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Gorakhpur News: दिन का तापमान बढ़ने के साथ चल रही तेज हवाएं, खुद का रखें ख्याल
Thu, 18 Apr 2024 04:03 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Thu, 18 Apr 2024 04:03 AM IST
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फोटो
- तापमान बढ़ने से खानपान और लाइफस्टाइल में बदलाव है जरूरी
- दिन में चटक धूप के साथ तेज गर्म हवाएं चलने से लोग हो रहे परेशान
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। तेजी से बढ़ती गर्मी अपना असर दिखाने लगी है। दोपहर के समय लोगों ने घरों से बाहर निकलना लगभग बंद कर दिया है। बाजार भी सुनसान पड़ने लगे हैं। बढ़ती गर्मी का असर आम आदमी के स्वास्थ्य पर दिख रहा है। अभी आने वाले कई दिनों तक तापमान में बढ़ोतरी होने की संभावना हैं, लिहाजा सभी को अपनी सेहत का विशेष ध्यान रखना जरूरी है।
मौसम विभाग ने बुधवार को दिन का अधिकतम तापमान 38.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जो सामान्य से चार डिग्री सेल्सियस अधिक है। दिन में चटक धूप होने के साथ तेज पछुआ हवा चलने से हुल्लड़ की स्थिति बनी रही। तेज हवा चलने के साथ धूल के कण उड़ने से राहगीर परेशान होते रहे। दोपहर में तापमान बढ़ने से सड़कों पर आवागमन कम हो जा रहा है। लोग जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकल रहे हैं। गर्मी के मौसम में तापमान बढ़ने के साथ ही हीट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ता जा रहा है। ऐसे में बचाव के लिए खानपान और लाइफस्टाइल में थोड़ा बहुत बदलाव जरूरी हो जाता है।
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खानपान को लेकर सावधानी
फिजिसियन डॉ. राजीव जायसवाल ने बताया कि गर्मी का सेहत पर प्रभाव पड़ता है। गर्मी के मौसम में शरीर में गर्मी बढ़ने लगती है। शरीर गर्म होने से व कई बार लू लगने से शरीर बीमार पड़ जाता है, थकावट हो जाती है। इसलिए जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकले और ज्यादा ज्यादा पानी पीएं। ज्यादा गर्म और मसालेदार भोजन खाने से परहेज करें। जंक फूड का उपयोग न करें क्योंकि इसमें ज्यादा तेल होता है। विटामिन सी की भरपूर मात्रा वाले फल जैसे नींबू, नारंगी आदि का अधिक सेवन करें। भरपूर मात्रा में पानी पीने के साथ-साथ इन दिनों नारियल पानी लेना भी बेहतर है। इसमें कई सारे पोषक तत्व होते हैं, जिससे इलेक्ट्रोलाइट्स, जैसे सोडियम, पोटेशियम आदि मिल जाता है।
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धूप में सावधानी से निकलें
काम के चलते कुछ लोगों को धूप में निकलना होता है। ऐसे में उन्हें स्किन रैशेज (घमौरियां) होने की आशंका अधिक रहती है। बता दें, कि ज्यादा पसीने के कारण शरीर पर लाल दाने पड़ने या त्वचा संबंधी अन्य समस्याएं होने लगती हैं। अधिक धूप और तापमान बढ़ने से हीट स्ट्रोक की समस्या देखी जाती है। सिर को धूप से बचाने के लिए हैट या किसी कपड़े या छाते का इस्तेमाल करें। आंखों को बचाने के लिए चश्मा लगाएं। त्वचा को बचाने के लिए सनस्क्रीन जरूर लगाएं।
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ज्यादा देर धूप में रहने से बचे
ज्यादा देर धूप में रहने से हीट स्ट्रोक की समस्या की आशंका रहती है। इसमें कन्फ्यूजन की स्थिति पैदा हो जाती है, रक्तचाप में कमी और थकान की समस्या भी होती है। ऐसे में कई बार इसकी वजह से हृदय की गति पर भी असर पड़ता है।
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हीटवेव से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
- बाहर निकलते समय हीट स्ट्रोक से बचने के लिए शरीर को हाइड्रेट रखें।
- दिन भर में कम से कम दो लीटर पानी का सेवन जरूरी है।
- नारियल पानी, जूस, लस्सी का भरपूर सेवन करें। संतरे, तरबूज, खरबूजा जैसे मौसमी फलों का सेवन जरूरी है।
- त्वचा को धूप से बचाने के लिए पूरी बांह के कपड़े जरूर पहनें।
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जिला अस्पताल में बना आठ बेड का वार्ड
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आशुतोष दुबे ने बताया कि हीट वेव के लिए जिला अस्पताल में आठ बेड का वार्ड बनाया गया है। वहां तीन एसी लगाई जाएगी। दवाएं पर्याप्त मात्रा में वार्ड में ही उपलब्ध रहेंगी। सीएचसी पर भी पांच-पांच बेड रिजर्व किए गए हैं।
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- तापमान बढ़ने से खानपान और लाइफस्टाइल में बदलाव है जरूरी
- दिन में चटक धूप के साथ तेज गर्म हवाएं चलने से लोग हो रहे परेशान
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। तेजी से बढ़ती गर्मी अपना असर दिखाने लगी है। दोपहर के समय लोगों ने घरों से बाहर निकलना लगभग बंद कर दिया है। बाजार भी सुनसान पड़ने लगे हैं। बढ़ती गर्मी का असर आम आदमी के स्वास्थ्य पर दिख रहा है। अभी आने वाले कई दिनों तक तापमान में बढ़ोतरी होने की संभावना हैं, लिहाजा सभी को अपनी सेहत का विशेष ध्यान रखना जरूरी है।
मौसम विभाग ने बुधवार को दिन का अधिकतम तापमान 38.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जो सामान्य से चार डिग्री सेल्सियस अधिक है। दिन में चटक धूप होने के साथ तेज पछुआ हवा चलने से हुल्लड़ की स्थिति बनी रही। तेज हवा चलने के साथ धूल के कण उड़ने से राहगीर परेशान होते रहे। दोपहर में तापमान बढ़ने से सड़कों पर आवागमन कम हो जा रहा है। लोग जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकल रहे हैं। गर्मी के मौसम में तापमान बढ़ने के साथ ही हीट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ता जा रहा है। ऐसे में बचाव के लिए खानपान और लाइफस्टाइल में थोड़ा बहुत बदलाव जरूरी हो जाता है।
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खानपान को लेकर सावधानी
फिजिसियन डॉ. राजीव जायसवाल ने बताया कि गर्मी का सेहत पर प्रभाव पड़ता है। गर्मी के मौसम में शरीर में गर्मी बढ़ने लगती है। शरीर गर्म होने से व कई बार लू लगने से शरीर बीमार पड़ जाता है, थकावट हो जाती है। इसलिए जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकले और ज्यादा ज्यादा पानी पीएं। ज्यादा गर्म और मसालेदार भोजन खाने से परहेज करें। जंक फूड का उपयोग न करें क्योंकि इसमें ज्यादा तेल होता है। विटामिन सी की भरपूर मात्रा वाले फल जैसे नींबू, नारंगी आदि का अधिक सेवन करें। भरपूर मात्रा में पानी पीने के साथ-साथ इन दिनों नारियल पानी लेना भी बेहतर है। इसमें कई सारे पोषक तत्व होते हैं, जिससे इलेक्ट्रोलाइट्स, जैसे सोडियम, पोटेशियम आदि मिल जाता है।
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धूप में सावधानी से निकलें
काम के चलते कुछ लोगों को धूप में निकलना होता है। ऐसे में उन्हें स्किन रैशेज (घमौरियां) होने की आशंका अधिक रहती है। बता दें, कि ज्यादा पसीने के कारण शरीर पर लाल दाने पड़ने या त्वचा संबंधी अन्य समस्याएं होने लगती हैं। अधिक धूप और तापमान बढ़ने से हीट स्ट्रोक की समस्या देखी जाती है। सिर को धूप से बचाने के लिए हैट या किसी कपड़े या छाते का इस्तेमाल करें। आंखों को बचाने के लिए चश्मा लगाएं। त्वचा को बचाने के लिए सनस्क्रीन जरूर लगाएं।
ज्यादा देर धूप में रहने से बचे
ज्यादा देर धूप में रहने से हीट स्ट्रोक की समस्या की आशंका रहती है। इसमें कन्फ्यूजन की स्थिति पैदा हो जाती है, रक्तचाप में कमी और थकान की समस्या भी होती है। ऐसे में कई बार इसकी वजह से हृदय की गति पर भी असर पड़ता है।
हीटवेव से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
- बाहर निकलते समय हीट स्ट्रोक से बचने के लिए शरीर को हाइड्रेट रखें।
- दिन भर में कम से कम दो लीटर पानी का सेवन जरूरी है।
- नारियल पानी, जूस, लस्सी का भरपूर सेवन करें। संतरे, तरबूज, खरबूजा जैसे मौसमी फलों का सेवन जरूरी है।
- त्वचा को धूप से बचाने के लिए पूरी बांह के कपड़े जरूर पहनें।
जिला अस्पताल में बना आठ बेड का वार्ड
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आशुतोष दुबे ने बताया कि हीट वेव के लिए जिला अस्पताल में आठ बेड का वार्ड बनाया गया है। वहां तीन एसी लगाई जाएगी। दवाएं पर्याप्त मात्रा में वार्ड में ही उपलब्ध रहेंगी। सीएचसी पर भी पांच-पांच बेड रिजर्व किए गए हैं।