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नशे में कुएं में गिरे युवक को बचाने में परिवार के ही चार लोगों की गई जान
Updated Mon, 22 Oct 2018 12:50 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी। निकटवर्ती गांव बकनौर में रविवार शाम गांव के ही पुराने कुएं में गिरने से चार लोगों की जान चली गई। ग्रामीण संजू नशे का आदि था और रविवार शाम करीब पांच बजे भी वह नशे में था तो उस समय वह गांव के कुएं में गिर गया। कुआं काफी अर्से से बंद पड़ा था और इसमें दलदल व गंदगी के कारण जहरीली गैस बन गई थी। गांव के लोगों ने संजू को कुएं में गिरते देख उसके परिवार को सूचना दी। इसी बीच पांच लोग एक के बाद एक कुएं में उतर गए, जिनमें से चार की मौत हो गई। हैरत है कि सबसे पहले गिरा संजू सुरक्षित बच निकला जबकि उसे बचाने उतरे चार की मौत हो गई जबकि एक अन्य की हालत गंभीर है।
शाम को संजू के कुएं में गिरने की सूचना मिलते ही सेना से छुट्टी पर लौटे फौजी मंजीत सिंह को जब यह खबर पता चली तो उसने आव देखा न तांव और संजू को बचाने के लिए कुएं में कूद गया। मंजीत को कुएं में कूदते देख मंजीत का सगा भाई सुरेंद्र भी उसे बचाने के लिए कुएं में कूद गया। इसके बाद एक दूसरे को बचाने के लिए एक ही परिवार के तीन और सदस्य कुएं में कूद पड़े। इस दौरान गांववासी मौके पर इकट्ठे हो गए। सभी को बचाने के लिए गांव वालों ने पहले तो गैस खत्म करने के लिए कुएं में चूना डाला, उसके बाद एक व्यक्ति कुएं के भीतर उतरा और एक-एक कर रस्सी व सरिये की मदद से बेहोश हुए लोगों को बाहर निकाला गया। गांववासियों ने तुरंत उपचार के लिए सभी को नागरिक अस्पताल अंबाला शहर में भर्ती करवाया, लेकिन उपचार के दौरान परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई।
एक फौजी था तो तीन मजदूरी करते थे
सिटी सिविल अस्पताल में मौजूद गांव बकनौर के निवासियों ने बताया कि हादसे के वक्त कुएं में उतरे मृतक मंजीत (25-30) सिंह अंबाला छावनी पैरा मिलिट्री में तैनात था। इसके अलावा सुरेंद्र (25-30), जयमल उर्फ सोनी (18), कमल (20-21) मेहनत मजदूरी करते थे। वहीं हादसे की वजह बना नशे का आदि संजू (25-30) पेशे से कार चालक है और इस हादसे में बचे संजू के अलावा वजीर मेहनत मजदूरी करता है।
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कुएं में जमा दलदल व गैस बनी हादसे का कारण
गांववासियों ने बताया कि गांव में यह कुआं करीब 30 वर्ष से बंद था और इसमें करीब 3-4 फुट पानी था। उन्होंने बताया कि इसमें जमा दलदल की वजह से इसमें गैस बनने से हादसे के दौरान संजू को बचाने गए लोगों की मौत हुई है।
मौके पर पहुंची डीएसपी व एसडीएम
हादसे के दौरान मौके पर मौजूद गांववासियों ने अपने स्तर पर सभी हादसे के शिकार हुए युवकों को बचाने के प्रयास किया। वहीं हादसे की सूचना मिलने पर डीएसपी हैडक्वार्टर सुलतान सिंह, नग्गल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हादसे में बेहोश हुए सभी युवकों को शहर नागरिक अस्पताल में ट्रामा सेंटर में पहुंचाया। वहीं हादसे की सूचना पाकर एसडीएम मीनाक्षी दहिया भी हादसे का शिकार हुए युवकों का हाल जानने शहर ट्रामा सेंटर में पहुंची।
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अंबाला सिटी। निकटवर्ती गांव बकनौर में रविवार शाम गांव के ही पुराने कुएं में गिरने से चार लोगों की जान चली गई। ग्रामीण संजू नशे का आदि था और रविवार शाम करीब पांच बजे भी वह नशे में था तो उस समय वह गांव के कुएं में गिर गया। कुआं काफी अर्से से बंद पड़ा था और इसमें दलदल व गंदगी के कारण जहरीली गैस बन गई थी। गांव के लोगों ने संजू को कुएं में गिरते देख उसके परिवार को सूचना दी। इसी बीच पांच लोग एक के बाद एक कुएं में उतर गए, जिनमें से चार की मौत हो गई। हैरत है कि सबसे पहले गिरा संजू सुरक्षित बच निकला जबकि उसे बचाने उतरे चार की मौत हो गई जबकि एक अन्य की हालत गंभीर है।
शाम को संजू के कुएं में गिरने की सूचना मिलते ही सेना से छुट्टी पर लौटे फौजी मंजीत सिंह को जब यह खबर पता चली तो उसने आव देखा न तांव और संजू को बचाने के लिए कुएं में कूद गया। मंजीत को कुएं में कूदते देख मंजीत का सगा भाई सुरेंद्र भी उसे बचाने के लिए कुएं में कूद गया। इसके बाद एक दूसरे को बचाने के लिए एक ही परिवार के तीन और सदस्य कुएं में कूद पड़े। इस दौरान गांववासी मौके पर इकट्ठे हो गए। सभी को बचाने के लिए गांव वालों ने पहले तो गैस खत्म करने के लिए कुएं में चूना डाला, उसके बाद एक व्यक्ति कुएं के भीतर उतरा और एक-एक कर रस्सी व सरिये की मदद से बेहोश हुए लोगों को बाहर निकाला गया। गांववासियों ने तुरंत उपचार के लिए सभी को नागरिक अस्पताल अंबाला शहर में भर्ती करवाया, लेकिन उपचार के दौरान परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई।
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एक फौजी था तो तीन मजदूरी करते थे
सिटी सिविल अस्पताल में मौजूद गांव बकनौर के निवासियों ने बताया कि हादसे के वक्त कुएं में उतरे मृतक मंजीत (25-30) सिंह अंबाला छावनी पैरा मिलिट्री में तैनात था। इसके अलावा सुरेंद्र (25-30), जयमल उर्फ सोनी (18), कमल (20-21) मेहनत मजदूरी करते थे। वहीं हादसे की वजह बना नशे का आदि संजू (25-30) पेशे से कार चालक है और इस हादसे में बचे संजू के अलावा वजीर मेहनत मजदूरी करता है।
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कुएं में जमा दलदल व गैस बनी हादसे का कारण
गांववासियों ने बताया कि गांव में यह कुआं करीब 30 वर्ष से बंद था और इसमें करीब 3-4 फुट पानी था। उन्होंने बताया कि इसमें जमा दलदल की वजह से इसमें गैस बनने से हादसे के दौरान संजू को बचाने गए लोगों की मौत हुई है।
मौके पर पहुंची डीएसपी व एसडीएम
हादसे के दौरान मौके पर मौजूद गांववासियों ने अपने स्तर पर सभी हादसे के शिकार हुए युवकों को बचाने के प्रयास किया। वहीं हादसे की सूचना मिलने पर डीएसपी हैडक्वार्टर सुलतान सिंह, नग्गल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हादसे में बेहोश हुए सभी युवकों को शहर नागरिक अस्पताल में ट्रामा सेंटर में पहुंचाया। वहीं हादसे की सूचना पाकर एसडीएम मीनाक्षी दहिया भी हादसे का शिकार हुए युवकों का हाल जानने शहर ट्रामा सेंटर में पहुंची।