भूमि के विवाद में अधिवक्ता की गोली मारकर की थी हत्या, दो गिरफ्तार, मुख्य आरोपी अभी भी है फरार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के गगहा इलाके के सुकरौली शिवपुर निवासी अधिवक्ता राजेश्वर पांडेय की हत्या के दो आरोपियों ओमप्रकाश पांडेय व सूर्यप्रकाश पांडेय को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने दोनों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। उधर, मामले के मुख्य आरोपी प्रेम कुमार उर्फ चंकी पांडेय समेत तीन फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की दो टीमें लगी हैं। गांव में एहतियातन पुलिस तैनात है।
जानकारी के अनुसार, अधिवक्ता राजेश्वर पांडेय व उनके पट्टीदार चंकी पांडेय के बीच पुराना विवाद चल रहा था। रविवार सुबह चंकी पांडेय के बाबा घास छील रहे थे। इसको लेकर उनका अधिवक्ता राजेश्वर पांडेय से विवाद हो गया।
आरोप है कि इसी बीच चंकी पांडेय व उनके घर के लोगों ने राजेश्वर को गोली मार दी, जिससे उनकी मौत हो गई थी। इसके बाद अधिवक्ताओं ने जाम लगाकर परिवार की सुरक्षा, मुआवजे व हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग की थी।
डेढ़ डिस्मिल भूमि के विवाद में हत्या
पुलिस ने अधिवक्ता के चौदह वर्षीय बेटे आदित्य पांडेय की तहरीर पर ब्रह्मानंद पांडेय, प्रेम कुमार उर्फ चंकी पांडेय, ओमप्रकाश पांडेय, सूर्य प्रकाश पांडेय, महेश्वर पांडेय समेत पांच आरोपियों पर बलवा, मारपीट और हत्या की धारा में केस दर्ज किया है। इस संबंध में इंस्पेक्टर दिलीप सिंह ने बताया कि दो आरोपी गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके हैं। मुख्य आरोपी चंकी पांडेय समेत तीन की तलाश की जा रही है।
शिवपुर में डेढ़ डिस्मिल भूमि के विवाद में राजेश्वर पांडेय की हत्या हुई है। जानकारी के मुताबिक, राजेश्वर पांडेय व पट्टीदार चंकी पांडेय का मकान आमने-सामने है। डेढ़ डिस्मिल भूमि का विवाद था तो पैमाइश कराई गई। सबका हिस्सा मिल गया। सब कुछ ठीक चल रहा था कि चंकी पांडेय ने घर के सामने की कुछ भूमि अपने हिस्से की बता दी। इससे विवाद गहरा गया। इसी जमीन की खातिर विवाद हुआ और अधिवक्ता राजेश्वर पांडेय को मौत के घाट उतार दिया गया।