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Bhiwani News: शहर की सफाई मसौदे की मुख्यालय पहुंची फाइल, ऑटोमेटिक स्ट्रीट लाइट पैनल मसौदे पर लगी आपत्ति को दूर करने में जुटे अधिकारी
Fri, 15 Mar 2024 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Fri, 15 Mar 2024 12:55 AM IST
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भिवानी। शहर के 31 वार्डों में नए सिस्टम से सफाई के मसौदे की फाइल मुख्यालय पहुंच गई है। जबकि शहर में स्ट्रीट लाइटों को ऑटोमेटिक पैनल से जोड़े जाने के मसौदे की फाइल पर मुख्यालय से आपत्ति लग वापस आई है, जिसे दूर करने में नगर परिषद अधिकारी जुटे हैं।
इतना ही नहीं लोकसभा चुनावों की आहट होने के बाद आचार संहिता की दस्तक भी कभी भी हो सकती है, ऐसे में शहर के विकास मसौदे उलझ सकते हैं। इसी को लेकर नगर परिषद अधिकारी भी अब चंडीगढ़ तक की दौड़ लगा रहे हैं। शहर के माल रोड का सुंदरीकरण, पार्कों के जीर्णोद्धार का कार्य का मसौदा भी मुख्यालय जा चुका है। स्ट्रीट लाइट भी नगर परिषद में हैं, जिन्हें लगाने से पहले ऑटोमेटिक पैनल लगाए जाने हैं।
भिवानी नगर परिषद की बढ़ी हुई हद में भी नगर परिषद के कर्मचारियों की सफाई कर्मचारियों की तैनाती और चार चरण में शहर की सफाई का मसौदा मुख्यालय में पहुंच गया है। करीब साढ़े छह करोड़ के इस मसौदे पर मुख्यमंत्री से मंजूरी मिलनी अभी बाकी है। लोकसभा चुनावों से पहले ही सूबे की राजनीति में भी रातोंरात भूचाल आकर शांत हुआ है। ऐसे में भिवानी नगर परिषद के सफाई मसौदे पर जल्द मुख्यमंत्री की सहमति की मोहर नहीं लगी तो ये मामला आचार संहिता की वजह से टल सकता है। हालांकि नगर परिषद शहर की स्ट्रीट लाइट के मसौदे को दो चरण में पूरा कराने की योजना बना चुका है।
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इसमें पहले चरण में नगर परिषद शहर की पुरानी स्ट्रीट लाइटों को बदलेगा। इसके लिए करीब 17 हजार नई स्ट्रीट लाइटें भी नगर परिषद के पास आ चुकी हैं। जबकि दूसरे चरण में शहर के अंदर स्ट्रीट लाइटों को ऑटोमेटिक पैनल से जोड़ेगा। इसके लिए नए सिरे से स्ट्रीट लाइटों के नए पैनल लगेंगे और 40 किलोमीटर लंबी तार भी बदले जाएंगे। दोनों चरण के मसौदे पर करीब 40 करोड़ का खर्च आएगा। जबकि ऑटोमेट्रिक पैदल से जोड़ने के मसौदे पर करीब 22 करोड़ का बजट खर्च होगा। शहर के अंदर करीब 700 स्ट्रीट लाइट कंट्रोल पैनलों पर ऑटोमेटिक सिस्टम बनाया जाएगा।
नगर परिषद सफाई कर्मचारियों का दो करोड़ एरियर दिलाने की भी चल रही तैयारी
नगर परिषद के अधिकारी सफाई कर्मचारियों के 2017 से बकाया एरियर को दिलाने की भी तैयारियों में लगे हैं। करीब दो करोड़ का एरियर बकाया है। जिसको लेकर नगर परिषद कर्मचारी आंदोलन की राह पर हैं। सफाई कर्मचारियों का मसला इसलिए सुलझाना भी जरूरी है कि अगर वे हड़ताल पर चले गए तो फिर शहर की सफाई ठप हो जाएगी।
शहर के प्रमुख मसौदे मुख्यालय में भेजे जा चुके हैं। इनमें शहर की सफाई, स्ट्रीट लाइट और माल रोड के सुंदरीकरण के अलावा मुख्य पार्कों के जीर्णोद्धार काम काम शामिल है। हमारा प्रयास रहेगा कि जल्द से जल्द मसौदों को सरकार से मंजूरी दिलाकर इन पर काम शुरू कराया जा सके। स्ट्रीट लाइट पैनल के मसौदे पर कुछ आपत्ति आई है, जिसे जल्द से जल्द दूर करा इसे फिर से मुख्यालय भेजा जाएगा। नगर परिषद के पास नई स्ट्रीट लाइटें आ चुकी हैं, जिनको लगाने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।
-भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि नगर परिषद भिवानी।
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इतना ही नहीं लोकसभा चुनावों की आहट होने के बाद आचार संहिता की दस्तक भी कभी भी हो सकती है, ऐसे में शहर के विकास मसौदे उलझ सकते हैं। इसी को लेकर नगर परिषद अधिकारी भी अब चंडीगढ़ तक की दौड़ लगा रहे हैं। शहर के माल रोड का सुंदरीकरण, पार्कों के जीर्णोद्धार का कार्य का मसौदा भी मुख्यालय जा चुका है। स्ट्रीट लाइट भी नगर परिषद में हैं, जिन्हें लगाने से पहले ऑटोमेटिक पैनल लगाए जाने हैं।
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भिवानी नगर परिषद की बढ़ी हुई हद में भी नगर परिषद के कर्मचारियों की सफाई कर्मचारियों की तैनाती और चार चरण में शहर की सफाई का मसौदा मुख्यालय में पहुंच गया है। करीब साढ़े छह करोड़ के इस मसौदे पर मुख्यमंत्री से मंजूरी मिलनी अभी बाकी है। लोकसभा चुनावों से पहले ही सूबे की राजनीति में भी रातोंरात भूचाल आकर शांत हुआ है। ऐसे में भिवानी नगर परिषद के सफाई मसौदे पर जल्द मुख्यमंत्री की सहमति की मोहर नहीं लगी तो ये मामला आचार संहिता की वजह से टल सकता है। हालांकि नगर परिषद शहर की स्ट्रीट लाइट के मसौदे को दो चरण में पूरा कराने की योजना बना चुका है।
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इसमें पहले चरण में नगर परिषद शहर की पुरानी स्ट्रीट लाइटों को बदलेगा। इसके लिए करीब 17 हजार नई स्ट्रीट लाइटें भी नगर परिषद के पास आ चुकी हैं। जबकि दूसरे चरण में शहर के अंदर स्ट्रीट लाइटों को ऑटोमेटिक पैनल से जोड़ेगा। इसके लिए नए सिरे से स्ट्रीट लाइटों के नए पैनल लगेंगे और 40 किलोमीटर लंबी तार भी बदले जाएंगे। दोनों चरण के मसौदे पर करीब 40 करोड़ का खर्च आएगा। जबकि ऑटोमेट्रिक पैदल से जोड़ने के मसौदे पर करीब 22 करोड़ का बजट खर्च होगा। शहर के अंदर करीब 700 स्ट्रीट लाइट कंट्रोल पैनलों पर ऑटोमेटिक सिस्टम बनाया जाएगा।
नगर परिषद सफाई कर्मचारियों का दो करोड़ एरियर दिलाने की भी चल रही तैयारी
नगर परिषद के अधिकारी सफाई कर्मचारियों के 2017 से बकाया एरियर को दिलाने की भी तैयारियों में लगे हैं। करीब दो करोड़ का एरियर बकाया है। जिसको लेकर नगर परिषद कर्मचारी आंदोलन की राह पर हैं। सफाई कर्मचारियों का मसला इसलिए सुलझाना भी जरूरी है कि अगर वे हड़ताल पर चले गए तो फिर शहर की सफाई ठप हो जाएगी।
शहर के प्रमुख मसौदे मुख्यालय में भेजे जा चुके हैं। इनमें शहर की सफाई, स्ट्रीट लाइट और माल रोड के सुंदरीकरण के अलावा मुख्य पार्कों के जीर्णोद्धार काम काम शामिल है। हमारा प्रयास रहेगा कि जल्द से जल्द मसौदों को सरकार से मंजूरी दिलाकर इन पर काम शुरू कराया जा सके। स्ट्रीट लाइट पैनल के मसौदे पर कुछ आपत्ति आई है, जिसे जल्द से जल्द दूर करा इसे फिर से मुख्यालय भेजा जाएगा। नगर परिषद के पास नई स्ट्रीट लाइटें आ चुकी हैं, जिनको लगाने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।
-भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि नगर परिषद भिवानी।