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उकलाना ऑयल मिल में मरने वालों की संख्या तीन हुई
Updated Tue, 07 Nov 2017 12:42 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
उकलाना मिल हादसे में मरने वालों की संख्या तीन हो गई है। बिहार निवासी सुरेश की रविवार रात पीजीआई रोहतक में मौत हो गई थी। आधी रात बाद उड़ीसा निवासी भोजराज ने दम तोड़ दिया। हिसार के निजी अस्पताल में भर्ती बिहार निवासी संतोष ने सोमवार की सुबह दम तोड़ दिया।
अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती घायलों की हालत अभी गंभीर बनी हुई है। चिकित्सकों ने बताया कि अगले 72 घंटे खतरे वाले हैं। 60 प्रतिशत से अधिक जले हुए लोगों को अधिक गंभीर माना जा रहा है। इसके अलावा जिन लोगों की छाती झुुलसी है, उनकी हालत भी बेहद गंभीर है। उकलाना पुलिस ने तीनों शवों के पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए। याद रहे उकलाना आयल मिल में हुए हादसे में 15 श्रमिक बुरी तरह से झुलस गए थे। इनमें छह की हालत बेहद गंभीर है। चार को रोहतक और दो को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में भर्ती किया गया था।
हादसे की दर्ज एफआईआर संख्या 277 में कुछ ओर धाराएं भी जोड़ सकती हैं। फिलहाल पुलिस की ओर से दर्ज एफआईआर में मिल मालिकों के नाम शामिल नहीं है। एफआईआर गांव दनौदा के निवासी सुभाष के बयान पर आधारित है। इसमें शिकायतकर्ता हादसे का मुख्य जिम्मेदार अपने गांव के कृष्ण और मालिकों को बता रहा है। सुभाष हादसे में खुद भी आग से झुलसा है।
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पुुलिस की ओर से नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी। सुभाष के बयान पर शिकायत दर्ज है। जरूरत के अनुसार धाराएं जोड़ दी जाएंगी। डीएसपी बरवाला जांच रिपोर्ट देंगे।
-मनीषा चौधरी, एसपी, हिसार।
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हिसार।
उकलाना मिल हादसे में मरने वालों की संख्या तीन हो गई है। बिहार निवासी सुरेश की रविवार रात पीजीआई रोहतक में मौत हो गई थी। आधी रात बाद उड़ीसा निवासी भोजराज ने दम तोड़ दिया। हिसार के निजी अस्पताल में भर्ती बिहार निवासी संतोष ने सोमवार की सुबह दम तोड़ दिया।
अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती घायलों की हालत अभी गंभीर बनी हुई है। चिकित्सकों ने बताया कि अगले 72 घंटे खतरे वाले हैं। 60 प्रतिशत से अधिक जले हुए लोगों को अधिक गंभीर माना जा रहा है। इसके अलावा जिन लोगों की छाती झुुलसी है, उनकी हालत भी बेहद गंभीर है। उकलाना पुलिस ने तीनों शवों के पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए। याद रहे उकलाना आयल मिल में हुए हादसे में 15 श्रमिक बुरी तरह से झुलस गए थे। इनमें छह की हालत बेहद गंभीर है। चार को रोहतक और दो को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में भर्ती किया गया था।
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हादसे की दर्ज एफआईआर संख्या 277 में कुछ ओर धाराएं भी जोड़ सकती हैं। फिलहाल पुलिस की ओर से दर्ज एफआईआर में मिल मालिकों के नाम शामिल नहीं है। एफआईआर गांव दनौदा के निवासी सुभाष के बयान पर आधारित है। इसमें शिकायतकर्ता हादसे का मुख्य जिम्मेदार अपने गांव के कृष्ण और मालिकों को बता रहा है। सुभाष हादसे में खुद भी आग से झुलसा है।
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पुुलिस की ओर से नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी। सुभाष के बयान पर शिकायत दर्ज है। जरूरत के अनुसार धाराएं जोड़ दी जाएंगी। डीएसपी बरवाला जांच रिपोर्ट देंगे।
-मनीषा चौधरी, एसपी, हिसार।