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जेल-बंदियों को प्राधिकरण द्वारा प्रदान करे कानूनी जानकारी
Updated Thu, 08 Mar 2018 01:09 AM IST
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जरूरतमंद जेल-बंदियों को दिलवाई जाए कानूनी सहायता : सीजेएम
अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी
जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण के चेयरमैन और जिला एवं सत्र न्यायाधीश एएस नारंग के मार्गदर्शन में बुधवार को प्राधिकरण की सचिव एवं सीजेएम शिफा ने जिला कारागार का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने जेल में नियुक्त पीएलवी की समस्याएं सुनीं व जरूरी निर्देश दिए।
प्राधिकरण की सचिव शिफा ने कारागार के पीएलवी को निर्देश देते हुए कहा कि वे जेल-बंदियों को प्राधिकरण द्वारा प्रदान की जा रही कानूनी सहायता के बारे में जानकारी दें। इसके लिए आवेदन करने वाले नए जेल-बंदियों का नाम रजिस्टर में दर्ज किया जाएं और रजिस्टर को दुरुस्त रखें। उन्होंने कहा कि ऐसे जेल-बंदी जो अपना मुकदमा लड़ने के लिए वकील करने में असमर्थ हैं, उनको प्राधिकरण की तरफ से कानूनी सहायता मुहैया करवाई जाए। कारागार में रोजाना सांय तीन से पांच बजे तक प्राधिकरण का एक अधिवक्ता अपनी सेवाएं देने के लिए आता है। इसके बारे में भी जेल-बंदियों को जानकारी होनी चाहिए ताकि वे अपने केस की पैरवी के लिए कानूनी जानकारी ले सकें। इस दौरान शिफा ने जेल अधीक्षक सत्यवान और उप अधीक्षक अमित अत्री से जेल-बंदियों को दी जा रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। इस दौरान पीएलवी यशबीर सिंह, संदीप खरब और कमलजीत सिंह सहित अन्य जेल-बंदी मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी
जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण के चेयरमैन और जिला एवं सत्र न्यायाधीश एएस नारंग के मार्गदर्शन में बुधवार को प्राधिकरण की सचिव एवं सीजेएम शिफा ने जिला कारागार का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने जेल में नियुक्त पीएलवी की समस्याएं सुनीं व जरूरी निर्देश दिए।
प्राधिकरण की सचिव शिफा ने कारागार के पीएलवी को निर्देश देते हुए कहा कि वे जेल-बंदियों को प्राधिकरण द्वारा प्रदान की जा रही कानूनी सहायता के बारे में जानकारी दें। इसके लिए आवेदन करने वाले नए जेल-बंदियों का नाम रजिस्टर में दर्ज किया जाएं और रजिस्टर को दुरुस्त रखें। उन्होंने कहा कि ऐसे जेल-बंदी जो अपना मुकदमा लड़ने के लिए वकील करने में असमर्थ हैं, उनको प्राधिकरण की तरफ से कानूनी सहायता मुहैया करवाई जाए। कारागार में रोजाना सांय तीन से पांच बजे तक प्राधिकरण का एक अधिवक्ता अपनी सेवाएं देने के लिए आता है। इसके बारे में भी जेल-बंदियों को जानकारी होनी चाहिए ताकि वे अपने केस की पैरवी के लिए कानूनी जानकारी ले सकें। इस दौरान शिफा ने जेल अधीक्षक सत्यवान और उप अधीक्षक अमित अत्री से जेल-बंदियों को दी जा रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। इस दौरान पीएलवी यशबीर सिंह, संदीप खरब और कमलजीत सिंह सहित अन्य जेल-बंदी मौजूद रहे।
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