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सदाचार, सेवा और मानवता का संदेश देती हैं संतों की शिक्षाएं : बराला
Thu, 15 Oct 2026 01:23 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Thu, 15 Oct 2026 01:23 AM IST
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कुटिया शांत सरोवर में दीप प्रज्जवलित करते राज्यसभा सदस्य सुभाष बराला। सूचना विभाग।
टोहाना। राज्यसभा सदस्य सुभाष बराला ने कहा कि संत-महात्माओं की शिक्षाएं समाज को सदाचार, सेवा, परोपकार और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं। संतों का सानिध्य जीवन में आध्यात्मिक चेतना और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज कल्याण में योगदान दें।
बराला ने बुधवार को शांत सरोवर कुटिया, श्री योग धाम में श्रीश्री 1008 श्रीयोग शब्दानंद जी महाराज के 113वें पावन जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में शिरकत की। इस दौरान उन्होंने संत सुखदेवानंद महाराज के श्रीचरणों में नमन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
उन्होंने कहा कि भारत की सनातन संस्कृति प्रेम, भाईचारे, सहिष्णुता और सर्वकल्याण की भावना पर आधारित है। धार्मिक आयोजन सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के साथ नई पीढ़ी को आध्यात्मिक मूल्यों और सामाजिक दायित्वों से जोड़ते हैं। इस अवसर पर रविंद्र मेहता, रमन मड़िया, अनिल भाटिया, ईश सरना, दीपांशु डावरा, रमन भाटिया, निखिल सिंगला और स्वीटी मेहता आदि मौजूद रहे।
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बराला ने बुधवार को शांत सरोवर कुटिया, श्री योग धाम में श्रीश्री 1008 श्रीयोग शब्दानंद जी महाराज के 113वें पावन जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में शिरकत की। इस दौरान उन्होंने संत सुखदेवानंद महाराज के श्रीचरणों में नमन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
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उन्होंने कहा कि भारत की सनातन संस्कृति प्रेम, भाईचारे, सहिष्णुता और सर्वकल्याण की भावना पर आधारित है। धार्मिक आयोजन सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के साथ नई पीढ़ी को आध्यात्मिक मूल्यों और सामाजिक दायित्वों से जोड़ते हैं। इस अवसर पर रविंद्र मेहता, रमन मड़िया, अनिल भाटिया, ईश सरना, दीपांशु डावरा, रमन भाटिया, निखिल सिंगला और स्वीटी मेहता आदि मौजूद रहे।
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