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बसों की बदइंतजामी पर भड़की छात्राएं
Fatehabad
Updated Thu, 21 Aug 2014 12:14 AM IST
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एमएम कॉलेज में आने वाली भट्टूकलां क्षेत्र की छात्राओं ने परिवहन विभाग की बस सुविधा पर गहरा रोष व्यक्त किया है। छात्राओं ने बड़ी तादाद में कॉलेज के कॉमन रूम में एकत्रित होकर सामाजिक संस्था जिंदगी के पदाधिकारियों को अपनी समस्या से अवगत करवाया। छात्राओं ने इस मुद्दे के जल्द हल न होने पर जिन्दगी संस्था के साथ धरना देने का निर्णय भी लिया।
भट्टू क्षेत्र से आने वाली इन छात्राओं ने एक सप्ताह में भट्टू से फतेहाबाद के लिए छात्राओं की विशेष बसों की संख्या दो करने के साथ-साथ उनकी समय निर्धारण व्यवस्था को दुरुस्त किए जाने की मांग की। ऐसा न होने की स्थिति में छात्राओं ने इस मामले में महिला महाविद्यालय भोड़ियाखेड़ा, आर्यभट्ट नर्सिंग कॉलेज और भट्टू रोड पर आने वाले विभिन्न शिक्षण संस्थानों की छात्राओं के साथ बड़ा आंदोलन करने की चेतावनी भी दी। सामाजिक संस्था जिंदगी के पदाधिकारियों को साथ लेकर विभिन्न शिक्षण संस्थानों की छात्राओं का प्रतिनिधिमंडल 22 अगस्त को डीसी को मांगपत्र सौंपेगा। जिन्दगी संस्था अध्यक्ष हरदीप सिंह ने भी छात्राओं की समस्या को जायज ठहराते हुए, प्रशासनिक स्तर पर इसके जल्द समाधान की मांग उठाई।
जिंदगी संस्था पदाधिकारियों को कॉलेज प्रांगण में अपनी समस्या से अवगत करवाते हुए छात्रा नीरू, चंचल, शगुन, प्रिया, कोमल, खुशबू, सोनिया, दिव्या, ऋतु, श्रेया, सुनीता, प्राची, सुजाता, शैलजा आदि ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से उन्हें बस सेवा की बदइंतजामी का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। प्रतिदिन वे अपने-अपने शिक्षण संस्थानों तक सरकारी बसों में जानवरों की तरह सफर करने को मजबूर हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके रूट पर लगाई गई छात्राओं की विशेष बस को चालक-परिचालक भी मनमर्जी के समय पर चलाते हैं, जिसके चलते हर रोज वे शिक्षण संस्थानों में समय पर नहीं पहुंच पा रही हैं। छात्राओं के अनुसार करीब 50 सीट वाली बस में एक समय में प्रतिदिन 100 से अधिक छात्राएं होती हैं, जिनमें से कुछ छात्राएं तो बस प्रवेश खिड़की पर लटक कर यात्रा करती हैं। छात्राओं ने सरकारी बसों में हो रही बदइंतजामी को अपने मोबाइल फोन कैमरे में भी कद किया, जिसे उन्होंने संस्था पदाधिकारियों को भी दिखाया।
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छात्राओं ने चेताया कि यदि परिवहन विभाग की इस तरह की लापरवाही के चलते किसी छात्रा के साथ कोई दुर्घटना घटती है तो वे विभाग जिला मुख्यालय का घेराव कर उस पर ताला जड़ने जैसे कठोर कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेंगी। छात्राओं ने कहा कि अब उनके सब्र का बांध टूट चुका है और इस मामले में वे चुप नहीं रहेंगी। संस्था अध्यक्ष हरदीप सिंह ने छात्राओं का आह्वान किया कि वे किसी प्रकार का धरना-प्रदर्शन करने की बजाय नियमानुसार जिला उपायुक्त के समक्ष अपनी समस्या निदान हेतु रखें। यदि समाधान नहीं होता है, तो संस्था छात्राओं के हर प्रकार के आंदोलन का समर्थन जरूर करेगी।
भट्टू क्षेत्र से आने वाली इन छात्राओं ने एक सप्ताह में भट्टू से फतेहाबाद के लिए छात्राओं की विशेष बसों की संख्या दो करने के साथ-साथ उनकी समय निर्धारण व्यवस्था को दुरुस्त किए जाने की मांग की। ऐसा न होने की स्थिति में छात्राओं ने इस मामले में महिला महाविद्यालय भोड़ियाखेड़ा, आर्यभट्ट नर्सिंग कॉलेज और भट्टू रोड पर आने वाले विभिन्न शिक्षण संस्थानों की छात्राओं के साथ बड़ा आंदोलन करने की चेतावनी भी दी। सामाजिक संस्था जिंदगी के पदाधिकारियों को साथ लेकर विभिन्न शिक्षण संस्थानों की छात्राओं का प्रतिनिधिमंडल 22 अगस्त को डीसी को मांगपत्र सौंपेगा। जिन्दगी संस्था अध्यक्ष हरदीप सिंह ने भी छात्राओं की समस्या को जायज ठहराते हुए, प्रशासनिक स्तर पर इसके जल्द समाधान की मांग उठाई।
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जिंदगी संस्था पदाधिकारियों को कॉलेज प्रांगण में अपनी समस्या से अवगत करवाते हुए छात्रा नीरू, चंचल, शगुन, प्रिया, कोमल, खुशबू, सोनिया, दिव्या, ऋतु, श्रेया, सुनीता, प्राची, सुजाता, शैलजा आदि ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से उन्हें बस सेवा की बदइंतजामी का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। प्रतिदिन वे अपने-अपने शिक्षण संस्थानों तक सरकारी बसों में जानवरों की तरह सफर करने को मजबूर हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके रूट पर लगाई गई छात्राओं की विशेष बस को चालक-परिचालक भी मनमर्जी के समय पर चलाते हैं, जिसके चलते हर रोज वे शिक्षण संस्थानों में समय पर नहीं पहुंच पा रही हैं। छात्राओं के अनुसार करीब 50 सीट वाली बस में एक समय में प्रतिदिन 100 से अधिक छात्राएं होती हैं, जिनमें से कुछ छात्राएं तो बस प्रवेश खिड़की पर लटक कर यात्रा करती हैं। छात्राओं ने सरकारी बसों में हो रही बदइंतजामी को अपने मोबाइल फोन कैमरे में भी कद किया, जिसे उन्होंने संस्था पदाधिकारियों को भी दिखाया।
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छात्राओं ने चेताया कि यदि परिवहन विभाग की इस तरह की लापरवाही के चलते किसी छात्रा के साथ कोई दुर्घटना घटती है तो वे विभाग जिला मुख्यालय का घेराव कर उस पर ताला जड़ने जैसे कठोर कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेंगी। छात्राओं ने कहा कि अब उनके सब्र का बांध टूट चुका है और इस मामले में वे चुप नहीं रहेंगी। संस्था अध्यक्ष हरदीप सिंह ने छात्राओं का आह्वान किया कि वे किसी प्रकार का धरना-प्रदर्शन करने की बजाय नियमानुसार जिला उपायुक्त के समक्ष अपनी समस्या निदान हेतु रखें। यदि समाधान नहीं होता है, तो संस्था छात्राओं के हर प्रकार के आंदोलन का समर्थन जरूर करेगी।