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कृषि मंत्री व किसानों में बनी सहमति, आज मिल प्रबंधन डालेगा किसानों के खातों में 11 करोड़, रात को धरना समाप्त
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कृषि मंत्री और किसानों में सहमति, आज मिल प्रबंधन डालेगा किसानों के खातों में 11 करोड़, धरना समाप्त
शुगर मिल बनौंदी की ओर से किसानों की पेमेंट बकाया होने का मामला
बुधवार सारी रात धरने पर डटे रहे किसान, चंडीगढ़ में कृषि मंत्री के साथ दो दौर की हुई वार्ता में निकला हल
किसानों ने कहा, 11 जनवरी से रोजाना किसानों के खातों में डाले जाएंगे डेढ़ लाख रुपये
धरने पर आया खर्च भी मिल प्रबंधन से वसूला, भाकियू को दिया पांच लाख रुपये का चेक
अमर उजाला ब्यूरो
नारायणगढ़/शहजादपुर। शुगर मिल बनौंदी और गन्ना किसानों के बीच बकाया पेमेंट को लेकर चल रहा विवाद वीरवार रात हुई बातचीत के बाद सुलझता दिख रहा है। कृषि मंत्री ओपी धनखड़, राज्यमंत्री नायब सैनी, एसडीएम अदिति, केन कमिश्नर, भाकियू प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढ़ूनी की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल के बीच चंडीगढ़ में बातचीत हुई। दो दौर की हुई बातचीत के बाद सहमति बन गई है जिसके बाद भाकियू ने वीरवार रात को धरना समाप्त कर दिया है। उल्लेखनीय है कि बुधवार को किसानों ने मिल गेट के सामने धरना दिया था जो रात को भी जारी रहा।
अपने बकाया भुगतान को लेकर बुधवार से बनौंदी चीनी मिल के समक्ष भाकियू के बैनर तले धरनारत किसानों ने यूं तो बुधवार सायं चीनी मिल का कांटा बंद कर मिल गेट की तालाबंदी कर दी थी और सारी रात धरने पर भी डटे रहे। इस दौरान प्रशासन द्वारा की गई अपील को किसानों ने दरकिनार कर दिया। बुधवार देर सायं भाकियू नेताओं की कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ से मीटिंग तय की गई। इसके बाद वीरवार की दोपहर भाकियू नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी की अध्यक्षता में आठ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल चंडीगढ़ के लिए रवाना हुआ। तीन घंटे तक चली बातचीत पर जब कोई सहमति नहीं बनी तो किसान नेता बैठक से बाहर आ गए और किसानों को रात के लिए धरना जारी रखने को कह दिया। इसी बीच किसानों को दूसरे दौर की बातचीत के लिए बुलवा लिया गया। दूसरे दौर की बातचीत में कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़, राज्यमंत्री नायब सैनी, एसडीएम अदिति, मिल मालिक राहुल आनंद, भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी व कुछ किसान तथा केन कमिश्नर, सरपंच यूनियन नारायणगढ़ प्रधान जसविंद्र सिंह बख्तुआ मौजूद रहे।
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11 जनवरी से प्रतिदिन मिल किसानों को डेढ़ करोड़ रुपये की करेगा पेमेंट
राज्यमंत्री नायब सैनी ने बताया कि बैठक में किसानों की समस्याओं एवं बकाया पेमेंट को लेकर बातचीत की गई और हल निकाला गया। बैठक सफल रही है और किसानों व मिल प्रबंधन के बीच सहमति बन गई है। उन्होंने बताया कि सरकार ने 11 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाए हैं, जोकि शुक्रवार को ही किसानों के खाते में पहुंच जाएंगे। मिल प्रबंधन 10 जनवरी तक बकाया भुगतान कर देगा तथा उसके बाद प्रतिदिन मिल किसानों को डेढ़ करोड़ रुपये की पेमेंट करेगा। उन्होंने कहा कि कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने गत 27 दिसंबर को ही कह दिया था कि शुगर मिल एक सप्ताह में किसानों का बकाया भुगतान कर देगा और उन्होंने भी किसानों को समझाया था कि उनका सारा बकाया भुगतान शुगर मिल से दिलवाया जाएगा। उधर, दो दिन से आंदोलनरत किसानों को समर्थन देने के लिए इनेलो नेता जगमाल सिंह रौलों, तेजपाल शर्मा, राम सिंह कोड़वा सहित बड़ी संख्या में आसपास के जिलों के किसान भी पहुंचे।
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कृषि मंत्री और किसानों में सहमति, आज मिल प्रबंधन डालेगा किसानों के खातों में 11 करोड़, धरना समाप्त
शुगर मिल बनौंदी की ओर से किसानों की पेमेंट बकाया होने का मामला
बुधवार सारी रात धरने पर डटे रहे किसान, चंडीगढ़ में कृषि मंत्री के साथ दो दौर की हुई वार्ता में निकला हल
किसानों ने कहा, 11 जनवरी से रोजाना किसानों के खातों में डाले जाएंगे डेढ़ लाख रुपये
धरने पर आया खर्च भी मिल प्रबंधन से वसूला, भाकियू को दिया पांच लाख रुपये का चेक
अमर उजाला ब्यूरो
नारायणगढ़/शहजादपुर। शुगर मिल बनौंदी और गन्ना किसानों के बीच बकाया पेमेंट को लेकर चल रहा विवाद वीरवार रात हुई बातचीत के बाद सुलझता दिख रहा है। कृषि मंत्री ओपी धनखड़, राज्यमंत्री नायब सैनी, एसडीएम अदिति, केन कमिश्नर, भाकियू प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढ़ूनी की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल के बीच चंडीगढ़ में बातचीत हुई। दो दौर की हुई बातचीत के बाद सहमति बन गई है जिसके बाद भाकियू ने वीरवार रात को धरना समाप्त कर दिया है। उल्लेखनीय है कि बुधवार को किसानों ने मिल गेट के सामने धरना दिया था जो रात को भी जारी रहा।
अपने बकाया भुगतान को लेकर बुधवार से बनौंदी चीनी मिल के समक्ष भाकियू के बैनर तले धरनारत किसानों ने यूं तो बुधवार सायं चीनी मिल का कांटा बंद कर मिल गेट की तालाबंदी कर दी थी और सारी रात धरने पर भी डटे रहे। इस दौरान प्रशासन द्वारा की गई अपील को किसानों ने दरकिनार कर दिया। बुधवार देर सायं भाकियू नेताओं की कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ से मीटिंग तय की गई। इसके बाद वीरवार की दोपहर भाकियू नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी की अध्यक्षता में आठ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल चंडीगढ़ के लिए रवाना हुआ। तीन घंटे तक चली बातचीत पर जब कोई सहमति नहीं बनी तो किसान नेता बैठक से बाहर आ गए और किसानों को रात के लिए धरना जारी रखने को कह दिया। इसी बीच किसानों को दूसरे दौर की बातचीत के लिए बुलवा लिया गया। दूसरे दौर की बातचीत में कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़, राज्यमंत्री नायब सैनी, एसडीएम अदिति, मिल मालिक राहुल आनंद, भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी व कुछ किसान तथा केन कमिश्नर, सरपंच यूनियन नारायणगढ़ प्रधान जसविंद्र सिंह बख्तुआ मौजूद रहे।
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11 जनवरी से प्रतिदिन मिल किसानों को डेढ़ करोड़ रुपये की करेगा पेमेंट
राज्यमंत्री नायब सैनी ने बताया कि बैठक में किसानों की समस्याओं एवं बकाया पेमेंट को लेकर बातचीत की गई और हल निकाला गया। बैठक सफल रही है और किसानों व मिल प्रबंधन के बीच सहमति बन गई है। उन्होंने बताया कि सरकार ने 11 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाए हैं, जोकि शुक्रवार को ही किसानों के खाते में पहुंच जाएंगे। मिल प्रबंधन 10 जनवरी तक बकाया भुगतान कर देगा तथा उसके बाद प्रतिदिन मिल किसानों को डेढ़ करोड़ रुपये की पेमेंट करेगा। उन्होंने कहा कि कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ ने गत 27 दिसंबर को ही कह दिया था कि शुगर मिल एक सप्ताह में किसानों का बकाया भुगतान कर देगा और उन्होंने भी किसानों को समझाया था कि उनका सारा बकाया भुगतान शुगर मिल से दिलवाया जाएगा। उधर, दो दिन से आंदोलनरत किसानों को समर्थन देने के लिए इनेलो नेता जगमाल सिंह रौलों, तेजपाल शर्मा, राम सिंह कोड़वा सहित बड़ी संख्या में आसपास के जिलों के किसान भी पहुंचे।
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