{"_id":"596a58a44f1c1be7118b4902","slug":"131500141732-fatehabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कर्जामाफी के नाम पर किसानों से मजाक कर रही है भाजपा सरकार : श्योकंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कर्जामाफी के नाम पर किसानों से मजाक कर रही है भाजपा सरकार : श्योकंद
Updated Sat, 15 Jul 2017 11:32 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कर्जमाफी के नाम पर किसानों से मजाक कर रही है सरकार : श्योकंद
फतेहाबाद।
अखिल भारतीय किसान सभा के 3 से 6 अक्तूबर तक हिसार में होने वाले 34वें राष्ट्रीय सम्मेलन को लेकर शनिवार को फतेहाबाद में स्वागत समिति के गठन को लेकर एक बैठक का आयोजन जाट धर्मशाला में किया गया। बैठक में 101 सदस्यीय स्वागत कमेटी का गठन किया गया। बैठक की अध्यक्षता किसान सभा के जिला प्रधान रामस्वरूप ढाणी गोपाल ने की और संचालन जिला सचिव राम सिंह एडवोकेट ने किया। बैठक में विनोद कक्कड़ को चेयरमैन, प्रमुख समाजसेवी देवीलाल तायल को संरक्षक, भगवंत सिंह सेठी रिटायर्ड बैंक मैनेजर, सर्व कर्मचारी संघ के पूर्व जिला प्रधान बेगराज, सकसं जिला प्रधान भूप सिंह भड़ोलांवाली, स. सुबा सिंह एडवोकेट और बार एसोसिएशन के पूर्व प्रधान देवीलाल एडवोकेट को वाईस चेयरमैन बनाया गया। इसके अलावा ओमनाथ को वित्त सचिव, रामस्वरूप ढाणी गोपाल को महासचिव, पूर्व सरपंच जगतार सिंह, रामकुमार बहबलपुरिया, छात्र नेता शाहनवाज, मोहन लाल नारंग, राम सिंह एडवोकेट, छत्रपाल सिंह व रमेश जांडली को स्वागत समिति का सचिव बनाया गया। बैठक को संबोधित करते हुए किसान सभा के राज्य महासचिव फूल सिंह श्योकंद ने कहा कि देश में पहली बार किसानों ने हड़ताल की है। महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश में किसान दूध सड़कों पर उड़ेल रहे हैं, सब्जियां सड़कों पर फैंकी जा रही है। आज किसानों को उनकी फसलों का उचित भाव नहीं मिल रहा है जिस कारण उनके लिए खेती घाटे का सौदा बन चुकी है और किसानों के परिवार के सामने भूखे मरने की नौबत आ चुकी है। कर्ज के बोझ तले दबा किसान आज सरकार की गलत नीतियों के चलते आत्महत्याएं करने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि कारपोरेट जगत के कर्जे माफ किए जा सकते हैं, लेकिन किसानों के नहीं, ऐसा मजाक देश के वित्तमंत्री अरुण जेटली और हरियाणा के कृषिमंत्री ओपी धनखड़ करते हुए कह रहे हैं कि अगर किसानों के कर्जे माफ किए गए तो देश की अर्थव्यवस्था ही गड़बड़ा जाएगी। उन्होंने कहा कि किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर अखिल भारतीय किसान सभा द्वारा 24 जुलाई को हिसार में कमिश्नरी कार्यालय का घेराव कर रोष प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने आह्वान किया कि नफरत और फीका परस्ती की राजनीति को चोट करने के लिए 3 अक्तूबर को हिसार में होने वाले राष्ट्रीय सम्मेलन में बढ़चढ़ कर भाग लें। उन्होंने सदस्यों से सम्मेलन को लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में जन संपर्क अभियान चलाने का भी आह्वान किया।
विज्ञापन
फतेहाबाद।
अखिल भारतीय किसान सभा के 3 से 6 अक्तूबर तक हिसार में होने वाले 34वें राष्ट्रीय सम्मेलन को लेकर शनिवार को फतेहाबाद में स्वागत समिति के गठन को लेकर एक बैठक का आयोजन जाट धर्मशाला में किया गया। बैठक में 101 सदस्यीय स्वागत कमेटी का गठन किया गया। बैठक की अध्यक्षता किसान सभा के जिला प्रधान रामस्वरूप ढाणी गोपाल ने की और संचालन जिला सचिव राम सिंह एडवोकेट ने किया। बैठक में विनोद कक्कड़ को चेयरमैन, प्रमुख समाजसेवी देवीलाल तायल को संरक्षक, भगवंत सिंह सेठी रिटायर्ड बैंक मैनेजर, सर्व कर्मचारी संघ के पूर्व जिला प्रधान बेगराज, सकसं जिला प्रधान भूप सिंह भड़ोलांवाली, स. सुबा सिंह एडवोकेट और बार एसोसिएशन के पूर्व प्रधान देवीलाल एडवोकेट को वाईस चेयरमैन बनाया गया। इसके अलावा ओमनाथ को वित्त सचिव, रामस्वरूप ढाणी गोपाल को महासचिव, पूर्व सरपंच जगतार सिंह, रामकुमार बहबलपुरिया, छात्र नेता शाहनवाज, मोहन लाल नारंग, राम सिंह एडवोकेट, छत्रपाल सिंह व रमेश जांडली को स्वागत समिति का सचिव बनाया गया। बैठक को संबोधित करते हुए किसान सभा के राज्य महासचिव फूल सिंह श्योकंद ने कहा कि देश में पहली बार किसानों ने हड़ताल की है। महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश में किसान दूध सड़कों पर उड़ेल रहे हैं, सब्जियां सड़कों पर फैंकी जा रही है। आज किसानों को उनकी फसलों का उचित भाव नहीं मिल रहा है जिस कारण उनके लिए खेती घाटे का सौदा बन चुकी है और किसानों के परिवार के सामने भूखे मरने की नौबत आ चुकी है। कर्ज के बोझ तले दबा किसान आज सरकार की गलत नीतियों के चलते आत्महत्याएं करने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि कारपोरेट जगत के कर्जे माफ किए जा सकते हैं, लेकिन किसानों के नहीं, ऐसा मजाक देश के वित्तमंत्री अरुण जेटली और हरियाणा के कृषिमंत्री ओपी धनखड़ करते हुए कह रहे हैं कि अगर किसानों के कर्जे माफ किए गए तो देश की अर्थव्यवस्था ही गड़बड़ा जाएगी। उन्होंने कहा कि किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर अखिल भारतीय किसान सभा द्वारा 24 जुलाई को हिसार में कमिश्नरी कार्यालय का घेराव कर रोष प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने आह्वान किया कि नफरत और फीका परस्ती की राजनीति को चोट करने के लिए 3 अक्तूबर को हिसार में होने वाले राष्ट्रीय सम्मेलन में बढ़चढ़ कर भाग लें। उन्होंने सदस्यों से सम्मेलन को लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में जन संपर्क अभियान चलाने का भी आह्वान किया।