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सूर्य नगर आरओबी के निर्माण में वाहन चालक बने बाधा
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हिसार। सूर्य नगर रेलवे फाटक पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) व अंडरब्रिज (आरयूबी) के निर्माण में वाहन बाधा बन रहे हैं। लगातार वाहनों के गुजरने से पाइल बिछाने के काम में रुकावट आ रही है। साथ ही हादसे की संभावना बनी हुई है। एजेंसी का कहना है कि अगर वाहनों का रूट डायवर्ट किया जाए तो काम तेजी से हो सकेगा।
बता दें कि निर्माणाधीन आरओबी व आरयूबी में बीएंडआर के हिस्से का 70 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। वहीं रेलवे के हिस्से पर काम अभी शुरुआती चरण में हैं। फिलहाल एजेंसी की तरफ से पाइल बिछाने का काम किया जा रहा है। एजेंसी की तरफ से सेक्टर 1-4 की तरफ से पाइल बिछाई जा रही है। जिस जगह पर पाइल बिछाने का काम चल रहा है, उस जगह से वाहन गुजर रहे हैं। जिस कारण से एजेंसी को काम करने में बाधा आ रही है। साथ ही इससे हादसे की भी संभावना बनी हुई है। इस जगह पर दो पाइल और बिछाई जाएगी, जिसके लिए यह रास्ता पूरी से बंद करना पड़ेगा। अगर बीएंडआर यहां से वाहनों को आवागमन बंद करता है तो वाहन चालकों को सेक्टर 3-5 से होकर आना पड़ेगा।
अभी तक बिछाई 72 में से सिर्फ 23 पाइल
एजेंसी ने अभी तक कुल 72 में से 23 पाइल बिछाई है। होली के त्योहार पर लेबर के घर जाने से काम की गति धीमी हो गई थी। मगर अब लेबर लौट आई है। उधर, एजेंसी के प्लांट में तकनीकी समस्या आ गई है। इस स्थिति में मैटीरियल बीएंडआर की एजेंसी से लिया जा रहा है।
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अगले वर्ष मई में प्रोजेक्ट के पूरा होने की संभावना
शुरुआत में इस प्रोजेक्ट को नवंबर 2021 तक पूरा किया जाना प्रस्तावित था। बाद में लॉकडाउन व बिजली लाइनों की देरी से शिफ्टिंग के कारण समयावधि नौ माह और बढ़ाकर अगस्त 2022 कर दी गई थी। मगर रेलवे के हिस्से पर काम देरी से शुरू होने के कारण अब यह प्रोजेक्ट मई 2023 तक पूरा होगा।
इन कॉलोनियों को मिलेगा फायदा : इस पुल व अंडरपास के बनने से सूर्य नगर, अर्बन एस्टेट, विद्युत नगर, शिव कॉलोनी, सेक्टर 3-5, सेक्टर 1-4 सहित महावीर कॉलोनी, मिल गेट एरिया के लोगों को काफी फायदा होगा। इस प्रोजेक्ट करीब पर 70 करोड़ रुपये खर्च आएगा।
मैं जेई को मौका निरीक्षण के लिए भेज दूंगा। अगर कोई वैकल्पिक व्यवस्था बन सकती है तो उसे लागू कर दिया जाएगा। निर्माण कार्य में किसी तरह की बाधा नहीं आने दी जाएगी। - नरेंद्र सिंह, एक्सईएन, बीएंडआर
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बता दें कि निर्माणाधीन आरओबी व आरयूबी में बीएंडआर के हिस्से का 70 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। वहीं रेलवे के हिस्से पर काम अभी शुरुआती चरण में हैं। फिलहाल एजेंसी की तरफ से पाइल बिछाने का काम किया जा रहा है। एजेंसी की तरफ से सेक्टर 1-4 की तरफ से पाइल बिछाई जा रही है। जिस जगह पर पाइल बिछाने का काम चल रहा है, उस जगह से वाहन गुजर रहे हैं। जिस कारण से एजेंसी को काम करने में बाधा आ रही है। साथ ही इससे हादसे की भी संभावना बनी हुई है। इस जगह पर दो पाइल और बिछाई जाएगी, जिसके लिए यह रास्ता पूरी से बंद करना पड़ेगा। अगर बीएंडआर यहां से वाहनों को आवागमन बंद करता है तो वाहन चालकों को सेक्टर 3-5 से होकर आना पड़ेगा।
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अभी तक बिछाई 72 में से सिर्फ 23 पाइल
एजेंसी ने अभी तक कुल 72 में से 23 पाइल बिछाई है। होली के त्योहार पर लेबर के घर जाने से काम की गति धीमी हो गई थी। मगर अब लेबर लौट आई है। उधर, एजेंसी के प्लांट में तकनीकी समस्या आ गई है। इस स्थिति में मैटीरियल बीएंडआर की एजेंसी से लिया जा रहा है।
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अगले वर्ष मई में प्रोजेक्ट के पूरा होने की संभावना
शुरुआत में इस प्रोजेक्ट को नवंबर 2021 तक पूरा किया जाना प्रस्तावित था। बाद में लॉकडाउन व बिजली लाइनों की देरी से शिफ्टिंग के कारण समयावधि नौ माह और बढ़ाकर अगस्त 2022 कर दी गई थी। मगर रेलवे के हिस्से पर काम देरी से शुरू होने के कारण अब यह प्रोजेक्ट मई 2023 तक पूरा होगा।
इन कॉलोनियों को मिलेगा फायदा : इस पुल व अंडरपास के बनने से सूर्य नगर, अर्बन एस्टेट, विद्युत नगर, शिव कॉलोनी, सेक्टर 3-5, सेक्टर 1-4 सहित महावीर कॉलोनी, मिल गेट एरिया के लोगों को काफी फायदा होगा। इस प्रोजेक्ट करीब पर 70 करोड़ रुपये खर्च आएगा।
मैं जेई को मौका निरीक्षण के लिए भेज दूंगा। अगर कोई वैकल्पिक व्यवस्था बन सकती है तो उसे लागू कर दिया जाएगा। निर्माण कार्य में किसी तरह की बाधा नहीं आने दी जाएगी। - नरेंद्र सिंह, एक्सईएन, बीएंडआर