किशोरी से दुष्कर्म के बाद पांच दिन तक पीड़ित को थाने जाने से रोका, जानिए कैसे पहुंचा जेल
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उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले में खेत में गई किशोरी से गांव के ही एक दबंग ने दुष्कर्म किया। पीड़ित परिवार पुलिस तक नहीं पहुंच सके इसके लिए दबंग और उसके जान पहचान वालों ने पांच दिन तक दबाव बनाया। बुधवार को मामले की जानकारी होने पर कुछ नेताओं ने एसपी को जानकारी दी। एसपी के आदेश पर बुधवार देर रात केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया और पीड़ित किशोरी को मेडिकल परीक्षण के लिए भिजवाया।
घटना तीन अक्तूबर शाम सात बजे की बताई जा रही है। इटवा थानाक्षेत्र के एक गांव की अनुसूचित जाति की 13 वर्षीय लड़की खेत में गई थी। आरोप है कि इस दौरान गांव के ही एक 45 वर्षीय व्यक्ति ने किशोरी से दुष्कर्म किया। बाद में धमकी दी कि यदि किसी को कुछ बताया तो उसके परिवार वालों को जान से मार देगा। किशोरी ने घर पहुंच कर मां को आपबीती बताई।
दबंग के डर के कारण परिवार वाले थाने जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे थे। यह भी आरोप है कि इस दौरान दबंग और उसके कुछ समर्थक पीड़ित परिवार पर मामले को रफा-दफा करने का दबाव बनाते रहे। यही कारण है कि पांच दिन बीतने के बावजूद पीड़ित परिवार थाने तक नहीं पहुंच सका।
दिनभर सक्रिय रहे अधिकारी
किसी तरह इसकी जानकारी हियुवा के जिला महामंत्री अजय सिंह व प्रदीप कुमार पथरकट को मिली। बुधवार को वह पीड़िता के घर पहुंचे और घटना की जानकारी ली। वहीं से इन दोनों नेताओं ने एसपी को सूचना दी। एसपी मौके पर पहुंचे और उनके निर्देश पर इटवा पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट दुष्कर्म, पाक्सो एक्ट में केस दर्ज किया।
देर रात आरोपी को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया गया। एसपी ने पीड़ित परिवार को सुरक्षा का आश्वासन भी दिया। एसएचओ इटवा वेदप्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि आरोपी हबीब को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। किशोरी की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
किशोरी से दुष्कर्म की घटना की जानकारी होने के बाद गुरुवार को डीएम दीपक मीणा और कप्तान रामअभिलाष त्रिपाठी इटवा थाने पहुंचे। एडीएम सीताराम गुप्ता और एएसपी मायाराम वर्मा पीड़िता के परिवार वालों से मिले। एसपी ने थाना प्रभारी से केस की जांच के बारे में जानकारी ली। डीएम दीपक मीणा ने निष्पक्ष रूप से जांच कर दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। इधर, पीड़िता के घर पहुंचे एडीएम सीताराम गुप्ता ने शासन की ओर से मिलने वाली हर संभव मदद दिलाए जाने का आश्वासन दिया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मायाराम वर्मा ने पीड़ित परिवार को सुरक्षा का आश्वासन दिया।