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सर्दी का सितम: कोहरे के आगोश में शहर, दिनभर छूटती रही कंपकंपी

Thu, 09 Jan 2020 09:12 PM IST
विजय जैन डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर Published by: विजय जैन Updated Thu, 09 Jan 2020 09:12 PM IST
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latest gorakhpur weather update Heavy cold and fog wave
ठंड में सड़कों पर कुछ इस तरह दिखे लोग। - फोटो : अमर उजाला
बुधवार सुबह से लेकर देर रात तक बारिश की वजह से ठंडे हुए मौसम में बृहस्पतिवार को सूरज भी बादलों की ओट में छिपा रहा। नतीजतन लोग पूरा दिन ठंड से ठिठुरते रहे। अधिकतम पारा मात्र 16 डिग्री ही चढ़ सका। शुक्रवार को मौसम के साफ होने की संभावना है। साथ ही 17 जनवरी की शाम से फिर से बूंदाबांदी के आसार है।
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बृहस्पतिवार को एक बार फिर गोरखपुर शहर ठंड की चपेट में रहा। हालांकि सुबह का तापमान सामान्य के आसपास रहा, लेकिन दिन का पारा सामान्य से करीब आठ डिग्री कम रहा। तापमान कम होने और सूरज के गुम रहने की वजह से पूरे दिन ठंड महसूस होती रही। मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडेय ने कहा कि ईरान और अफगानिस्तान से सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ की वजह से न सिर्फ पहाड़ों पर बर्फबारी हो रही है बल्कि मैदानों में शीतलहर चल रही है।
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इस बार काफी ज्यादा पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ है। साथ ही जो भी पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ है वह काफी मजबूती से आगे बढ़ा है। इस वजह इस बार मानसून से लेकर अब तक बारिश हो रही है। 11 जनवरी को एक और पश्चिमी विक्षोभ ईरान और अफगानिस्तान के ऊपर सक्रिय हो रहा है। इसकी वजह से 17 जनवरी की शाम को गोरखपुर और आसपास के इलाकों में बारिश हो सकती है।
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स्कूलों का समय बदलने से बच्चों को मिली राहत


ठंड को देखते हुए डीएम ने 12वीं तक के सभी स्कूलों की टाइमिंग बढ़ाकर 10 बजे कर दी है। इससे बृहस्पतिवार को बच्चों को काफी राहत भी मिली।

बूंदाबांदी से फसलों को मिलेगा फायदा
कैलाश पांडेय ने बताया कि बुधवार से लेकर बृहस्पतिवार के बीच 4.4 मिलीमीटर बारिश हुई। कृषि विशेषज्ञ अजय सिंह ने कहा कि ठंड के मौसम में इस बार दूसरी बारिश हुई है। इस बारिश से रबी की फसल को काफी फायदा होगा। दरअसल रबी की फसल में बुआई के 22 दिन बाद पहली सिंचाई की आवश्यकता पड़ती है। इसके तकरीबन एक महीने बाद दूसरी सिंचाई। दोनों बार इसी समय पर बारिश हुई। यह बारिश बिलकुल ड्रिप एरिगेशन (टपक सिंचाई) के तरह ही हुई है। इससे फसलों को काफी फायदा होता है।
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