फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Chandigarh-Haryana News ›   no boundary wall of cemetery Haryana Human Rights Commission took cognizance

Haryana: कब्रिस्तान की चारदीवारी नहीं, हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने लिया संज्ञान; प्रशासन से रिपोर्ट तलब

Wed, 16 Jul 2025 11:20 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Wed, 16 Jul 2025 11:20 AM IST
सार

took cognizance

विज्ञापन
no boundary wall of cemetery Haryana Human Rights Commission took cognizance
हरियाणा मानवाधिकार आयोग - फोटो : फाइल

विस्तार

हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने रोहतक के गांव धामड़ निवासी की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए एक अहम आदेश पारित किया है। शिकायतकर्ता ने आयोग को अवगत कराया कि गांव के कब्रिस्तान की चारदीवारी अब तक नहीं बन पाई है, जबकि पंचायत के पास आवश्यक धनराशि उपलब्ध है और इस संबंध में कई बार अनुरोध भी किए जा चुके हैं।
विज्ञापन


आयोग के अध्यक्ष जस्टिस ललित बत्रा ने पाया कि इस प्रकार की लापरवाही न केवल मृतकों की गरिमा का हनन है, बल्कि यह ग्राम वासियों की धार्मिक भावनाओं और मान्यताओं के प्रति असंवेदनशीलता को भी दर्शाता है। मृतक की गरिमा की रक्षा करना समाज और शासन दोनों की जिम्मेदारी है, जो मृत्यु के बाद भी समाप्त नहीं होती।
विज्ञापन


जस्टिस ललित बत्रा ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से कहा है कि हरियाणा पंचायत राज अधिनियम, 1994 की धारा 21(18)(3) के तहत ग्राम पंचायतों का यह वैधानिक कर्तव्य है कि वे श्मशान और कब्रिस्तान जैसे सामुदायिक संसाधनों की देखरेख और सुरक्षा सुनिश्चित करें। इस दिशा में लापरवाही एक गंभीर प्रशासनिक चूक और मानवाधिकारों का उल्लंघन है।
विज्ञापन
विज्ञापन


हरियाणा मानवाधिकार आयोग के प्रोटोकॉल, सूचना व जनसम्पर्क अधिकारी डॉक्टर पुनीत अरोड़ा ने बताया कि इस मामले में त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता को देखते हुए आयोग ने उपायुक्त रोहतक, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी रोहतक तथा खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी (ब्लॉक रोहतक) से रिपोर्ट तलब की है। सभी अधिकारियों से यह स्पष्ट करने को कहा गया है कि कब्रिस्तान की चारदीवारी अब तक क्यों नहीं बनी और इसे कब तक पूरा किया जाएगा। इस संबंध में अगली सुनवाई 18 सितंबर 2025 को होगी। आयोग ने यह आदेश शिकायतकर्ता, संबंधित अधिकारियों तथा गांव धामड़ के सरपंच को ईमेल और डाक द्वारा भेजने के निर्देश भी दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed