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निगम कमिश्रर के जिम्मे होगी अब श्मशानघाटों की जिम्मेवारी
Updated Tue, 31 Jul 2018 01:33 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी। ट्विन सिटी के श्मशानघाटों की जिम्मेदारी अब नगर निगम कमिश्नर के पास होगी। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि श्मशानघाट में क्या-क्या कमी है और इसे कैसे दूर किया जाए। यदि कोई कमी मिली तो निगम इसके लिए जिम्मेदार होगा। इतना ही नहीं मॉडल टाउन श्मशानघाट की हालत सुधारने के लिए जिला प्रशासन द्वारा अब 25 लाख रुपये का बजट जारी किया गया है। श्मशानघाट में छत, पानी निकासी एवं अन्य सुविधाएं इस राशि से उपलब्ध कराई जाएंगी।
सोमवार दोपहर को नगर निगम, जनस्वास्थ्य विभाग एवं अन्य विभागों के अधिकारियों की टीम ने श्मशानघाट का निरीक्षण कर सुधार के लिए चर्चा की। विभागों की टीम मॉडल टाउन ही नहीं अन्य श्मशानघाटों में जाकर भी हालात का जायजा लेगी ताकि शहर के किसी अन्य श्मशानघाट में संस्कार के लिए कोई दिक्कत न आ सके।
बता दें कि एक तरफ गत दिनों डीसी शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत जिले के श्मशानघाटों की हालत सुधारने का दावा कर रही थीं, वहीं शनिवार को माडल टाउन श्मशानघाट में जलभराव की वजह से अस्थियां उठाने आए परिवार को परेशानी झेलनी पड़ी और बुजुर्ग की अस्थियां गंदे पानी में तैरती मिलीं थीं।
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48 घंटे बाद प्रशासन ने ली सुध
शनिवार सुबह मॉडल टाउन श्मशानघाट में जलभराव की समस्या सामने आई थी। उसी दिन प्रशासन के विभिन्न अधिकारियों के संज्ञान में मामला डाला गया था, मगर घटना के 48 घंटे बीतने के बाद सोमवार को विभिन्न विभागों के अधिकारियों की टीम श्मशानघाट में मुआयना करने के लिए पहुंची। यहां पहुंचे निगम, जनस्वास्थ्य विभाग एवं अन्य विभागों के अधिकारियों की टीम के समक्ष पानी निकासी की समस्या आई, श्मशानघाट से निकासी के लिए नाली बेहतर नहीं है जबकि यहां सफाई का भी अभाव मिला। श्मशानघाट समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र निक्कू ने बताया कि प्रशासन द्वारा 25 लाख रुपये श्मशानघाट में समस्याओं को दूर करने के लिए अलाट किए गए हैं। विभिन्न विभाग अपने से संबंधित समस्याओं को दूर करेंगे। पानी निकासी के लिए ड्रेनेज सिस्टम को बेहतर किया जाएगा जबकि संस्कार वाले स्थान एवं शेड को ऊंचा करने, बैठने की व्यवस्था, पीने के पानी की व्यवस्था में सुधार होगा। फिलहाल जब तक सुधार कार्य चल रहे हैं तब तक श्मशानघाट में संस्कार नहीं होगा।
...जरा यहां भी नजर डालो डीसी साहब!
मॉडल टाउन में श्मशानघाट की बदहाली का मामला सामने आने के बाद एक ओर जहां शहरी क्षेत्र में इनकी हालत सुधारी जा रही है, वहीं ग्रामीण अचल में अभी भी हालात खराब हैं। डीसी शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत विभिन्न गांवों के श्मशानघाटों की हालत में सुधार का दावा कर रही हैं, मगर हकीकत इससे कोसों दूर है। ऐसा ही मामला शहजादपुर के निकटवर्ती गांव भारांपुर का है। यहां स्थित श्मशानघाट में शेड तो बना हुआ है लेकिन घाट में भारी मात्रा में कांग्रेस घास उगी हुई है जोकि शरीर पर एलर्जी पैदा करती है। वहीं सफाई के लिहाज से यह घाट ग्राम विकास योजना की हवा निकालता दिखाई दे रहा है। लोगों ने बताया कि श्मशानघाट में जाने का कोई रास्ता तक नहीं है और झाड़ियों के बीच से होकर निकलना पड़ता है। बरसाती सीजन में विषैले जीवों के काटने का भी खतरा बना रहता है।
डीसी बोलीं- अब नहीं होगी दिक्कत
डीसी शरणदीप कौर बराड़ ने कहा कि अब श्मशानघाटों में दिक्कत नहीं आएगी। शहरी क्षेत्र में श्मशानघाटों की जिम्मेदारी निगम कमिश्नर को दी गई है जोकि यहां नजर रखेंगे। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत कार्य किया जाएगा। प्रत्येक गांव में एक श्मशानघाट होगा जिसमें पानी, सड़क, शेड व बैठने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। मॉडल टाउन एवं जैतपुरा स्थित श्मशानघाट में सुधार के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। एस्टीमेट बनाकर यहां पर सुधार कार्य किए जाएंगे।
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अंबाला सिटी। ट्विन सिटी के श्मशानघाटों की जिम्मेदारी अब नगर निगम कमिश्नर के पास होगी। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि श्मशानघाट में क्या-क्या कमी है और इसे कैसे दूर किया जाए। यदि कोई कमी मिली तो निगम इसके लिए जिम्मेदार होगा। इतना ही नहीं मॉडल टाउन श्मशानघाट की हालत सुधारने के लिए जिला प्रशासन द्वारा अब 25 लाख रुपये का बजट जारी किया गया है। श्मशानघाट में छत, पानी निकासी एवं अन्य सुविधाएं इस राशि से उपलब्ध कराई जाएंगी।
सोमवार दोपहर को नगर निगम, जनस्वास्थ्य विभाग एवं अन्य विभागों के अधिकारियों की टीम ने श्मशानघाट का निरीक्षण कर सुधार के लिए चर्चा की। विभागों की टीम मॉडल टाउन ही नहीं अन्य श्मशानघाटों में जाकर भी हालात का जायजा लेगी ताकि शहर के किसी अन्य श्मशानघाट में संस्कार के लिए कोई दिक्कत न आ सके।
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बता दें कि एक तरफ गत दिनों डीसी शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत जिले के श्मशानघाटों की हालत सुधारने का दावा कर रही थीं, वहीं शनिवार को माडल टाउन श्मशानघाट में जलभराव की वजह से अस्थियां उठाने आए परिवार को परेशानी झेलनी पड़ी और बुजुर्ग की अस्थियां गंदे पानी में तैरती मिलीं थीं।
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48 घंटे बाद प्रशासन ने ली सुध
शनिवार सुबह मॉडल टाउन श्मशानघाट में जलभराव की समस्या सामने आई थी। उसी दिन प्रशासन के विभिन्न अधिकारियों के संज्ञान में मामला डाला गया था, मगर घटना के 48 घंटे बीतने के बाद सोमवार को विभिन्न विभागों के अधिकारियों की टीम श्मशानघाट में मुआयना करने के लिए पहुंची। यहां पहुंचे निगम, जनस्वास्थ्य विभाग एवं अन्य विभागों के अधिकारियों की टीम के समक्ष पानी निकासी की समस्या आई, श्मशानघाट से निकासी के लिए नाली बेहतर नहीं है जबकि यहां सफाई का भी अभाव मिला। श्मशानघाट समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र निक्कू ने बताया कि प्रशासन द्वारा 25 लाख रुपये श्मशानघाट में समस्याओं को दूर करने के लिए अलाट किए गए हैं। विभिन्न विभाग अपने से संबंधित समस्याओं को दूर करेंगे। पानी निकासी के लिए ड्रेनेज सिस्टम को बेहतर किया जाएगा जबकि संस्कार वाले स्थान एवं शेड को ऊंचा करने, बैठने की व्यवस्था, पीने के पानी की व्यवस्था में सुधार होगा। फिलहाल जब तक सुधार कार्य चल रहे हैं तब तक श्मशानघाट में संस्कार नहीं होगा।
...जरा यहां भी नजर डालो डीसी साहब!
मॉडल टाउन में श्मशानघाट की बदहाली का मामला सामने आने के बाद एक ओर जहां शहरी क्षेत्र में इनकी हालत सुधारी जा रही है, वहीं ग्रामीण अचल में अभी भी हालात खराब हैं। डीसी शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत विभिन्न गांवों के श्मशानघाटों की हालत में सुधार का दावा कर रही हैं, मगर हकीकत इससे कोसों दूर है। ऐसा ही मामला शहजादपुर के निकटवर्ती गांव भारांपुर का है। यहां स्थित श्मशानघाट में शेड तो बना हुआ है लेकिन घाट में भारी मात्रा में कांग्रेस घास उगी हुई है जोकि शरीर पर एलर्जी पैदा करती है। वहीं सफाई के लिहाज से यह घाट ग्राम विकास योजना की हवा निकालता दिखाई दे रहा है। लोगों ने बताया कि श्मशानघाट में जाने का कोई रास्ता तक नहीं है और झाड़ियों के बीच से होकर निकलना पड़ता है। बरसाती सीजन में विषैले जीवों के काटने का भी खतरा बना रहता है।
डीसी बोलीं- अब नहीं होगी दिक्कत
डीसी शरणदीप कौर बराड़ ने कहा कि अब श्मशानघाटों में दिक्कत नहीं आएगी। शहरी क्षेत्र में श्मशानघाटों की जिम्मेदारी निगम कमिश्नर को दी गई है जोकि यहां नजर रखेंगे। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में शिवधाम नवीनीकरण योजना के तहत कार्य किया जाएगा। प्रत्येक गांव में एक श्मशानघाट होगा जिसमें पानी, सड़क, शेड व बैठने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। मॉडल टाउन एवं जैतपुरा स्थित श्मशानघाट में सुधार के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। एस्टीमेट बनाकर यहां पर सुधार कार्य किए जाएंगे।