{"_id":"6003ba3668941c26ef0ac350","slug":"health-workers-increased-confidence-due-to-corona-vaccination-in-gorakhpur","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"कोरोना टीकाकरण से स्वास्थ्य कर्मियों का बढ़ा आत्मविश्वास, बोले- अब कोविड को हराकर लेंगे दम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना टीकाकरण से स्वास्थ्य कर्मियों का बढ़ा आत्मविश्वास, बोले- अब कोविड को हराकर लेंगे दम
Sun, 17 Jan 2021 09:46 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sun, 17 Jan 2021 09:46 AM IST
विज्ञापन
गोरखपुर में कोरोना वैक्सीनेशन।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में स्वास्थ्यकर्मियों ने खुद को आगे रखते हुए कोरोना की वैक्सीन लगवाकर वायरस के अंत की शुरूआत की है। टीका लगने के बाद स्वास्थ्य कर्मी बेहद खुश नजर आए। उन्होंने कहा कि यह पल गर्व और खुशी का है। इससे लोगों के मन में वैक्सीन के बारे में चल रही झिझक दूर होगी। आत्मविश्वास बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि वैक्सीन पूरी तरह से सुरक्षित है। डरने की जरूरत नहीं है। अब हम लोग बेझिझक लोगों की सेवा कर सकेंगे।
टीकाकरण में महिलाएं आगे
पहले दिन 310 स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगा है। कोरोना टीकाकरण में महिला चिकित्सक व कर्मियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सीएमओ की तरफ से जो आंकड़ा मुहैया कराया गया है, उसके मुताबिक 175 महिलाओं ने टीका लगवाया है। टीका लगवाने वाले पुरुषों की संख्या 135 रही।
अस्पताल महिला पुरुष कुल
बीआरडी मेडिकल कॉलेज 14 39 53
जिला अस्पताल 13 32 45
महिला अस्पताल 08 46 54
सहजनवां सीएचसी 08 46 54
कैंपियरगंज सीएचसी 32 10 42
पिपराइच सीएचसी 62 00 62
विज्ञापन
टीकाकरण में महिलाएं आगे
पहले दिन 310 स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगा है। कोरोना टीकाकरण में महिला चिकित्सक व कर्मियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सीएमओ की तरफ से जो आंकड़ा मुहैया कराया गया है, उसके मुताबिक 175 महिलाओं ने टीका लगवाया है। टीका लगवाने वाले पुरुषों की संख्या 135 रही।
विज्ञापन
अस्पताल महिला पुरुष कुल
बीआरडी मेडिकल कॉलेज 14 39 53
जिला अस्पताल 13 32 45
महिला अस्पताल 08 46 54
सहजनवां सीएचसी 08 46 54
कैंपियरगंज सीएचसी 32 10 42
पिपराइच सीएचसी 62 00 62
पिपराइच में आधी आबादी का टीकाकरण
पिपराइच सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में आधी आबादी का दबदबा रहा। अधीक्षक डॉ. नंदलाल कुशवाहा और डॉ. पी. गोविंद की देखरेख में टीकाकरण की शुरुआत हुई। इस दौरान 100 लोगों में से 62 को टीका लगाया गया। खास बात यह है कि सभी 62 महिलाओं ने टीकाकरण कराया। इस दौरान आंगनबाड़ी वर्कर नर्वदा सिंह, एएनएम कमलथापा और आशा कार्यकर्ता यशोदा ने टीका लगवाया। टीकाकरण टीम में प्रशांत गोविंद राव, शाइन प्रवीन, अर्चना उपाध्याय, शाहील, सत्यभामा पांडेय व सत्यावती सिंह शामिल रहीं।
पहले से तैयार था
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. नीरज पांडेय ने बताया कि टीके के प्रति कोई भय या आशंका कभी नहीं रही। मन में पहले से था कि अगर यह मौका मिला तो पीछे नहीं हटूंगा। संयोगवश यह मौका मिल भी गया। चूंकि मैं चिकित्सक हूं इसलिए पहले से जानता था कि हर टीके का थोड़ा बहुत प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, जिसके लिए तैयार था। हालांकि कोविड के टीके का कोई प्रतिकूल प्रभाव देखने क ो नहीं मिला।
लोगों की झिझक होगी दूर
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के डॉ. राजेंद्र राय ने बताया कि वैक्सीनेशन लगवाने का उद्देश्य ही यह था कि लोगों के मन से झिझक को दूर किया जाए। सौभाग्यशाली हूं कि मुझे पहला टीका लगा। इससे अन्य स्वास्थ्य कर्मी वैक्सीनेशन के लिए आगे आएंगे। दूसरी डोज भी लगनी है। अब कोविड को हराकर हम लोग इतिहास रचेंगे। सभी का वैक्सीनेशन कराना चाहिए।
पहले से तैयार था
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. नीरज पांडेय ने बताया कि टीके के प्रति कोई भय या आशंका कभी नहीं रही। मन में पहले से था कि अगर यह मौका मिला तो पीछे नहीं हटूंगा। संयोगवश यह मौका मिल भी गया। चूंकि मैं चिकित्सक हूं इसलिए पहले से जानता था कि हर टीके का थोड़ा बहुत प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, जिसके लिए तैयार था। हालांकि कोविड के टीके का कोई प्रतिकूल प्रभाव देखने क ो नहीं मिला।
लोगों की झिझक होगी दूर
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के डॉ. राजेंद्र राय ने बताया कि वैक्सीनेशन लगवाने का उद्देश्य ही यह था कि लोगों के मन से झिझक को दूर किया जाए। सौभाग्यशाली हूं कि मुझे पहला टीका लगा। इससे अन्य स्वास्थ्य कर्मी वैक्सीनेशन के लिए आगे आएंगे। दूसरी डोज भी लगनी है। अब कोविड को हराकर हम लोग इतिहास रचेंगे। सभी का वैक्सीनेशन कराना चाहिए।
टीके से डरने की जरूरत नहीं
महिला जिला अस्पताल, एसआईसी डॉ. माला सिन्हा ने बताया कि मुझे हाईबीपी की शिकायत थी। फिर भी मैंने सोच समझकर पहला टीका लगवाया। यह मेरे लिए आनंद का क्षण था। इससे खुशी की बात कुछ और हो नहीं सकती। मैं दूसरी डोज भी लगवाऊंगी। लोगों को संदेश देना चाहती हूं कि टीके से डरने की जरूरत नहीं है। यह टीका कोविड को पूरी तहर से खत्म करने के लिए है।
कोई घबराहट नहीं हुई
सहजनवां प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. शकुंतला राय ने बताया कि टीका लगने के बाद सामान्य महसूस कर रही हूं। कहीं कोई दर्द या घबराहट नहीं है। सूची में मेरा नाम है, यह जानकार मुझे खुशी हुई। रात में पति व बच्चों को बताया था। पहला टीका लगेगा, इसकी जानकारी नहीं थी। बीमारी से पहले डर लग रहा था। अब टीकाकरण के बाद डर समाप्त हो गया। टीका लगवाने के लिए दूसरों को प्रोत्साहित करूंगी।
कोरोना को हराकर कराया टीकाकरण
पिपराइच स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी विक्रम प्रसाद ने बताया कि मई में कोरोना से संक्रमित हुआ। उस वक्त तबीयत ज्यादा खराब हुई थी। इसकी वजह से लोग डर गए थे। शुक्रवार रात सूची में नाम की जानकारी हुई, तो मुझे खुशी हुई। सुबह सबसे पहले टीकाकरण केंद्र पहुंचा। वैक्सीन लगने के बाद काफी अच्छा महसूस कर रहा हूं। लोगों को इसके बारे में भी बताऊंगा।
कोई घबराहट नहीं हुई
सहजनवां प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. शकुंतला राय ने बताया कि टीका लगने के बाद सामान्य महसूस कर रही हूं। कहीं कोई दर्द या घबराहट नहीं है। सूची में मेरा नाम है, यह जानकार मुझे खुशी हुई। रात में पति व बच्चों को बताया था। पहला टीका लगेगा, इसकी जानकारी नहीं थी। बीमारी से पहले डर लग रहा था। अब टीकाकरण के बाद डर समाप्त हो गया। टीका लगवाने के लिए दूसरों को प्रोत्साहित करूंगी।
कोरोना को हराकर कराया टीकाकरण
पिपराइच स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी विक्रम प्रसाद ने बताया कि मई में कोरोना से संक्रमित हुआ। उस वक्त तबीयत ज्यादा खराब हुई थी। इसकी वजह से लोग डर गए थे। शुक्रवार रात सूची में नाम की जानकारी हुई, तो मुझे खुशी हुई। सुबह सबसे पहले टीकाकरण केंद्र पहुंचा। वैक्सीन लगने के बाद काफी अच्छा महसूस कर रहा हूं। लोगों को इसके बारे में भी बताऊंगा।
पहला टीका लगवाने का सपना साकार
कैंपियरगंज स्वास्थ्यकर्मी राजाराम पांडेय ने बताया कि कोरोना के दौरान सुपरवाइजर के रूप में काम कर रहा था। सभी को महामारी से बचने के लिए जागरूक किया। संक्रमितों को अस्पताल पहुंचाया। उम्मीद नहीं थी कि इतनी जल्दी टीका आ जाएगा। जब टीकाकरण की चर्चा हुई तो मैं यही सोचता था कि सबसे पहले टीका लगवाऊंगा। यह सपना पूरा हो गया। अब लोगों को इसके बारे में बताऊंगा।
इन लोगों ने भी लगवाया टीका
जिला अस्पताल में दूसरे नंबर पर रैपिड रिस्पांस टीम (आरआरटी) प्रभारी डॉ. एसएन त्रिपाठी ने टीका लगवाया। अक्तूबर माह में वह कोरोना पॉजिटिव हुए थे। टीके से उन्हें किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं हुई। अगस्त माह में कोविड से जंग जीत चुके जिला अस्पताल के वरिष्ठ परामर्शदाता डॉ. राजेश ने तीसरे नंबर पर टीका लगवाया।
वहीं, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में डॉ. माधवी सरकारी, डॉ. अजहर अली खान, महिला अस्पताल में डॉ. अजय शंकर देव कुलियार और डॉ. नीना त्रिपाठी ने टीका लगवाया। इसके अलावा स्टाफ नर्स रोजलिन मसीह, राधिका पांडेय, सुशी चाको, संगीता पाठक ने भी टीकाकरण कराया। सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने टीकाकरण करवाने वाले सभी अधिकारियों और स्वास्थ्यकर्मियों को बधाई दी। बताया कि डब्ल्यूएचओ, यूनीसेफ, यूएनडीपी, चाई, सीफॉर ने टीकाकरण के दौरान अच्छी भूमिका का निर्वहन किया है।
इन लोगों ने भी लगवाया टीका
जिला अस्पताल में दूसरे नंबर पर रैपिड रिस्पांस टीम (आरआरटी) प्रभारी डॉ. एसएन त्रिपाठी ने टीका लगवाया। अक्तूबर माह में वह कोरोना पॉजिटिव हुए थे। टीके से उन्हें किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं हुई। अगस्त माह में कोविड से जंग जीत चुके जिला अस्पताल के वरिष्ठ परामर्शदाता डॉ. राजेश ने तीसरे नंबर पर टीका लगवाया।
वहीं, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में डॉ. माधवी सरकारी, डॉ. अजहर अली खान, महिला अस्पताल में डॉ. अजय शंकर देव कुलियार और डॉ. नीना त्रिपाठी ने टीका लगवाया। इसके अलावा स्टाफ नर्स रोजलिन मसीह, राधिका पांडेय, सुशी चाको, संगीता पाठक ने भी टीकाकरण कराया। सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने टीकाकरण करवाने वाले सभी अधिकारियों और स्वास्थ्यकर्मियों को बधाई दी। बताया कि डब्ल्यूएचओ, यूनीसेफ, यूएनडीपी, चाई, सीफॉर ने टीकाकरण के दौरान अच्छी भूमिका का निर्वहन किया है।