{"_id":"60c475508ebc3ee47e62001d","slug":"two-black-fungus-patient-operation-in-brd-medical-college-gorakhpur","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीआरडी मेडिकल कॉलेज: ब्लैक फंगस के दो मरीजों का हुआ आपरेशन, दोनों की तबीयत में पहले से सुधार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीआरडी मेडिकल कॉलेज: ब्लैक फंगस के दो मरीजों का हुआ आपरेशन, दोनों की तबीयत में पहले से सुधार
Sat, 12 Jun 2021 02:20 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sat, 12 Jun 2021 02:20 PM IST
विज्ञापन
ब्लैक फंगस (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीआरडी मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस के दो और मरीजों का आपरेशन किया गया है। इसमें 50 वर्षीय व्यक्ति का शुक्रवार को और 45 वर्षीय व्यक्ति का गुरुवार की देर रात ऑपरेशन हुआ है। दोनों की तबीयत में सुधार है। ऑपरेशन के बाद उन्हें एंटी फंगल दवा दी गई है। वही, ओपीडी में आए तीन मरीजों में ब्लैक फंगस के लक्षण मिले, जिसके आधार पर उन्हें भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया है।
बताया जा रहा है कि दोनों मरीजों में फंगस, नाक, साइनस व आंखों तक फैल चुका था। फंगस के साथ ही सड़े-गले टिश्यू काटकर निकाल दिए गए हैं। ऑपरेशन करने वाली टीम में पोस्ट कोविड वार्ड के नोडल अधिकारी व नेत्र रोग विभाग के अध्यक्ष डॉ. रामकुमार जायसवाल, डॉ. आशुतोष के अलावा नाक, कान, गला रोग विभागाध्यक्ष डॉ आरएन यादव, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. पीएन सिंह, डॉ. विनती जैन व डॉ. वेद प्रकाश उपाध्याय शामिल रहे।
डॉ. रामकुमार जायसवाल ने बताया कि मरीज तेजी से स्वस्थ हो रहे हैं। नए मरीजों की संख्या कम हो गई है। अभी तक सात मरीज ऑपरेशन के बाद डिस्चार्ज कर दिए गए हैं। दो मरीज केवल दवाओं से ठीक हो गए। अन्य मरीजों का इलाज चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि दोनों मरीजों में फंगस, नाक, साइनस व आंखों तक फैल चुका था। फंगस के साथ ही सड़े-गले टिश्यू काटकर निकाल दिए गए हैं। ऑपरेशन करने वाली टीम में पोस्ट कोविड वार्ड के नोडल अधिकारी व नेत्र रोग विभाग के अध्यक्ष डॉ. रामकुमार जायसवाल, डॉ. आशुतोष के अलावा नाक, कान, गला रोग विभागाध्यक्ष डॉ आरएन यादव, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. पीएन सिंह, डॉ. विनती जैन व डॉ. वेद प्रकाश उपाध्याय शामिल रहे।
विज्ञापन
डॉ. रामकुमार जायसवाल ने बताया कि मरीज तेजी से स्वस्थ हो रहे हैं। नए मरीजों की संख्या कम हो गई है। अभी तक सात मरीज ऑपरेशन के बाद डिस्चार्ज कर दिए गए हैं। दो मरीज केवल दवाओं से ठीक हो गए। अन्य मरीजों का इलाज चल रहा है।
विज्ञापन