अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़: यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा में धांधली करने वाले पांच आरोपी गिरफ्तार, कई सरकारी कर्मचारी भी शामिल
गिरफ्तार आरोपियों में लेखपाल, बिजली निगम कर्मी व अकाउंटेंट भी शामिल हैं। आरोपियों ने साक्ष्य मिटाने के लिए कुछ दस्तावेज व सामान जलाए, मोबाइल को भी नष्ट कर दिया।
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एसटीएफ की गोरखपुर इकाई ने उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की दरोगा, कांस्टेबल व समकक्ष पदों की सीधी भर्ती की ऑनलाइन परीक्षा-2021 में धांधली करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में बुधवार की देर शाम लेखपाल, बिजली निगम के कर्मचारी व एजी ऑफिस प्रयागराज में अकाउंटेंट सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
गोरखपुर, हरियाणा, उन्नाव व महराजगंज के आरोपियों को शाहपुर थाने में दाखिल किया गया है। साथ ही जालसाजी, धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने व आईटी एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। आरोप है कि गिरफ्तार आरोपी अभ्यर्थी की जगह सॉल्वर बैठाकर और ऑनलाइन एप की मदद से नकल कराना चाह रहे थे। इन सबके पास से पांच लाख 50 हजार रुपये नकद बरामद किए गए हैं।
जानकारी के मुताबिक, गोरखपुर के अंकित कुमार श्रीवास्तव उर्फ आकाश श्रीवास्तव, संतोष कुमार यादव, महराजगंज के विनय कुमार यादव, उन्नाव के अभिनाश यादव और हरियाणा सोनीपत के नीरज लाकडा को गिरफ्तार किया गया है। एसटीएफ गोरखपुर इकाई के प्रभारी निरीक्षक सत्य प्रकाश सिंह बताया कि पुलिस भर्ती की ऑनलाइन परीक्षा को निष्पक्ष व पारदर्शी तरीके से कराने की जिम्मेदारी मिली है। इसी लिहाज से सूचना जुटाई जा रही थी। तभी पता चला कि एक व्यक्ति ऑनलाइन परीक्षाओं में सेटिंग कराता है।
वह विष्णुपुरम भेडियागढ़ मोहल्ले में कुछ अभ्यर्थियों की सेटिंग कराने के लिए आ रहा है। सूचना पर एसटीएफ की टीम ने छापा मारा और बिजली निगम के कर्मी संतोष कुमार यादव को दबोच लिया। संतोष कुमार यादव से सख्ती से पूछताछ की गई तो वह टूट गया। संतोष ने ही बताया कि विष्णुपुरम भेडियागढ़ के मकान नंबर 812 एफ में पहली मंजिल पर साल्वर गैंग के कुछ सदस्य मौजूद हैं।
तीन आरोपियों की पहले हुई है गिरफ्तारी
इसके बाद टीम मौके पर पहुंच गई और मकान के पहली मंजिल पर पहुंचकर दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया। मकान के अंदर बैठे व्यक्तियों ने करीब एक घंटे तक दरवाजा बंद रखा। जबरन दरवाजा खुलवाया गया तो साक्ष्य मिटाया गया। जरूरी सामान व कागजात जला दिए गए। इसकी राख भी बरामद की गई।
मौके से ही बुधवार की शाम छह बजे चार और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। प्रभारी निरीक्षक ने कहा कि गिरफ्तार संतोष कुमार यादव ने पूछताछ में आकाश उर्फ अंकित श्रीवास्तव का नाम लिया और कहा कि हम दोनों ने मिलकर दो अभ्यर्थियों को एसएससी की परीक्षा में चयन कराने के लिए साढ़े पांच लाख रुपये वसूले थे। यह धनराशि एसटीएफ ने बरामद कर ली है।
एसटीएफ ने बीते मंगलवार को ही ओम ऑनलाइन सेंटर से नित्यानंद गौड, अश्वनी दुबे, रजनीश दीक्षित को गिरफ्तार किया था। आरोप था कि इन सबने मिलकर पुलिस भर्ती की परीक्षा में साल्वर बैठाया था। इन सबके खिलाफ रामगढ़ताल थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है।