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कोरोना में 'आयुष्मान' ने बचा ली 'मीरा' की जिदंगी, जेवर बेचने के बाद अब घर हटाने की थी तैयारी
Thu, 21 May 2020 07:05 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Thu, 21 May 2020 07:05 PM IST
सार
- मां के इलाज में बेटियां बेच चुकी हैं जेवर
- सीएमओ की पहल पर हॉस्पिटल ने की निशुल्क सर्जरी
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अस्पताल में पति के साथ मीरा।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
कोरोना के कहर के बीच गोरखपुर जिले के बड़हलगंज के रहने वाली मीरा की जिदंगी में आयुष्मान योजना के कारण बच गई। दो सालों में इलाज के नाम पर घर की जमा पूंजी खत्म हो गई।
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बेटियों ने अपने गहने तक बेच दिए। नौबत घर बेचने तक आ गई थी। लेकिन सीएमओ की पहल पर आयुष्मान योजना के तहत बड़हलगंज के दुर्गावती हॉस्पिटल ने महिला का ऑपरेशन निशुल्क कर उनकी जान बचाई है।
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जानकारी के मुताबिक बड़हलगंज में फल का ठेला लगाने वाले मिठाई लाल की पत्नी मीरा देवी (52) का दो वर्ष पूर्व हर्निया का ऑपरेशन हुआ था। आराम न मिलने पर दोबारा ऑपरेशन हुआ। लेकिन इसके बाद परेशानियां और बढ़ गई।
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मिठाई लाल ने बताया कि ऑपरेशन करने वाले चिकित्सक ने कैंसर होने की आशंका व्यक्त की। इस पर कैंसर के इलाज का खर्च सुनकर बेटियों ने अपने और पत्नी के जेवर बेचकर कैंसर की दवा शुरू कराई लेकिन कुछ असर नहीं हुआ। इस बीच छह लाख रुपये से ज्यादा का खर्च हो चुका था।
लॉकडाउन की वजह से बच गया घर
बड़े अस्पताल में इलाज के लिए मकान बेचना तय कर लिय था लेकिन लॉकडाउन के कारण मकान नहीं बिका। इस बीच मेरे परिचित के समझाने पर आयुष्मान भारत योजना में संबद्ध अस्पताल दुर्गावती हॉस्पिटल से संपर्क किया। वहां जांच में पता चला कि कैंसर नहीं है।
डॉ. मनोज यादव ने बताया कि मीरा को पोस्ट ऑपरेटिव फीकल फीस्टूला है। रिएक्शन अनास्टोमोसिस सर्जरी के बाद वह ठीक हो जाएंगी। इसके बाद उन्होंने सीएमओ से अनुमति लेकर मीरा का ऑपरेशन किया। मीरा अब पहले से ठीक है।
आयुष्मान भारत योजना के नोडल अधिकारी डॉ. नीरज कुमार पांडेय ने बताया कि योजना के लाभार्थियों को कोरोना के संक्रमण काल में भी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
वहीं सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने कहा कि निजी अस्पतालों को कोरोना संक्रमण नियंत्रण के प्रोटोकॉल के मानकों का पालन करने पर इमरजेंसी सेवाओं की अनुमति दी जा रही है। आयुष्मान भारत योजना के लाभार्थियों की भी इमरजेंसी सुविधाएं बहाल रखी गई हैं।
डॉ. मनोज यादव ने बताया कि मीरा को पोस्ट ऑपरेटिव फीकल फीस्टूला है। रिएक्शन अनास्टोमोसिस सर्जरी के बाद वह ठीक हो जाएंगी। इसके बाद उन्होंने सीएमओ से अनुमति लेकर मीरा का ऑपरेशन किया। मीरा अब पहले से ठीक है।
आयुष्मान भारत योजना के नोडल अधिकारी डॉ. नीरज कुमार पांडेय ने बताया कि योजना के लाभार्थियों को कोरोना के संक्रमण काल में भी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
वहीं सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने कहा कि निजी अस्पतालों को कोरोना संक्रमण नियंत्रण के प्रोटोकॉल के मानकों का पालन करने पर इमरजेंसी सेवाओं की अनुमति दी जा रही है। आयुष्मान भारत योजना के लाभार्थियों की भी इमरजेंसी सुविधाएं बहाल रखी गई हैं।