंप संचालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। आरक्षण आंदोलन में दिल्ली कूच को लेकर प्रशासन ने सभी पंच, सरपंच, ब्लॉक समिति के अन्य लोगों से संपर्क करने का फैसला लिया है। इन लोगों के जरिए दिल्ली कूच करने वालों को समझाने का प्रयास होगा।
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नाम से दर्ज होंगे केस
एसपी राजेंद्र कुमार मीणा ने कहा कि आरक्षण आंदोलन के दौरान यदि कोई भी व्यक्ति कानून का उल्लंघन करेगा तो अबकी बार नाम के साथ एफआईआर दर्ज की जाएगी। अज्ञात या भीड़ के नाम पर केस रजिस्टर नहीं होंगे।
जरूरत पड़ी तो रासुका
एसपी राजेंद्र कुमार मीणा ने कहा कि जिले में किसी भी हालत में कानून व्यवस्था नहीं बिगड़ने देंगे। हाईवे पर ट्रैक्टर ट्रॉली को नहीं चलने दिया जाएगा। ऐसा करने वालों को रोका जाएगा। अगर किसी ने जबरदस्ती का प्रयास किया तो ट्रैक्टर ट्रॉली इंपाउंड करेंगे। जरूरत पड़ी तो रासुका के तहत भी कार्यवाही होगी।
31 ड्यूटी मजिस्ट्रेट संभालेंगे कमान
डीसी ने जिले में 31 ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुुक्त किए हैं। इसके अलावा 10 रिजर्व ड्यूटी मजिस्ट्रेट भी लगाए गए हैं। हर एक ड्यूटी मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस अधिकारी मौजूद रहेगा। ड्यूटी मजिस्ट्रेट को पूरे अधिकार दिए गए हैं। स्थिति के अनुसार पुलिस बल प्रयोग का फैसला ले सकेंगे। सभी एसडीएम अपने अपने एरिया के ओवरऑल इंचार्ज नियुक्त किए गए हैं।
विभागाध्यक्षों को सुरक्षा पुख्ता करने के निर्देश
डीसी ने विभागाध्यक्षों को अपने-अपने कार्यालयों की सुरक्षा के निर्देश दिए हैं। आदेशों में कहा गया है कि जाट आरक्षण संघर्ष समिति की ओर से 20 मार्च को दिल्ली कूच के तहत जिले में स्थित सभी सरकारी, अर्ध सरकारी कार्यालयों की सुरक्षा के लिए चौकीदार की तैनाती करके अपने-अपने कार्यालयों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
सेना से किया संपर्क
जिला प्रशासन ने इस बार आंदोलन में हजारों की संख्या का अनुमान लगाते हुए स्थिति को क्रिटिकल माना है। इसके चलते सेना के अधिकारियों से संपर्क किया गया है। जिले में हालात नियंत्रण करने के लिए सेना की टुकड़ी मांगी गई हैं। हालांकि जिला प्रशासन को अभी सेना की टुकड़ी नहीं मिली है।