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- सीएमओ द्वारा कोर्ट में प्रस्तुत की गई मेडिकल रिपोर्ट के बाद लिया निर्णय

Sat, 17 Mar 2018 12:47 AM IST
Updated Sat, 17 Mar 2018 12:47 AM IST
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- सीएमओ द्वारा कोर्ट में प्रस्तुत की गई मेडिकल रिपोर्ट के बाद लिया निर्णय
कोर्ट से गर्भपात की अनुमति मांगने वाली अविवाहित युवती की अर्जी खारिज
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी।
स्पेशल कोर्ट में अर्जी लगा गर्भपात कराने की अनुमति मांगने वाली 19 वर्षीय अविवाहित युवती की याचिका को स्पेशल कोर्ट ने खारिज कर दिया है। सीएमओ की रिपोर्ट के बाद कोर्ट ने यह निर्णय लिया है। मेडिकल रिपोर्ट में बताया गया है कि भ्रूण 28 हफ्ते का हो चुका है।
जानकारी मुताबिक सात माह की गर्भवती युवती ने वीरवार को अंबाला स्थित स्पेशल कोर्ट से गर्भपात कराने की अनुमति मांगी थी। कोर्ट ने युवती और गर्भ में पल रहे बच्चे की सुरक्षा को देखते हुए अर्जी को खारिज कर दिया है। वहीं युवती ने बच्चा पालने में असमर्थता जताई है। युवती चाहती है कि कोई ऐसा परिवार बच्चा गोद ले ले जिसके पास बच्चा न हो।
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जानकारी मुताबिक युवती चंडीगढ़ के एक रेस्त्रां में नौकरी करती थी। वहीं पर अंबाला के ही एक युवक से उसकी दोस्ती हुई। अब उसने कहीं और शादी कर ली है। युवती का परिवार आर्थिक तौर पर कमजोर है। युवक द्वारा इंकार करने के बाद युवती ने गर्भपात कराने में कानूनी सहायता के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में अर्जी दाखिल दी थी। जहां से कानूनी मदद के लिए उसकी अर्जी को एडवोकेट पुष्कर शर्मा के पास भेजा गया। उन्होंने ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास मानविका यादव की स्पेशल कोर्ट में याचिका दायर की। इस पर कोर्ट ने सीएमओ को अपनी रिपोर्ट शुक्रवार को पेश करने के आदेश दिए थे। कोर्ट ने यह राय मांगी थी कि क्या इन परिस्थितियों में युवती का गर्भपात किया जा सकता है या नहीं। युवती का वीरवार को सिविल अस्पताल में डॉक्टरों के बोर्ड ने मेडिकल किया, इसकी रिपोर्ट सीएमओ ने शुक्रवार को कोर्ट में सौंपी जिसके बाद कोर्ट ने निर्णय दिया।
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12 सप्ताह से अधिक प्रेग्नेंसी होने पर नहीं हो सकता गर्भपात
एडवोकेट पुष्कर शर्मा ने बताया कि मेडिकल टर्मिनेशन प्रेग्नेंसी एक्ट 1971 कहता है कि किसी भी स्पेशल केस में अगर प्रेग्नेंसी 12 सप्ताह या उससे कम की है तो उसे गिराया जा सकता है। अगर गर्भवती इससे ऊपर का गर्भधारण कर चुकी है तो उसे गिराया नहीं जा सकता। युवती जरूरतमंद परिवार से है इसलिए उसने बच्चा पालने में असमर्थता जताई है। युवती चाहती है कि कोई ऐसा परिवार उसका बच्चा गोद ले ले जिसके पास बच्चा न हो।


पुलिस ने की भी जांच
सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार पुलिस ने इस मामले में युवती से संपर्क कर उसके उस दोस्त के बारे में भी जानना चाहा जिसके संपर्क में आकर वो गर्भवती हुई। मगर युवती ने न तो कोई शिकायत पुलिस को दी और न ही किसी तरह की कोई कार्रवाई की मांग की है। युवती ने पुलिस को स्पष्ट किया कि वह उस युवक की पहचान किसी को नहीं बताएगी।
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