फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Charkhi Dadri News ›   electric nigam given notice for bill to 50 government department

Charkhi Dadri News: बिल राशि न जमा करने पर बिजली निगम ने पांच किसानों सहित 50 सरकारी विभागों को भेजे नोटिस

Sat, 10 May 2025 10:56 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी Updated Sat, 10 May 2025 10:56 PM IST
विज्ञापन
electric nigam given notice for bill to 50 government department
फोटो 01
विज्ञापन




रेलवे रोड स्थित बिजली निगम कार्यालय। संवाद



:::::::::::::::::::::::::::::::::
- सरकारी विभागों की तरफ से बिजली निगम का बकाया है 3.50 करोड़, 1107 किसानों ने भी नहीं भरा 86 लाख रुपये का बिल



संवाद न्यूज एजेंसी

रखी दादरी। बिजली निगम ने बकायेदार किसानों व सरकारी विभागों को नोटिस भेजे हैं। इसके जरिये एक सप्ताह में बकाया बिजली बिल जमा करने की हिदायत दी गई है। इसके बाद कनेक्शन काटने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। निगम ने पांच किसानों सहित 50 सरकारी विभागों को नोटिस भेजे हैं।



सरकारी विभाग की तरफ से निगम का 3.50 करोड़ बकाया है जबकि 1107 किसानों की तरफ 86 लाख रुपये बिल राशि बकाया है। जिले में घरेलू ही नहीं, बिजली ट्यूबेवल कनेक्शन धारकों की बकायेदार संख्या भी बढ़ रही है। इस समय 1107 ट्यूबवेल कनेक्शनधारक बकायेदार की श्रेणी में हैं। ये एक साल से बिल राशि जमा नहीं करवा रहे हैं।
विज्ञापन


रेतीले क्षेत्र में किसान बिजली चालित ट्यूबवेल से ही फसलों की सिंचाई करते हैं। रेतीले भागों में भूमिगत जलस्तर 400 फीट नीचे तक हैं। ऐसे में मोटर के जरिए पानी की उठान करनी पड़ती है। जिले में 55 प्रतिशत कृषि क्षेत्र रेतीला है। यहां सिंचाई का साधन जमीनी पानी ही है। हालांकि, नहरें भी गुजरती हैं, जिनसे सिंचाई पूरी तरह से संभव नहीं है। रेत के टिब्बे होने की वजह से नहरी पानी से सिंचाई करना मुश्किल होता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

खरीफ सीजन की फसलें तो पूरी तरह से मानसून की बारिश पर ही निर्भर करती हैं। कई सालों से बारिश कम होने की वजह से इस क्षेत्र का भूमिगत जलस्तर पर बढ़ने के बजाय घट ही रहा है जो आने वाली पीढ़ी के लिए चिंता का विषय है। आने वाले समय में यहां पेयजल संकट भी गहराने के आसार बनने लगे हैं। नहरी पानी की उपलब्धता वैसे ही कम है।



- मोटर की क्षमता के अनुसार वसूला जाता है बिल

बिजली नलकूप से सिंचाई के एवज में निगम की ओर से मोटा बिल भी नहीं वसूला जा रहा है। औसतन 500 रुपये बिल है। अगर किसी किसान ने बड़ी क्षमता की मोटर नलकूप पर लगा रखी है तो उसका अलग से चार्ज वसूला जाता है। रेतीले क्षेत्र में बिजली नलकूप ही कारगर है। डीजल इंजन से इतनी गहराई से पानी की उठान संभव नहीं है।




वर्सन
बकायेदार किसान समय पर बिजली बिल जमा करवाएं। किसानों को पर्याप्त मात्रा में बिजली दी जा रही है। किसान बकायेदार की श्रेणी में शमिल न हों। सरकारी विभाग सहित 50 बकायेदारों को नोटिस भेजे गए हैं। एक सप्ताह में बिल राशि जमा नहीं करने पर कनेक्शन काट दिया जाएगा।

-राम सिंह, एसडीओ, बिजली निगम
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed