{"_id":"5c802557bdec2214676a9809","slug":"201551902039-hisar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"निरीक्षण करने पहुंचे कमिश्नर बोले, अस्टिमेट बनाने और पेमेंट करने से पहले देखूंगा मौका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निरीक्षण करने पहुंचे कमिश्नर बोले, अस्टिमेट बनाने और पेमेंट करने से पहले देखूंगा मौका
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। नगर निगम कमिश्नर अशोक कुमार गर्ग बुधवार को अधिकारियों को साथ लेकर शहर में चल रहे कार्यों का निरीक्षण करने पहुंचे। कमिश्नर ने उन स्थानों का भी दौरा किया, जहां के विकास कार्यों के लिए टेंडर हो चुके हैं और वर्क ऑर्डर जारी होने बाकी है। कमिश्नर ने तकनीकी शाखा के अधिकारियों को स्पष्ट कहा कि वह किसी भी काम का एस्टिमेट बनाने से पहले और ठेकेदार को पेमेंट करने से पहले दोनों बार मौका देखेंगे। अगर किसी काम की जरूरत महसूस नहीं हुई तो उस पर पैसा बर्बाद नहीं किया जाएगा। इस दौरान कमिश्नर ने विकास कार्य से संबंधित एक एस्टिमेट में कटौती भी करवाई। उनके मुताबिक एस्टिमेट ज्यादा राशि का बनाया हुआ था।
निगम कमिश्नर अशोक कुमार गर्ग ने एक्सईएन एचके शर्मा, एमई प्रवीण कुमार, जेई अंकुर सहित अन्य अधिकारियों के साथ मेला ग्राउंड एरिया, 12 क्वार्टर रोड के अलावा मिलगेट एरिया के ज्ञानोदय स्कूल वाली रोड से संबंधित काम का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रत्येक काम के एस्टिमेट, समय अवधि सहित अन्य जानकारी हासिल की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रत्येक काम में उन्हें गुणवत्ता चाहिए। किसी भी सूरत में गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाएगा। अगर काम संतोषजनक नहीं हुआ तो संबंधित ठेकेदार की पेमेंट नहीं की जाएगी।
कमिश्नर को पहुंचा देख आसपास के लोगों ने भी बताई समस्याएं
मेला ग्राउंड एरिया में निगम कमिश्नर को पहुंचा देखकर आसपास के जागरूक लोग व आरडब्ल्यूए पदाधिकारी भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने उनके समक्ष कई समस्याएं रखी। मेला ग्राउंड आरडब्ल्यूए ने उनके समक्ष एरिया में सड़कों, पार्कों और स्ट्रीट लाइट के अलावा सफाई व्यवस्था से संबंधित समस्याओं को रखा। कमिश्नर ने आश्वासन दिया कि शहर के विकास में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी।
विज्ञापन
ऑफिस में बैठे रहने के बजाय फील्ड में जाने पर ही किसी भी विकास कार्य की पुख्ता जानकारी मिलती है। इसलिए मैंने अधिकारियों के साथ कई जगहों पर जाकर मौका मुआयना किया है। गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होने देंगे और जो जरूरी होंगे, वहीं कार्य करवाए जाएंगे। बेवजह जनता का पैसा खराब नहीं होना चाहिए।
-अशोक कुमार गर्ग, कमिश्नर, नगर निगम
विज्ञापन
हिसार। नगर निगम कमिश्नर अशोक कुमार गर्ग बुधवार को अधिकारियों को साथ लेकर शहर में चल रहे कार्यों का निरीक्षण करने पहुंचे। कमिश्नर ने उन स्थानों का भी दौरा किया, जहां के विकास कार्यों के लिए टेंडर हो चुके हैं और वर्क ऑर्डर जारी होने बाकी है। कमिश्नर ने तकनीकी शाखा के अधिकारियों को स्पष्ट कहा कि वह किसी भी काम का एस्टिमेट बनाने से पहले और ठेकेदार को पेमेंट करने से पहले दोनों बार मौका देखेंगे। अगर किसी काम की जरूरत महसूस नहीं हुई तो उस पर पैसा बर्बाद नहीं किया जाएगा। इस दौरान कमिश्नर ने विकास कार्य से संबंधित एक एस्टिमेट में कटौती भी करवाई। उनके मुताबिक एस्टिमेट ज्यादा राशि का बनाया हुआ था।
निगम कमिश्नर अशोक कुमार गर्ग ने एक्सईएन एचके शर्मा, एमई प्रवीण कुमार, जेई अंकुर सहित अन्य अधिकारियों के साथ मेला ग्राउंड एरिया, 12 क्वार्टर रोड के अलावा मिलगेट एरिया के ज्ञानोदय स्कूल वाली रोड से संबंधित काम का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रत्येक काम के एस्टिमेट, समय अवधि सहित अन्य जानकारी हासिल की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रत्येक काम में उन्हें गुणवत्ता चाहिए। किसी भी सूरत में गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाएगा। अगर काम संतोषजनक नहीं हुआ तो संबंधित ठेकेदार की पेमेंट नहीं की जाएगी।
विज्ञापन
कमिश्नर को पहुंचा देख आसपास के लोगों ने भी बताई समस्याएं
मेला ग्राउंड एरिया में निगम कमिश्नर को पहुंचा देखकर आसपास के जागरूक लोग व आरडब्ल्यूए पदाधिकारी भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने उनके समक्ष कई समस्याएं रखी। मेला ग्राउंड आरडब्ल्यूए ने उनके समक्ष एरिया में सड़कों, पार्कों और स्ट्रीट लाइट के अलावा सफाई व्यवस्था से संबंधित समस्याओं को रखा। कमिश्नर ने आश्वासन दिया कि शहर के विकास में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी।
विज्ञापन
ऑफिस में बैठे रहने के बजाय फील्ड में जाने पर ही किसी भी विकास कार्य की पुख्ता जानकारी मिलती है। इसलिए मैंने अधिकारियों के साथ कई जगहों पर जाकर मौका मुआयना किया है। गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होने देंगे और जो जरूरी होंगे, वहीं कार्य करवाए जाएंगे। बेवजह जनता का पैसा खराब नहीं होना चाहिए।
-अशोक कुमार गर्ग, कमिश्नर, नगर निगम