{"_id":"6647eb0c9f4c5a5e8306ac54","slug":"there-was-a-fight-for-a-seat-in-lohit-express-there-was-chaos-for-about-20-minutes-gorakhpur-news-c-7-hsr1010-561037-2024-05-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: लोहित एक्सप्रेस में सीट के लिए हुई मारपीट, करीब 20 मिनट तक रही अफरा तफरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: लोहित एक्सप्रेस में सीट के लिए हुई मारपीट, करीब 20 मिनट तक रही अफरा तफरी
विज्ञापन
- पूर्वोत्तर भारत घूमने जा रहे लोगों ने बुक की थी 30 सीट, कोच में दूसरों को भी सीट से हटाने को लेकर हुआ विवाद
- एस-8 में हुई घटना, महिलाओं से भी हाथापाई, आरपीएफ का सिपाही पहुंचा
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। करीब 17 घंटे की देरी से शुक्रवार दोपहर दो बजे गोरखपुर स्टेशन पर पहुंची लोहित एक्सप्रेस के स्लीपर कोच एस-8 में सीट को लेकर यात्रियों में मारपीट हो गई। कोच की सभी सीटों पर अपना अधिकार जता रहे इन लोगों ने सीट पर बैठी महिलाओं से भी हाथापाई की। चेन्नई के ये यात्री नेपाल गए थे और वहां से लौटकर अब नई जलपाईगुड़ी जा रहे थे। ट्रेन में सवार कुछ यात्रियों और आरपीएफ के सिपाही ने समझा बुझाकर मामला शांत कराया। इसके चलते करीब 20 मिनट तक कोच में अफरा तफरी मची रही।
दरअसल, चेन्नई से लगभग 30 लोग कुछ दिनों पहले गोरखपुर आए थे। इसमें महिलाएं और पुरुष दाेनों शामिल थे। यहां से वह नेपाल घूमने गए। शुक्रवार को उन्हें लोहित एक्सप्रेस से गोरखपुर से न्यू जलपाईगुड़ी जाना था। इसके लिए उन्होंने एस-8 में 30 सीटों पर रिर्जवेशन कराया था। ट्रेन जैसे ही प्लेटफॉर्म पर आई। यह सभी यात्री कोच में घुस गए। इसके बाद वे सभी यात्रियों को सीट से उठाने लगे। लोगों ने इसका विरोध किया तो इन लोगों ने तमिल में चिल्लाते हुए उनकी पिटाई कर दी। कुछ लोग नीचे गिर गए फिर भी उनको पीटते रहे। गुवाहटी जा रही एक महिला का हाथ भी कट गया। वहीं, कुछ को गंभीर चोटें आ गईं।
-
तामिल में चिल्ला रहे थे, सीट पर बैठे यात्री समझ नहीं पा रहे थे
जम्मूतवी-गुवाहटी (15652) लोहित एक्सप्रेस शुक्रवार को दोपहर 01:58 बजे पर प्लेटफॉर्म संख्या एक पर आई। ट्रेन के पहुंचने के पांच मिनट बाद ही सीट को लेकर हंगामा शुरू हो गया। कोच में बैठे अन्य यात्री दंग रह गए कि ये क्या हो गया? अंदर घुसे सभी लोगों ने तमिल में चिल्लाते हुए पिटाई शुरू कर दी। उनको हिंदी नहीं आ रही थी। इसी वजह से वह अपनी बात समझा नहीं पा रहे थे। दूसरे लोग भी उनके व्यवहार को देखकर डर गए। महिलाएं भी सीट को लेकर उग्र थीं। मारपीट देख कोच में अन्य लोग वीडियाे बनाने लगे। कोच के बाहर भी लोगों की भीड़ लग गई। ट्रेन में जा रहे एक रेलवे कर्मचारी ने बताया कि यदि इनकी सीट पर कोई और बैठा है तो वे उनसे प्यार से बोलकर भी हटा सकते थे। लेकिन इन्होंने आते ही मारपीट शुरू कर दी। जिन लोगों की सीट रिजर्व थी उन्हें भी हटाने लगे। यह पूरा हंगामा करीब 20 मिनट तक चला। शुरुआत में ही एक आरपीएफ सिपाही ने समझाने की कोशिश की लेकिन गुस्साए तमिल यात्री कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे। फिर वह चला गया। बाद में एक दूसरा सिपाही आया और मामले को शांत कराया।
विज्ञापन
विज्ञापन
- एस-8 में हुई घटना, महिलाओं से भी हाथापाई, आरपीएफ का सिपाही पहुंचा
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। करीब 17 घंटे की देरी से शुक्रवार दोपहर दो बजे गोरखपुर स्टेशन पर पहुंची लोहित एक्सप्रेस के स्लीपर कोच एस-8 में सीट को लेकर यात्रियों में मारपीट हो गई। कोच की सभी सीटों पर अपना अधिकार जता रहे इन लोगों ने सीट पर बैठी महिलाओं से भी हाथापाई की। चेन्नई के ये यात्री नेपाल गए थे और वहां से लौटकर अब नई जलपाईगुड़ी जा रहे थे। ट्रेन में सवार कुछ यात्रियों और आरपीएफ के सिपाही ने समझा बुझाकर मामला शांत कराया। इसके चलते करीब 20 मिनट तक कोच में अफरा तफरी मची रही।
दरअसल, चेन्नई से लगभग 30 लोग कुछ दिनों पहले गोरखपुर आए थे। इसमें महिलाएं और पुरुष दाेनों शामिल थे। यहां से वह नेपाल घूमने गए। शुक्रवार को उन्हें लोहित एक्सप्रेस से गोरखपुर से न्यू जलपाईगुड़ी जाना था। इसके लिए उन्होंने एस-8 में 30 सीटों पर रिर्जवेशन कराया था। ट्रेन जैसे ही प्लेटफॉर्म पर आई। यह सभी यात्री कोच में घुस गए। इसके बाद वे सभी यात्रियों को सीट से उठाने लगे। लोगों ने इसका विरोध किया तो इन लोगों ने तमिल में चिल्लाते हुए उनकी पिटाई कर दी। कुछ लोग नीचे गिर गए फिर भी उनको पीटते रहे। गुवाहटी जा रही एक महिला का हाथ भी कट गया। वहीं, कुछ को गंभीर चोटें आ गईं।
विज्ञापन
-
तामिल में चिल्ला रहे थे, सीट पर बैठे यात्री समझ नहीं पा रहे थे
जम्मूतवी-गुवाहटी (15652) लोहित एक्सप्रेस शुक्रवार को दोपहर 01:58 बजे पर प्लेटफॉर्म संख्या एक पर आई। ट्रेन के पहुंचने के पांच मिनट बाद ही सीट को लेकर हंगामा शुरू हो गया। कोच में बैठे अन्य यात्री दंग रह गए कि ये क्या हो गया? अंदर घुसे सभी लोगों ने तमिल में चिल्लाते हुए पिटाई शुरू कर दी। उनको हिंदी नहीं आ रही थी। इसी वजह से वह अपनी बात समझा नहीं पा रहे थे। दूसरे लोग भी उनके व्यवहार को देखकर डर गए। महिलाएं भी सीट को लेकर उग्र थीं। मारपीट देख कोच में अन्य लोग वीडियाे बनाने लगे। कोच के बाहर भी लोगों की भीड़ लग गई। ट्रेन में जा रहे एक रेलवे कर्मचारी ने बताया कि यदि इनकी सीट पर कोई और बैठा है तो वे उनसे प्यार से बोलकर भी हटा सकते थे। लेकिन इन्होंने आते ही मारपीट शुरू कर दी। जिन लोगों की सीट रिजर्व थी उन्हें भी हटाने लगे। यह पूरा हंगामा करीब 20 मिनट तक चला। शुरुआत में ही एक आरपीएफ सिपाही ने समझाने की कोशिश की लेकिन गुस्साए तमिल यात्री कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे। फिर वह चला गया। बाद में एक दूसरा सिपाही आया और मामले को शांत कराया।
विज्ञापन