{"_id":"64384a88d9a0b2e8e70c18f6","slug":"bal-vatika-will-start-in-235-government-schools-of-the-district-fatehabad-news-c-21-1-105824-2023-04-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: जिले के 235 सरकारी स्कूलों में शुरू होगी बाल वाटिका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: जिले के 235 सरकारी स्कूलों में शुरू होगी बाल वाटिका
विज्ञापन
फतेहाबाद में राजकीय प्राथमिक पाठशाला।
फतेहाबाद। शिक्षा विभाग जिले के प्राइमरी स्कूलों में बाल वाटिका शुरू करने जा रहा है। ये बाल वाटिका प्राइमरी स्कूलों में शुरू होगी और यहां पर निजी स्कूलों की तर्ज पर नर्सरी कक्षा यानि पहली कक्षा से पहले की कक्षा शुरू होगी। इसके लिए जिले के 235 प्राइमरी स्कूलों का चयन किया गया है।
जिले में 385 प्राइमरी स्कूल है इसमें 70 में प्ले स्कूल पहले से शुरू कर दिए गए थे। अब इन स्कूलों और जहां पर विद्यार्थियों की संख्या कम है उन्हें छोड़कर 235 स्कूलों में बाल वाटिका शुरू की जा रही है। हालांकि बाल वाटिका को लेकर शिक्षा विभाग ने अलग से बजट जारी नहीं किया है। इन स्कूलों में 5 साल से कम आयु के विद्यार्थियों का दाखिला लिया जाएगा। दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को पहली कक्षा का शिक्षक पढ़ाएगा। अगर विद्यार्थी 25 से ज्यादा है तो ही दूसरा शिक्षक नियुक्त होगा। इन कक्षाओं को पढ़ाने वाले शिक्षकों को विभाग प्रशिक्षण भी देगा।
विद्यार्थियों को मिलेगा मिड-डे मील
बाल वाटिका में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को मिड डे मील भी मिलेगा। इसके अलावा विद्यार्थियों को स्कूल बैग और स्टेशनरी भी विभाग उपलब्ध करवाएगा।
साढ़े 4 घंटे रहेगा बाल वाटिका का समय
बाल वाटिका का समय स्कूल शुरू होने के साथ रहेगा ताकि वह अपने भाई व बहनों के साथ ही स्कूल आ सकें। इन विद्यार्थियों का पठन-पाठन समय, खेल-कूद गतिविधि और मिड डे मील मिलाकर साढ़े 4 घंटे का समय रहेगा।
विज्ञापन
कोट
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को लेकर पूर्व प्राथमिक शिक्षा को अनिवार्य शिक्षण का भाग बनाया गया है। इसके चलते शिक्षा विभाग ने राजकीय विद्यालयों में बाल वाटिका शुरू करने का फैसला लिया है।
-दयानंद सिहाग, जिला शिक्षा अधिकारी े
विज्ञापन
जिले में 385 प्राइमरी स्कूल है इसमें 70 में प्ले स्कूल पहले से शुरू कर दिए गए थे। अब इन स्कूलों और जहां पर विद्यार्थियों की संख्या कम है उन्हें छोड़कर 235 स्कूलों में बाल वाटिका शुरू की जा रही है। हालांकि बाल वाटिका को लेकर शिक्षा विभाग ने अलग से बजट जारी नहीं किया है। इन स्कूलों में 5 साल से कम आयु के विद्यार्थियों का दाखिला लिया जाएगा। दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को पहली कक्षा का शिक्षक पढ़ाएगा। अगर विद्यार्थी 25 से ज्यादा है तो ही दूसरा शिक्षक नियुक्त होगा। इन कक्षाओं को पढ़ाने वाले शिक्षकों को विभाग प्रशिक्षण भी देगा।
विज्ञापन
विद्यार्थियों को मिलेगा मिड-डे मील
बाल वाटिका में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को मिड डे मील भी मिलेगा। इसके अलावा विद्यार्थियों को स्कूल बैग और स्टेशनरी भी विभाग उपलब्ध करवाएगा।
साढ़े 4 घंटे रहेगा बाल वाटिका का समय
बाल वाटिका का समय स्कूल शुरू होने के साथ रहेगा ताकि वह अपने भाई व बहनों के साथ ही स्कूल आ सकें। इन विद्यार्थियों का पठन-पाठन समय, खेल-कूद गतिविधि और मिड डे मील मिलाकर साढ़े 4 घंटे का समय रहेगा।
विज्ञापन
कोट
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को लेकर पूर्व प्राथमिक शिक्षा को अनिवार्य शिक्षण का भाग बनाया गया है। इसके चलते शिक्षा विभाग ने राजकीय विद्यालयों में बाल वाटिका शुरू करने का फैसला लिया है।
-दयानंद सिहाग, जिला शिक्षा अधिकारी े