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निगाणा में जमीन में निकली 50 फुट लंबी दीवार
ब्यूरो अमर उजाला
Updated Tue, 24 May 2016 01:00 AM IST
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जमीन
- फोटो : अमर उजाला
जिले के गांव निगाणा खुर्द की जमीन में पुरातत्व महत्व की चीजों का खजाना दबा हो सकता है। पिछले दो दिन के भीतर गांव की जमीन में लगभग 50 फुट लंबी दीवार दबी हुई नजर आ रही है। दीवार की ईंटें कच्ची हैं और आकार करीब दो गुणा दो फुट है। खेत की खुदाई करते समय कुछ बर्तन, धातु की वस्तुएं और हड्डियां मिली हैं। जमीन से निकली चीजें पुरातत्व महत्व के लिहाज से कितनी अहम व कीमती हैं, यह तो जांच के बाद पता चल सकेगा, लेकिन फिलहाल ग्रामीणों उत्सुकता बनी हुई है।
20 मई को गांव के कुलदीप सिंह ने अपनी डेढ़ एकड़ जमीन पर 8-10 फुट ऊंचा रेत का टिब्बा हटाने के लिए ट्रैक्टर से लेवलिंग शुरू की। पांच-छह फुट मिट्टी खुदाई के बाद राख व हड्डियां मिली। और मिट्टी हटाने के बाद मिट्टी के बर्तन, धातू के बने घरेलू आइटम, मिट्टी की ईंट मिली। 22 मई को ग्रामीण उस समय भौचक रह गए, जब जमीन के भीतर दीवार दिखाई दी। कुलदीप ने बताया कि साइड से मिट्टी हटाने के बाद दीवार की लंबाई नापी। करीब 50 फुट लंबी दीवार दिखाई दे रही है। जमीन में इतनी चीजें मिलने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण कुलदीप के खेत को देखने पहुंच रहे हैं। कुलदीप ने बताया कि जमीन के भीतर मिली चीजों के आधार पर उन्हें ऐसा लगता है कि कभी यहां बस्ती बसी थी। लोग रहते होंगे।
इसके बाद कुलदीप ने हिसार स्थित पुरातत्व विभाग से संपर्क किया। विभाग के अधिकारी ने बताया कि उनकी बात नोट कर ली है। इस जानकारी को मुख्यालय भेजा जाएगा। वहां से दिशा-निर्देश मिलने के बाद गांव का दौरा किया जाएगा।
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पुरातत्व महत्व की चीजों की जांच के लिए कागजी प्रक्रिया जरूरी है। इसके लिए पंचकूला स्थित विभाग के राज्य मुख्यालय को लिखित में अवगत कराना होता है। इसके बाद मुख्यालय मौके पर टीम भेजता है और सारी वस्तुओं की जांच करता है। अगर कोई यह कागजी प्रक्रिया करेगा तो विभाग की टीम अपना काम करेगी।
आरएस चालिया, राजस्व विभाग, हिसार कार्यालय
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20 मई को गांव के कुलदीप सिंह ने अपनी डेढ़ एकड़ जमीन पर 8-10 फुट ऊंचा रेत का टिब्बा हटाने के लिए ट्रैक्टर से लेवलिंग शुरू की। पांच-छह फुट मिट्टी खुदाई के बाद राख व हड्डियां मिली। और मिट्टी हटाने के बाद मिट्टी के बर्तन, धातू के बने घरेलू आइटम, मिट्टी की ईंट मिली। 22 मई को ग्रामीण उस समय भौचक रह गए, जब जमीन के भीतर दीवार दिखाई दी। कुलदीप ने बताया कि साइड से मिट्टी हटाने के बाद दीवार की लंबाई नापी। करीब 50 फुट लंबी दीवार दिखाई दे रही है। जमीन में इतनी चीजें मिलने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण कुलदीप के खेत को देखने पहुंच रहे हैं। कुलदीप ने बताया कि जमीन के भीतर मिली चीजों के आधार पर उन्हें ऐसा लगता है कि कभी यहां बस्ती बसी थी। लोग रहते होंगे।
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इसके बाद कुलदीप ने हिसार स्थित पुरातत्व विभाग से संपर्क किया। विभाग के अधिकारी ने बताया कि उनकी बात नोट कर ली है। इस जानकारी को मुख्यालय भेजा जाएगा। वहां से दिशा-निर्देश मिलने के बाद गांव का दौरा किया जाएगा।
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पुरातत्व महत्व की चीजों की जांच के लिए कागजी प्रक्रिया जरूरी है। इसके लिए पंचकूला स्थित विभाग के राज्य मुख्यालय को लिखित में अवगत कराना होता है। इसके बाद मुख्यालय मौके पर टीम भेजता है और सारी वस्तुओं की जांच करता है। अगर कोई यह कागजी प्रक्रिया करेगा तो विभाग की टीम अपना काम करेगी।
आरएस चालिया, राजस्व विभाग, हिसार कार्यालय