फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   police, crime, investigation,murder,charkhidadri,crime branch

अपराध शाखा करेगी जिले की दो हत्याओं की जांच

Wed, 24 May 2017 01:27 AM IST
ब्यूरो /अमर उजाला
ब्यूरो /अमर उजाला Updated Wed, 24 May 2017 01:27 AM IST
विज्ञापन
भागवी निवासी दो गुटों में पिछले कुछ समय से चली आ रही रंजिश में अब तक तीन मौत हो चुकी है। इसमें एक पक्ष से चाचा रणधीर व भतीजे जितेंद्र की मौत हुई है तो दूसरे पक्ष से रणधीर का हत्यारोपी जस्सू भी दम तोड़ चुका है। सोमवार को हुए जितेंद्र हत्याकांड के बाद रणधीर हत्याकांड में पुलिस द्वारा दो आरोपियों को दी गई क्लीन चिट पर मृतक के परिजनों ने सवालिया निशान उठा दिए।
विज्ञापन


परिजनों ने डीएसपी हैडक्वार्टर सुरेश हुड्डा पर रणधीर हत्याकांड के आरोपी सरपंच प्रतिनिधि लोकराम उर्फ कल्लू व पूर्व सरपंच जितेंद्र के साथ मिलीभगत के आरोप भी लगाए हैं। इस तरह की बात सामने आने पर जिला पुलिस कप्तान सुनील दलाल ने दो मामलों में हुई तीन हत्याओं की जांच प्रदेश की अपराध शाखा से कराने की प्लानिंग तैयार की है। अपराध शाखा की टीम इन हत्याकांड की जांच कर रणधीर हत्याकांड में मिलीभगत के आरोपों सहित जितेंद्र हत्याकांड के राज से पर्दा उठाएगी। इसके लिए पुलिस ने कागजी प्रक्रिया शुरू भी कर दी है। गांव भागवी में तीन माह के अंदर दो पक्षों के तीन लोगों की हत्या होने से ग्रामीणों में भी खौफ बना हुआ है।  
विज्ञापन

          
पुलिस के अनुससार गांव भागवी निवासी दो पक्षों में पुरानी रंजिश चली आ रही है। 18 फरवरी को जितेंद्र के चाचा रणधीर के सिर पर लोहे की रॉड से हमला बोल उसे मौत के घाट उतार दिया गया था। इस हत्याकांड में शामिल आरोपी जस्सू व रवि की मौके पर पकड़कर धुनाई की गई थी। इस दौरान जस्सू को गंभीर चोटें आई थीं और उसे दो दिन शहर के एक निजी अस्पताल में उपचार के बाद पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया। वहां कुछ दिन बाद ही उसने दम तोड़ दिया था। पुलिस ने इन दो हत्याओं में दोनों पक्षों पर क्रॉस केस दर्ज किया था। रणधीर हत्याकांड में पुलिस ने गांव भागवी के सरपंच प्रतिनिधि लोकराम उर्फ कल्लू, पूर्व सरपंच जितेंद्र, जस्सू, रामधारी व रवि पर मामला दर्ज किया था तो वहीं जस्सू मौत मामले में दूसरे पक्ष के जितेंद्र, राजेंद्र, उमेद,विक्की व राजबीर पर हत्या का क्रॉस केस हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस संबंध मे पुलिस ने रवि व रामधारी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मृतक रणधीर के परिजनों ने मंगलवार को तीन हत्याओं से जुड़े दोनों मामलों की जांच प्रदेश की अपराध शाखा से कराने की मांग की। मृतक जितेंद्र के परिजनों ने इसके पीछे डीएसपी हेडक्वार्टर सुरेश हुड्डा द्वारा रणधीर हत्याकांड के आरोपी सरपंच प्रतिनिधि व पूर्व सरपंच से सांठ-गांठ कर क्लीन चिट देना बताया। परिजनों ने मंगलवार को प्रशासन को शव उठाने से पहले पांच सूत्रीय मांगपत्र भी सौंपा। मृतक जितेंद्र के परिजनों द्वारा दिए गए मांगपत्र के मिलते ही एसपी सुनील दलाल ने इस संबंध में तुरंत डीजीपी को पत्र लिख दिया। वहीं, एसपी सुनील दलाल ने किसी भी पुलिस कर्मचारी या अधिकारी की मिलीभगत सामने आने पर उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने का तर्क भी दिया है।

हत्या का क्रॉस मामला खारिज करने की उठी मांग
मंगलवार को परिजनों के जितेंद्र का शव उठाने से इंकार करने पर एसडीएम ओमप्रकाश मौके पर पहुंचे। मृतक जितेंद्र के परिजनों ने उनसे गुहार लगाते हुए कहा जस्सू की मौत भीड़ की पिटाई से हुई थी। इसमें मृतक जितेंद्र या उनका कोई हाथ नहीं था। इस दौरान मृतक जितेंद्र के चाचा कृष्ण सहित अन्य ग्रामीणों ने जस्सू की मौत पर दर्ज हुए हत्या के क्रॉस मामले को खारिज करने की भी मांग की।  


मृतक जितेंद्र के परिजनों की मांग थी कि दोनों मामलों की जांच अपराध शाखा से कराई जाएगी। इस पर संज्ञान लेते हुए मैंने डिप्टी जनरल ऑफ पुलिस को पत्र लिख दिया है। अगर किसी कर्मचारी या अधिकारी की जांच में लापरवाही सामने आई तो उस पर नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed