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Bhiwani News: शेड्यूल के बावजूद नहीं हुई बाजरे की सरकारी खरीद, किसानों को निजी बोली पर बेचने पर मजबूर होना पड़ रहा
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अनाज मंडी में लगीं बाजरे की ढेरियां।
भिवानी। जिला मुख्यालय की मंडी में मंगलवार को हरियाणा वेयरहाउस काॅरपोरेशन (एचएसडब्ल्यूसी) के डीएम दिलबाग सिंह पहुंचे और किसानों की बाजरा ढेरियों का निरीक्षण किया। मंगलवार से सरकारी खरीद का शेड्यूल निर्धारित होने के बावजूद खरीद शुरू नहीं हो पाई। किसानों को निजी बोली पर 2050 रुपये प्रति क्विंटल के भाव पर बाजरा बेचने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
डीएम ने आढ़तियों को मंडी में सफाई कराने और व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि दो दिन बाद सरकारी खरीद शुरू कर दी जाएगी। किसानों का कहना है कि वे सप्ताह भर से मंडी में बाजरा लेकर आए हैं लेकिन खरीद शुरू न होने के कारण बेसहारा पशुओं से फसल खराब होने का खतरा बढ़ गया है।
भिवानी जिले की नौ मंडियों में सरकारी खरीद का शेड्यूल मंगलवार से ही निर्धारित किया गया था। भिवानी जिला मुख्यालय की मंडी में हरियाणा वेयरहाउस काॅरपोरेशन किसानों से बाजरे की एमएसपी पर खरीद करेगा। ई-खरीद पोर्टल पर पंजीकृत किसानों को प्राइवेट बिक्री पर भावांतर भरपाई के तहत 625 रुपये प्रति क्विंटल का बोनस भी मिलेगा जो किसानों के खाते में भुगतान किया जाएगा। फिलहाल भिवानी मंडी में केवल निजी बोली के ही गेट पास काटे जा रहे हैं जबकि सरकारी खरीद का गेट पास अभी शुरू नहीं हुआ है। “मेरी फसल मेरा ब्योरा” पोर्टल पर पंजीकृत किसान ही सरकारी खरीद में हिस्सा ले सकते हैं। इस कारण प्राइवेट और सरकारी खरीद के बीच किसान असमंजस में हैं।
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मंडी में खुले में लगे हैं बाजरे के ढेर, शेड के नीचे नहीं नसीब हो रही जगह
भिवानी मंडी में करीब 50 हजार क्विंटल बाजरे की आवक हो चुकी है। अधिकांश किसानों का बाजरा खुले आसमान के नीचे पड़ा है जबकि उन्हें शेड की सुविधा नहीं मिल रही है। मुख्यालय की मंडी में दो ही कवर शेड तैयार हैं जबकि तीसरा शेड निर्माण का मसौदा मुख्यालय में अटका हुआ है। मौसम की मार से फसल खराब होने की संभावना बनी हुई है। आढ़तियों को तिरपाल और बारिश से बचाव के निर्देश दिए गए हैं।
मंडी में मंगलवार को एचएसडब्ल्यूसी के डीएम ने दौरा किया है। इस दौरान किसानों के बाजरे की अच्छी तरह सफाई कराए जाने के आढ़तियों को निर्देश दिए गए हैं। मंडी में फिलहाल प्राइवेट खरीद के ही गेट पास काटे जा रहे हैं जबकि अधिकारियों के अनुसार दो दिन बाद सरकारी खरीद के गेट पास काटे जाएंगे। आढ़तियों ने भी अधिकारियों के सामने अपनी समस्याएं रखी हैं। खरीद के दौरान किसी तरह की कोई दिक्कत किसानों को नहीं आने दी जाएगी। -भूरु प्रधान, ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन, भिवानी
मंडी का दौरा अधिकारियों के साथ किया। मंडी में बाजरे की आवक शुरू हो चुकी है। किसानों को निर्धारित मानकों के अनुसार बाजरे की खरीद के संबंध में जानकारी दी गई है। जो किसान प्राइवेट बोली पर बाजरा बेच रहे हैं सरकार की तरफ से उन्हें भावांतर भरपाई का लाभ मिलेगा वहीं सरकारी खरीद पर भी किसानों का बाजरा जल्द खरीदा जाएगा। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। -दिलबाग सिंह, जिला प्रबंधक, एचएसडब्ल्यूसी, भिवानी
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डीएम ने आढ़तियों को मंडी में सफाई कराने और व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि दो दिन बाद सरकारी खरीद शुरू कर दी जाएगी। किसानों का कहना है कि वे सप्ताह भर से मंडी में बाजरा लेकर आए हैं लेकिन खरीद शुरू न होने के कारण बेसहारा पशुओं से फसल खराब होने का खतरा बढ़ गया है।
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भिवानी जिले की नौ मंडियों में सरकारी खरीद का शेड्यूल मंगलवार से ही निर्धारित किया गया था। भिवानी जिला मुख्यालय की मंडी में हरियाणा वेयरहाउस काॅरपोरेशन किसानों से बाजरे की एमएसपी पर खरीद करेगा। ई-खरीद पोर्टल पर पंजीकृत किसानों को प्राइवेट बिक्री पर भावांतर भरपाई के तहत 625 रुपये प्रति क्विंटल का बोनस भी मिलेगा जो किसानों के खाते में भुगतान किया जाएगा। फिलहाल भिवानी मंडी में केवल निजी बोली के ही गेट पास काटे जा रहे हैं जबकि सरकारी खरीद का गेट पास अभी शुरू नहीं हुआ है। “मेरी फसल मेरा ब्योरा” पोर्टल पर पंजीकृत किसान ही सरकारी खरीद में हिस्सा ले सकते हैं। इस कारण प्राइवेट और सरकारी खरीद के बीच किसान असमंजस में हैं।
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मंडी में खुले में लगे हैं बाजरे के ढेर, शेड के नीचे नहीं नसीब हो रही जगह
भिवानी मंडी में करीब 50 हजार क्विंटल बाजरे की आवक हो चुकी है। अधिकांश किसानों का बाजरा खुले आसमान के नीचे पड़ा है जबकि उन्हें शेड की सुविधा नहीं मिल रही है। मुख्यालय की मंडी में दो ही कवर शेड तैयार हैं जबकि तीसरा शेड निर्माण का मसौदा मुख्यालय में अटका हुआ है। मौसम की मार से फसल खराब होने की संभावना बनी हुई है। आढ़तियों को तिरपाल और बारिश से बचाव के निर्देश दिए गए हैं।
मंडी में मंगलवार को एचएसडब्ल्यूसी के डीएम ने दौरा किया है। इस दौरान किसानों के बाजरे की अच्छी तरह सफाई कराए जाने के आढ़तियों को निर्देश दिए गए हैं। मंडी में फिलहाल प्राइवेट खरीद के ही गेट पास काटे जा रहे हैं जबकि अधिकारियों के अनुसार दो दिन बाद सरकारी खरीद के गेट पास काटे जाएंगे। आढ़तियों ने भी अधिकारियों के सामने अपनी समस्याएं रखी हैं। खरीद के दौरान किसी तरह की कोई दिक्कत किसानों को नहीं आने दी जाएगी। -भूरु प्रधान, ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन, भिवानी
मंडी का दौरा अधिकारियों के साथ किया। मंडी में बाजरे की आवक शुरू हो चुकी है। किसानों को निर्धारित मानकों के अनुसार बाजरे की खरीद के संबंध में जानकारी दी गई है। जो किसान प्राइवेट बोली पर बाजरा बेच रहे हैं सरकार की तरफ से उन्हें भावांतर भरपाई का लाभ मिलेगा वहीं सरकारी खरीद पर भी किसानों का बाजरा जल्द खरीदा जाएगा। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। -दिलबाग सिंह, जिला प्रबंधक, एचएसडब्ल्यूसी, भिवानी