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सात साल से सेक्टर-14 पार्ट टू के प्लॉट धारकों न मिला कब्जा, न हटा डिस्पोजल

Thu, 08 Jul 2021 01:06 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 08 Jul 2021 01:06 AM IST
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For seven years, the plot holders of Sector-14 Part Two did not get possession, did not remove the disposal
अमित भारद्वाज
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हिसार। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) सात साल बाद भी सेक्टर-14 पार्ट टू के प्लॉट धारकों को न तो कब्जा दे सका और न ही वहां बने डिस्पोजल को हटा पाया। उधर, धारक प्लॉट पर कब्जा पाने के लिए हर तरह के प्रयास कर चुके हैं, मगर हर तरफ से उन्हें निराशा ही हाथ लगी है।
बता दें कि वर्ष 2014 में एचएसवीपी ने सेक्टर-14 पार्ट टू के प्लॉट आवंटित किए थे। इनमें से करीब 100 प्लॉट के वहां बने सीवर डिस्पोजल की जमीन पर थे, जिसमें से करीब 16 प्लॉट आवंटित किए गए थे। विभाग द्वारा इस डिस्पोजल को शिफ्ट किया जाना प्रस्तावित था। मगर आज तक विभाग इस डिस्पोजल को शिफ्ट नहीं कर सका हैं। इसके अलावा विभाग को तीन साल में प्लॉट धारक को कब्जा देना होता है, लेकिन सात साल बाद भी कब्जा नहीं दे पाया है। संवाद
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पुराने डिस्पोजल ने सेक्टरवासियों का रास्ता भी रोका
यह डिस्पोजल सेक्टरवासियों के लिए भी परेशानी का कारण बना हुआ है। दरअसल, सेक्टर-14 पार्ट टू से सेक्टर 14 के शॉपिंग कांप्लेक्स का रास्ता भी इस डिस्पोजल की जगह में से ही बनना है। डिस्पोजल के न हटने से वह रास्ता भी नहीं बन पा रहा है। एचएसवीपी ने नवंबर 2020 में पुराने डिस्पोजल को हटाने के मकसद से इसकी बोली कराने का फैसला किया। इसके लिए दिन व समय भी निर्धारित कर लिया गया। मगर अचानक ही बोली कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया, जिस कारण पुराने डिस्पोजल को हटाने की कार्रवाई फिर से ठंडे बस्ते में चली गई।
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नए डिस्पोजल के निर्माण की प्रक्रिया अभी तक कागजों में
उधर, नए डिस्पोजल की निर्माण की प्रक्रिया अभी तक कागजों में चल रही है। इसे धरातल पर लाने में कुछ वक्त लगेगा। विभाग के अधिकारियों की मानें तो अभी तक नए डिस्पोजल की ड्राइंग ही फाइनल नहीं हुई है। इस लिहाज से अभी सेक्टरवासियों को कब्जे के लिए और इंतजार करना पड़ेगा। इस डिस्पोजल के शिफ्ट न होने से विभाग न तो बेचे गए प्लॉट के मालिकों को कब्जा दे पा रहा है और न ही बाकी बचे प्लॉट को बेच पा रहा है। यही नहीं कब्जा न पाने की एवज में उसे उन प्लॉट धारकों को ब्याज भी देना पड़ रहा है।

विभाग की कार्यप्रणाली की यह हालत है कि सात साल बाद भी वह प्लॉट धारकों को कब्जा नहीं दे पाया। डिस्पोजल शिफ्ट न होने से सेक्टरवासियों को भी परेशानी हो रही है। एसोसिएशन इसे लेकर सीएम विंडो पर भी शिकायत दे चुकी है, लेकिन आज तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हो सका है।
- प्रवीण सिंघल, संरक्षक, आरडब्ल्यूए, सेक्टर-14 पार्ट टू
यह मामला मेरी जानकारी में नहीं है। मैं इस बारे में अधिकारियों से बात करके कुछ बता सकूंगा। - उदय सिंह, संपदा अधिकारी, एचएसवीपी
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